फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Panipat News ›   Development, Panipat

बाहरी कॉलोनियों को लेकर विधेयक पास, 79 कॉलोनियों के डेढ़ लाख लोगों को मिलेंगी मूलभूत सुविधा

Fri, 01 Apr 2016 12:08 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला पानीपत।
ब्यूरो/अमर उजाला पानीपत। Updated Fri, 01 Apr 2016 12:08 AM IST
विज्ञापन
Development, Panipat
पानीपत - फोटो : अमर उजाला
लंबे समय से सुविधाओं की बाट जौंह रहे बाहरी कॉलोनी के लोगों को जन सुविधा मिल सकेंगी। प्रदेश सरकार बाहरी कॉलोनियों में मूलभूत सुविधा जुटाने को लेकर विधेयक लेकर आया है और विस सत्र में विधेयक को मुहर भी लग गई है। विधेयक के पास होते ही जिले की 79 बाहरी कॉलोनियों में विकास का रास्ता खुल गया। ग्रामीण विधायक महिपाल ढांडा ने इसको लेकर मुख्यमंत्री मनोहर लाल व शहरी निकाय मंत्री कविता जैन का आभार व्यक्त किया है।
विज्ञापन


विदित है कि शहर में बाहरी कॉलोनियों में विकास की लंबे समय से मांग उठ रही है। कई मंचों से लोग कॉलोनीवासियों के समर्थन में आ चुके हैं। ग्रामीण विधायक महिपाल ढांडा ने भी विधानसभा चुनाव में अपने चुनावी एजेंडे में शामिल किया था। कॉलोनीवासियों ने प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद कॉलोनियों को वैध करने की मांग उठानी शुरू कर दी। लोगों की इसी आवाज को ग्रामीण विधायक ने सरकार के सामने रखा। प्रदेश सरकार द्वारा विधानसभा सत्र के आखिरी दिन वीरवार को पानीपत समेत प्रदेश की बाहरी कॉलोनियों में मूलभूत सुविधा जुटाने की बात रखी और सरकार इसको लेकर विधेयक लेकर आई। जिसके बाद बाहरी कॉलोनियों में विकास का रास्ता खुल गया।
विज्ञापन


विधेयक में यह मिला
प्रदेश सरकार ने विधानसभा में एचएलए-2016 नाम से विधेयक रखा है। जिसकी संख्या 17 है। इसके तहत बाहरी कॉलोनी के लोगों को जीने के लिए मूलभूत सुविधाओं का अधिकार है। ऐसे में सरकार इसको लेकर एक्ट लेकर आई और सदन में रखा। एक्ट के अनुसार बाहरी कॉलोनियों में लोगों को बिजली, पानी, गंदे पानी की निकासी समेत हर मूलभूत सुविधा दी जाएं। इस विधेयक के आने के बाद बाहरी कॉलोनियों में रहने वाली शहर की आधी आबादी को फायदा मिलेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


अभी रजिस्ट्री को करना होगा इंतजार
पानीपत ग्रामीण विधायक महिपाल ढांडा ने कहा कि तकनीकी कारणों के चलते बाहरी कॉलोनियों में फिलहाल रजिस्ट्री नहीं हो सकेंगी। इसको लेकर कुछ इंतजार करना पड़ेगा। प्रदेश सरकार द्वारा सभी नगर निगम, नगर पालिका व नगर परिषद से कॉलोनियों की सर्वे रिपोर्ट व नक्शे मांगे गए हैं। अब तक कुछ ही प्रकोष्ठों द्वारा रिपोर्ट दी गई है। सभी रिपोर्ट व नक्शे आने के बाद फिर से विधेयक लाया जाएगा। इसके बाद बाहरी कॉलोनियों को वैध कर दिया जाएगा और फिर रजिस्ट्री हो सकेंगी।

बाहरी कॉलोनियों में लंबे समय से विकास रुका हुआ था। प्रदेश सरकार हर वर्ग व व्यक्ति को साथ लेकर चल रही है। बाहरी कॉलोनियों में जन सुविधाओं को लेकर विधेयक लाना सराहनीय काम है। मुख्यमंत्री व ग्रामीण विधायक इसको लेकर बधाई के पात्र हैं।
दुष्यंत भट्ट, पार्षद वार्ड-24
कोट्स फोटो
बाहरी कॉलोनियों में काम करने में कॉलोनी का वैध होना जरूरी था। उनके वार्ड की कई कॉलोनियों में विकास नहीं हो पाया था। सरकार द्वारा विधेयक लाने के बाद कॉलोनियों में विकास कराया जा सकेगा।
संजीव दहिया, पार्षद वार्ड-18

वार्ड में गली व नाली से लेकर पीने के पानी की भी समस्या थी। वे कई बार अधिकारियों के सामने समस्याओं को रख चुकी थी, लेकिन कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिल पाता था। विधेयक आने के बाद वार्ड के लोगों को मूलभूत सुविधा मिल सकेंगी।
कमलेश मजोका, पार्षद वार्ड-दो

वार्ड में समस्याओं का अंबार लगा हुआ है। उनकी समस्याओं का समाधान निगम में नहीं हो पाता था। किसी भी सुविधा के मांगने पर अवैध कॉलोनी होने की बात कह दी जाती थी। वे अधिकारियों के चक्कर लगाकर थक चुके थे। विधेयक आने के बाद अब विकास कार्य हो सकेंगे।

जयकुंवार, पार्षद वार्ड-पांच

वर्जन
विधानसभा में बाहरी कॉलोनियों में मूलभूत सुविधा लाने को लेकर विधेयक पास किया गया है। प्रदेश सरकार का यह कदम बहुत ही सराहनीय है। वे पहले दिन से ही मुख्यमंत्री के सामने बाहरी कॉलोनियों को वैध करने की मांग रख रहे थे। उनके बार-बार मांग रखने के बाद कॉलोनियों में मूलभूत सुविधा लाने को विधेयक लाया गया। उन्होंने मुख्यमंत्री मनोहर लाल व निकाय मंत्री कविता जैन का सदन में आभार व्यक्त किया। अब कॉलोनियों में हर संभव विकास होगा।
महिपाल ढांडा, विधायक, पानीपत ग्रामीण।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed