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चेताने के बावजूद काट ली फसल
अमर उजाला, पानीपत
Updated Mon, 04 Nov 2013 11:39 PM IST
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थर्मल में आसन कलां की 850 एकड़ में से 40 एकड़ जमीन से धान की फसल किसान काट ले गए। किसान कंबाइन से फसल काटते रहे और प्रशासन और पंचायत विभाग दिवाली की छुट्टियों में सोता रहा।
गांव की कमेटी ने इस मामले में प्रशासनिक अधिकारियों पर अनदेखी का आरोप लगाया। वहीं प्रशासनिक अधिकारी कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं। आसन कलां के किसान दिवाली की छुट्टियों में फायदा उठा गए। इन दो दिनों में गांव के किसान 850 एकड़ जमीन पर खड़ी धान की फसल में से 40 एकड़ से फसल काट ले गए।
बताया जा रहा है कि इन दिनों में किसान कंबाइन लेकर खेतों में पहुंचे और कुछ ही देर में 40 एकड़ खेत में खड़ी धान की फसल काट ले गए। किसानों ने असल दिवाली फसल काटकर घर ले जाने के बाद मनाई। उनको दिवाली मनाने से ज्यादा फसल काटने की चिंता सता रही थी।
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आश्वासन के बावजूद नहीं पहुंचे अधिकारी
गांव की कमेटी के सदस्य सज्जन और रामकिशन ने बताया कि उन्होंने प्रशासनिक और पंचायत अधिकारियों को कई बार फोन कर फसल काटने की सूचना दी। अधिकारियों ने वहां पर तुरंत आने का आश्वासन दिया। लेकिन किसी ने उनकी कोई नहीं सुनी। उन्होंने इस दौरान कई बार अधिकारियों को मोबाइल मिलाया, लेकिन किसी ने एक बार फोन उठाने के बाद दोबारा फोन नहीं उठाया। उन्हाेंने अधिकारियों पर उक्त किसानों से मिलीभगत का आरोप लगाया।
ये है मामला
आसन कलां गांव की 850 एकड़ जमीन पर ग्रामीणों का कब्जा है। गत दिनों ग्रामीणों ने पंचायत को बोली देने से मना कर दिया था और अपने स्तर पर धान की रोपाई कर दी थी। गत दिनों प्रशासन ने 850 एकड़ जमीन से खुद फसल काटने का फैसला लिया और यहां पर पहरा लगवा दिया। प्रशासन का कहना है कि किसान धान की फसल काटना चाहते हैं तो वे पहले पंचायत को इसकी बोली दें। गत दिनों किसान फसल काटने को लेकर हाईकोर्ट भी गए थे, लेकिन उनको यहां पर भी कोई राहत नहीं मिल सकी।
वर्जन
पंचायत की फसल काटने संबंधित शिकायत आई है। वे बीडीपीओ को साथ लेकर मौके पर गए थे। वे मामले की जांच कर रहे हैं।
राममेहर, प्रभारी, चौकी पुलिस थर्मल
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गांव की कमेटी ने इस मामले में प्रशासनिक अधिकारियों पर अनदेखी का आरोप लगाया। वहीं प्रशासनिक अधिकारी कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं। आसन कलां के किसान दिवाली की छुट्टियों में फायदा उठा गए। इन दो दिनों में गांव के किसान 850 एकड़ जमीन पर खड़ी धान की फसल में से 40 एकड़ से फसल काट ले गए।
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बताया जा रहा है कि इन दिनों में किसान कंबाइन लेकर खेतों में पहुंचे और कुछ ही देर में 40 एकड़ खेत में खड़ी धान की फसल काट ले गए। किसानों ने असल दिवाली फसल काटकर घर ले जाने के बाद मनाई। उनको दिवाली मनाने से ज्यादा फसल काटने की चिंता सता रही थी।
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आश्वासन के बावजूद नहीं पहुंचे अधिकारी
गांव की कमेटी के सदस्य सज्जन और रामकिशन ने बताया कि उन्होंने प्रशासनिक और पंचायत अधिकारियों को कई बार फोन कर फसल काटने की सूचना दी। अधिकारियों ने वहां पर तुरंत आने का आश्वासन दिया। लेकिन किसी ने उनकी कोई नहीं सुनी। उन्होंने इस दौरान कई बार अधिकारियों को मोबाइल मिलाया, लेकिन किसी ने एक बार फोन उठाने के बाद दोबारा फोन नहीं उठाया। उन्हाेंने अधिकारियों पर उक्त किसानों से मिलीभगत का आरोप लगाया।
ये है मामला
आसन कलां गांव की 850 एकड़ जमीन पर ग्रामीणों का कब्जा है। गत दिनों ग्रामीणों ने पंचायत को बोली देने से मना कर दिया था और अपने स्तर पर धान की रोपाई कर दी थी। गत दिनों प्रशासन ने 850 एकड़ जमीन से खुद फसल काटने का फैसला लिया और यहां पर पहरा लगवा दिया। प्रशासन का कहना है कि किसान धान की फसल काटना चाहते हैं तो वे पहले पंचायत को इसकी बोली दें। गत दिनों किसान फसल काटने को लेकर हाईकोर्ट भी गए थे, लेकिन उनको यहां पर भी कोई राहत नहीं मिल सकी।
वर्जन
पंचायत की फसल काटने संबंधित शिकायत आई है। वे बीडीपीओ को साथ लेकर मौके पर गए थे। वे मामले की जांच कर रहे हैं।
राममेहर, प्रभारी, चौकी पुलिस थर्मल