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बच्चे डूबे वहां तालाब की चहारदीवारी का प्रस्ताव, लोग बोले-स्कूल बनाओ

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 14 Sep 2021 01:56 AM IST
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Children drowned there proposed the boundary wall of the pond, people said - build a school
पानीपत। नगर निगम ने शहरी और ग्रामीण विधानसभा में 10 तालाबों को दुरुस्त करने और उनमें सुरक्षा सुनिश्चित कराने के लिए सर्वे किया गया है। इसके तहत ग्रामीण विधानसभा के पांच तालाबों की चहारदीवारी के लिए डीपीआर मुख्यालय भेजी गई है, जबकि शहरी विस के एक तालाब की चहारदीवारी के लिए टेंडर जारी किए गए हैं, जहां हाल ही में डूबने से दो बच्चों की मौत हो गई थी। वहीं क्षेत्रवासियों ने विधायक से यहां स्कूल बनवाने की मांग उठाई है।
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निगम के सर्वे में करीब दस तालाब ऐसे मिले जो गंदे पानी से भरे थे। इनमें से निगम ने पांच तालाबों के लिए डीपीआर यानी डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट मुख्यालय मंजूरी के लिए भेजा है। वहीं, वार्ड नंबर-11 की सैनी कॉलोनी के जिस तालाब में दो बच्चे डूबे थे, उसकी चहारदीवारी के लिए निगम ने टेंडर भी लगा दिया है। सोमवार को शहरी विधायक ने यहां का दौरा भी किया।
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इस दौरान वार्ड नंबर-11 की सैनी कॉलोनी के लोगों ने विधायक से अपील की है कि इस जमीन पर स्कूल बनाया जाए। इसमें अड़चन ये आ रही है कि ये जमीन स्कीम नंबर 63 की है, जिसका इंप्रूवमेंट ट्रस्ट द्वारा अधिग्रहण किया गया था। विधायक ने लोगों को आश्वासन दिया है कि इसके लिए वे मुख्यमंत्री से बात करेंगे। अगर हो सका तो उसकी जमीन का नेचर भी बदलवाया जाएगा, जिससे यहां स्कूल का निर्माण हो सके।
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इस दौरान शहरी विधायक प्रमोद विज ने तालाब में डूबने से मृत दोनों बच्चों के परिजनों को निजी कोष से 2-2 लाख रुपये भी दिए। इसके साथ खाली प्लाट में बने इस तालाब में मिट्टी डलवाने का भी आश्वासन दिया है। इसी दौरान वार्ड नंबर 11 की पार्षद कोमल सैनी ने भी दोनों बच्चों के परिजनों को 21-21 हजार रुपये देने की घोषणा की। बता दें कि नगर निगम की ग्रामीण विधानसभा में अब तक ऐसे करीब 5 तालाब मिले हैं और शहरी विधानसभा में भी ऐसे करीब 5 तालाब मिले हैं। अधिकारियों का कहना है कि अगर और भी कोई गंदे पानी का तालाब होगा तो उसका भी सर्वे किया जाएगा।
टेंडर तो हो गया था, तकनीकी अड़चन से रुका काम
वार्ड नंबर-11 के पार्षद पति दिनेश सैनी ने बताया कि यह जमीन करीब तीन एकड़ की है। इसका कई साल पहले नगर सुधार मंडल द्वारा अधिग्रहण किया गया था। ये जमीन स्कीम नंबर 63 के अंतर्गत आती है। अब यहां गंदे पानी का तालाब बन चुका है। जिसे भरने का टेंडर भी निगम ने किया था लेकिन कुछ लोगों द्वारा काम में अड़चन डाली जा रही है। आज शहरी विधायक ने यहां का दौरा कर लोगों की अपील पर इसमें मिट्टी भरवाने का आश्वासन दिया है। वहीं, लोगों ने डिमांड रखी है कि इस जमीन पर स्कूल का निर्माण करवाया जाए। जिस पर विधायक ने आश्वासन दिया है कि वे इसके लिए सीएम से बात करेंगे।

ग्रामीण विधानसभा के अंतर्गत ऐसे गंदे पानी के करीब 5 तालाब हैं। इनकी चहारदीवारी के लिए डीपीआर मुख्यालय भेजी गई है। इसकी मंजूूरी के बाद टेंडर लगा दिया जाएगा।
- प्रदीप कल्याण, एक्सईएन, नगर निगम, पानीपत।
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