{"_id":"61ba4a891b5905738d4ef4de","slug":"katta-lekar-baahar-aaya-logon-ne-pakada-to-bola-ab-chaahe-golee-maar-do-kaam-ho-gaya-panipat-news-knl928830183","type":"story","status":"publish","title_hn":"कट्टा लेकर बाहर आया, लोगों ने पकड़ा तो बोला- अब चाहे गोली मार दो, काम हो गया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कट्टा लेकर बाहर आया, लोगों ने पकड़ा तो बोला- अब चाहे गोली मार दो, काम हो गया
विज्ञापन
पानीपत। परमहंस कुटिया के सामने घेर अराइयां स्थित मकान में बुधवार को चीख पुकार मच गई, जब एक सिरफिरा देव सुनार उर्फ दीपक दोपहर 12 बजे हारट्रोन कंप्यूटर सेंटर संचालक विनोद भराड़ा के घर में घुस गया। जब वह भराड़ा की हत्या कर कमरे से बाहर निकला तो लोगों ने उसे धरदबोचा। उसने पीटने लगे तो वह बोला कि अब चाहे तो उसे गोली मार दो उसका काम हो गया।
पति के कमरे में देव सुनार उर्फ दीपक के जाते वक्त उसके हाथ में कट्टा देखकर विनोद की पत्नी निधि घबरा गईं। चिल्लाते हुए बाहर की तरफ भागी। इसी बीच आरोपी देव विनोद भराड़ा के कमरे में घुस गया और अंदर से कुंडी लगा ली। प्रत्यक्षदर्शी पड़ोसी मिक्की ने बताया कि भाभी निधि की आवाज सुनकर वह मां कंचन के साथ आया। अन्य पड़ोसी भी आ गए। खिड़की से देखा तो विनोद जमीन पर लहूलुहान पड़े थे, जबकि आरोपी कट्टे में तीसरी गोली लोड कर रहा था।
कमरे से बाहर निकलते ही आरोपी ने उन पर कट्टा तान दिया। हालांकि पैर अड़ाकर उन्होंने आरोपी को गिरा दिया और कट्टा छीनकर मां को दे दिया। घर से बाहर लाने पर भीड़ ने उसे पीटा। तब उसने कहा कि उसका काम हो गया है, उसकी रास्ते की अड़चन खत्म हो गई है, अब चाहे गोली मार दो। घायल विनोद भराड़ा को कार से महाराजा अग्रसेन उजाला सिग्नस अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
विज्ञापन
स्कूल गए थे बेटा-बेटी, पति को खून से लथपथ देख बेहोश हुई निधि
परिजनों ने बताया कि विनोद का बेटा सृजन 12वीं का छात्र है और छोटी बेटी सुवीनी है। उनका छोटा भाई प्रमोद भराड़ा जर्मनी में रहता है। वारदात के वक्त केवल पत्नी निधि ही घर पर थीं। दोनों बच्चे स्कूल गए थे। पति विनोद को खून से लथपथ देखते ही निधि बेहोश हो गईं। बेटा परीक्षा छोड़कर घर लौटा।
घर में सात बार आकर समझौते का दबाव बना चुका था आरोपी
मृतक के चाचा वीरेंद्र भराड़ा ने बताया कि जेल से जमानत पर बाहर आने के बाद आरोपी देव बार-बार विनोद को कॉल करता था और समझौते का दबाव बनाता था। कॉल उठाना बंद करने पर सात बार घर आकर समझौते का दबाव बना चुका था। इससे पहले घर आने पर उसने जल्द समझौता न करने पर कुछ करने की चेतावनी दी थी।
कोरोन काल में सेवा के लिए विनोद को उपायुक्त करनाल ने किया था सम्मानित
कोरोना काल के दौरान विनोद ने पानीपत के साथ ही अन्य जिलों में ऑक्सीजन सिलिंडर और कसंट्रेटर उपलब्ध कराए थे। इस काम के लिए करनाल के उपायुक्त निशांत कुमार यादव और सीएमओ ने उन्हें राज्य स्तरीय कार्यक्रम में कोरोना योद्धा अवार्ड से सम्मानित किया था।
दो माह पहले आरोपी पर दर्ज कराई थी रिपोर्ट
चाचा वीरेंद्र भराड़ा ने बताया था कि विनोद परमंहस कुटिया के पास फोन पर बात कर रहा था। इसी बीच आरोपी ने अपनी कार से उसे टक्कर मार दी थी। हादसे में विनोद की दोनों टांगे टूट गईं। आरोपी मौके पर कार छोड़कर फरार हो गया था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 279, 337,338 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की थी।
चार मिनट की रिकॉर्डिंग आई सामने, आरोपी बोला: मैं ट्रक के नीचे आकर मर जाऊंगा, सही रहेगा
चार मिनट की ऑडियो रिकार्डिंग भी सामने आई है। इसमें आरोपी देव सुनार कॉल पर विनोद भराड़ा पर समझौता करने का दबाव बना रहा है। वह कह रहा कि अगर मैं ट्रक के नीचे आकर मर जाऊं, फिर सही रहेगा क्या।
दो डॉक्टरों के बोर्ड ने किया पोस्टमार्टम, गोलियां निकालीं
शव का एक्स-रे कराया गया और दो डॉक्टरों के बोर्ड से पोस्टमार्टम किया। बोर्ड में डॉक्टर नारायण डबास और डॉ. पवन शमिल थे। प्राथमिक रिपोर्ट के अनुसार एक गोली सिर में दाएं तरफ के कान के नीचे और दूसरी कमर के बीचों बीच फंसी है। दोनों गोलियों को निकाला गया।
