{"_id":"66b93fc5cf8bcd76710c17f4","slug":"maximum-39639-cusecs-of-water-released-in-yamuna-panipat-news-c-244-1-pnp1003-122614-2024-08-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panipat News: यमुना में छोड़ा सर्वाधिक 39639 क्यूसिक पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panipat News: यमुना में छोड़ा सर्वाधिक 39639 क्यूसिक पानी
विज्ञापन
सनौली। यमुना नदी में रविवार को इस साल का एक बार में सर्वाधिक 39639 क्यूसिक पानी छोड़ा गया है। एक एक घंटे के अंतराल में कई बार यमुना में ताजे वाले हेड से छोड़ा गया था। इसके चलते रविवार शाम को पानीपत जिले की सनौली सीमा में यमुना के अंदर पानी बढ़ने लगा है।
पहाड़ी क्षेत्र में वर्षा के चलते हथिनीकुंड बैराज से सनौली यमुना नदी में रविवार को अधिकतम 39639 क्यूसिक पानी प्रवाहित किया गया है। इसके बाद यमुना के जलस्तर बढने की संभावनाओं के बीच क्षेत्र में बाढ़ चौकियों को अलर्ट कर दिया गया है। साथ ही जिला प्रशासन व सिंचाई विभाग ने यमुना नदी पर विशेष नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में निरंतर वर्षा हो रही है। इस कारण हथिनीकुंड बैराज पर पानी का दबाव बढ़ रहा है। जहां से पिछले चार दिनों से यमुना नदी में पानी प्रवाहित किया जा रहा है, जिस कारण यमुना नदी के जलस्तर में उतार-चढ़ाव का सिलसिला भी चल रहा है। शनिवार को यमुना नदी में छोडे गए 15549 क्यूसिक पानी के ब्रिज तक पहुंच जाने के बाद रविवार जलस्तर में 23 सेंटीमीटर की वृद्धि दर्ज की गई है, जिसके बाद बहाव 228.96 मीटर पर पहुंच गया है। हथिनीकुंड बैराज से मिली जानकारी के अनुसार, रविवार की प्रात: तीन बजे 31676 क्यूसिक, चार बजे 33568, पांच बजे 30606, छह बजे 24952, सात बजे 22970, आठ बजे 39639, नौ बजे 27122 और दस बजे 28200 क्यूसिक पानी छोड़ा गया है। अभी तक यमुना नदी की स्थिति सामान्य बताई जा रही है लेकिन उपरोक्त पानी के अगले 12 से 24 घंटे के अंतराल में सनौली पानीपत सीमा में यमुना तक पहुंच जाने के बाद जलस्तर में वृद्धि होना तय मानी जा रही है। जिसके चलते शाम को जल स्तर में बढ़ोत्तरी शुरू हो गई हैं। सनौली यमुना पुल पर चेतावनी बिंदु 231 मीटर और खतरे का निशान 231.50 मीटर पर है। उधर, यमुना नदी में पानी छोडे़ जाने के चलते यमुना से लगते खादर क्षेत्र के किसानों की चिंता बढ़ती नजर आ रही है। उधर इस बावत सिंचाई विभाग के एक्सईएन सुरेश सैनी ने कहा कि यमुना की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। अभी स्थिति पूरी तरह सामान्य है।
विज्ञापन
पहाड़ी क्षेत्र में वर्षा के चलते हथिनीकुंड बैराज से सनौली यमुना नदी में रविवार को अधिकतम 39639 क्यूसिक पानी प्रवाहित किया गया है। इसके बाद यमुना के जलस्तर बढने की संभावनाओं के बीच क्षेत्र में बाढ़ चौकियों को अलर्ट कर दिया गया है। साथ ही जिला प्रशासन व सिंचाई विभाग ने यमुना नदी पर विशेष नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में निरंतर वर्षा हो रही है। इस कारण हथिनीकुंड बैराज पर पानी का दबाव बढ़ रहा है। जहां से पिछले चार दिनों से यमुना नदी में पानी प्रवाहित किया जा रहा है, जिस कारण यमुना नदी के जलस्तर में उतार-चढ़ाव का सिलसिला भी चल रहा है। शनिवार को यमुना नदी में छोडे गए 15549 क्यूसिक पानी के ब्रिज तक पहुंच जाने के बाद रविवार जलस्तर में 23 सेंटीमीटर की वृद्धि दर्ज की गई है, जिसके बाद बहाव 228.96 मीटर पर पहुंच गया है। हथिनीकुंड बैराज से मिली जानकारी के अनुसार, रविवार की प्रात: तीन बजे 31676 क्यूसिक, चार बजे 33568, पांच बजे 30606, छह बजे 24952, सात बजे 22970, आठ बजे 39639, नौ बजे 27122 और दस बजे 28200 क्यूसिक पानी छोड़ा गया है। अभी तक यमुना नदी की स्थिति सामान्य बताई जा रही है लेकिन उपरोक्त पानी के अगले 12 से 24 घंटे के अंतराल में सनौली पानीपत सीमा में यमुना तक पहुंच जाने के बाद जलस्तर में वृद्धि होना तय मानी जा रही है। जिसके चलते शाम को जल स्तर में बढ़ोत्तरी शुरू हो गई हैं। सनौली यमुना पुल पर चेतावनी बिंदु 231 मीटर और खतरे का निशान 231.50 मीटर पर है। उधर, यमुना नदी में पानी छोडे़ जाने के चलते यमुना से लगते खादर क्षेत्र के किसानों की चिंता बढ़ती नजर आ रही है। उधर इस बावत सिंचाई विभाग के एक्सईएन सुरेश सैनी ने कहा कि यमुना की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। अभी स्थिति पूरी तरह सामान्य है।
विज्ञापन