पुलिस ने चाचा की शिकायत पर हत्यारे के खिलाफ आईपीसी की धारा 302,449,25-54-59 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है, आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है, जिससे पूछताछ की जा रही है, वीरवार को आरोपी को न्यायालय में पेश किया जाएगा। - वीरेंद्र सिंह,डीएसपी, शहर
विज्ञापन
पति के कमरे में देव सुनार उर्फ दीपक के जाते वक्त उसके हाथ में कट्टा देखकर विनोद की पत्नी निधि घबरा गईं। चिल्लाते हुए बाहर की तरफ भागी। इसी बीच आरोपी देव विनोद भराड़ा के कमरे में घुस गया और अंदर से कुंडी लगा ली। प्रत्यक्षदर्शी पड़ोसी मिक्की ने बताया कि भाभी निधि की आवाज सुनकर वह मां कंचन के साथ आया। अन्य पड़ोसी भी आ गए। खिड़की से देखा तो विनोद जमीन पर लहूलुहान पड़े थे, जबकि आरोपी कट्टे में तीसरी गोली लोड कर रहा था।
विज्ञापन
कमरे से बाहर निकलते ही आरोपी ने उन पर कट्टा तान दिया। हालांकि पैर अड़ाकर उन्होंने आरोपी को गिरा दिया और कट्टा छीनकर मां को दे दिया। घर से बाहर लाने पर भीड़ ने उसे पीटा। तब उसने कहा कि उसका काम हो गया है, उसकी रास्ते की अड़चन खत्म हो गई है, अब चाहे गोली मार दो। घायल विनोद भराड़ा को कार से महाराजा अग्रसेन उजाला सिग्नस अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
विज्ञापन
स्कूल गए थे बेटा-बेटी, पति को खून से लथपथ देख बेहोश हुई निधि
परिजनों ने बताया कि विनोद का बेटा सृजन 12वीं का छात्र है और छोटी बेटी सुवीनी है। उनका छोटा भाई प्रमोद भराड़ा जर्मनी में रहता है। वारदात के वक्त केवल पत्नी निधि ही घर पर थीं। दोनों बच्चे स्कूल गए थे। पति विनोद को खून से लथपथ देखते ही निधि बेहोश हो गईं। बेटा परीक्षा छोड़कर घर लौटा।
घर में सात बार आकर समझौते का दबाव बना चुका था आरोपी
मृतक के चाचा वीरेंद्र भराड़ा ने बताया कि जेल से जमानत पर बाहर आने के बाद आरोपी देव बार-बार विनोद को कॉल करता था और समझौते का दबाव बनाता था। कॉल उठाना बंद करने पर सात बार घर आकर समझौते का दबाव बना चुका था। इससे पहले घर आने पर उसने जल्द समझौता न करने पर कुछ करने की चेतावनी दी थी।
कोरोन काल में सेवा के लिए विनोद को उपायुक्त करनाल ने किया था सम्मानित
कोरोना काल के दौरान विनोद ने पानीपत के साथ ही अन्य जिलों में ऑक्सीजन सिलिंडर और कसंट्रेटर उपलब्ध कराए थे। इस काम के लिए करनाल के उपायुक्त निशांत कुमार यादव और सीएमओ ने उन्हें राज्य स्तरीय कार्यक्रम में कोरोना योद्धा अवार्ड से सम्मानित किया था।
दो माह पहले आरोपी पर दर्ज कराई थी रिपोर्ट
चाचा वीरेंद्र भराड़ा ने बताया था कि विनोद परमंहस कुटिया के पास फोन पर बात कर रहा था। इसी बीच आरोपी ने अपनी कार से उसे टक्कर मार दी थी। हादसे में विनोद की दोनों टांगे टूट गईं। आरोपी मौके पर कार छोड़कर फरार हो गया था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 279, 337,338 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की थी।
चार मिनट की रिकॉर्डिंग आई सामने, आरोपी बोला: मैं ट्रक के नीचे आकर मर जाऊंगा, सही रहेगा
चार मिनट की ऑडियो रिकार्डिंग भी सामने आई है। इसमें आरोपी देव सुनार कॉल पर विनोद भराड़ा पर समझौता करने का दबाव बना रहा है। वह कह रहा कि अगर मैं ट्रक के नीचे आकर मर जाऊं, फिर सही रहेगा क्या।
दो डॉक्टरों के बोर्ड ने किया पोस्टमार्टम, गोलियां निकालीं
शव का एक्स-रे कराया गया और दो डॉक्टरों के बोर्ड से पोस्टमार्टम किया। बोर्ड में डॉक्टर नारायण डबास और डॉ. पवन शमिल थे। प्राथमिक रिपोर्ट के अनुसार एक गोली सिर में दाएं तरफ के कान के नीचे और दूसरी कमर के बीचों बीच फंसी है। दोनों गोलियों को निकाला गया।
पुलिस ने चाचा की शिकायत पर हत्यारे के खिलाफ आईपीसी की धारा 302,449,25-54-59 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है, आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है, जिससे पूछताछ की जा रही है, वीरवार को आरोपी को न्यायालय में पेश किया जाएगा। - वीरेंद्र सिंह,डीएसपी, शहर