फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Panipat News ›   भारी जनसमूह के आगे बौनी पड़ी व्यवस्था

भारी जनसमूह के आगे बौनी पड़ी व्यवस्था

Mon, 04 Jun 2018 12:06 AM IST
Updated Mon, 04 Jun 2018 12:06 AM IST
विज्ञापन
भारी जनसमूह के आगे बौनी पड़ी व्यवस्था
भारी जनसमूह के आगे बौनी पड़ी व्यवस्था
विज्ञापन

पूर्व सीएम हुड्डा की समालखा अनाजमंडी में आयोजित जनक्रांति में उमड़ा विशाल जनसैलाब
रविन्द्र नैन
पानीपत। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा की जनक्रांति रैली को लेकर रथयात्रा का दूसरा चरण समालखा से शुरू हुआ। रथयात्रा एवं जनक्रांति रैली को लेकर समालखा से पूर्व विधायक धर्म सिंह छौक्कर व कार्यकर्ताओं द्वारा पूरी व्यवस्था की गई थी। समालखा की अनाज मंडी में विशाल पंडाल लगाया गया था। इसमें लगभग 35 हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई थी। इतना ही नहीं, भीषण गर्मी को देखते हुए पंडाल के चारों ओर मीठे पानी की छबीले लगाई गई थीं। वहीं पंडाल के अंदर वाटर कूलरों की व्यवस्था की गई थी। लेकिन पूर्व सीएम की रथयात्रा व जनक्रांति रैली में इतना ज्यादा जनसैलाब उमड़ेगा, यह शायद आयोजकों को भी अंदेशा नहीं था।
पूर्व सीएम के आने से पहले ही पंडाल खचाखच भर चुका था। भूपेंद्र हुड्डा के आने से पहले जब सांसद दीपेंद्र हुड्डा पंडाल में पहुंचे तो सांसद के साथ पहुंचे युवा कार्यकर्ताओं के कारण पंडाल में पैर तक रखने की जगह नहीं बच रही थी। सैकड़ों समर्थक तो सांसद दीपेंद्र के साथ मंच पर जा चढे़ जिससे मंच भी युवाओं की भीड़ के कारण पूरी तरह से भर गया। मंच पर बैठने तक की जगह नहीं बची हुई थी। इससे कुछ समय के लिए अव्यवस्था फैल गई। मंच पर चढ़ने के लिए युवाओं में धक्का मुक्की भी हुई। मंच के पास भीड़ को रोकने के लिए लाठियों का भी सहारा लेना पड़ा लेकिन युवाओं में उत्साह ही इतना अधिक था कि वे लाठियों की दीवार फांदकर मंच पर व मंच के पास पहुंचने का प्रयास करते रहे। मंच पर युवाओं की भीड़ देख वरिष्ठ कांग्रेस नेता रघुवीर कादियान ने तंज कसते हुए यहां तक कहा कि ऐसा लग रहा है मानों नेता मंच से नीचे बैठे हैं और मंच पर समर्थकों की भीड़ है। इसलिए इस रैली जनक्रांति रैली न कहकर बड़ी व खड़ी रैली घोषित करना पड़ेगा। भीड़ ज्यादा होने और बैठने की व्यवस्था कम होने पर सांसद दीपेंद्र हुड्डा सहित पूर्व विधायक धर्मसिंह छौक्कर ने भी माना कि अव्यवस्था हुई है। आयोजकों का कहना था कि व्यवस्था बहुत बढिय़ा की गई थी लेकिन कांग्रेस समर्थक ही जनक्रांति रैली में उम्मीद से कहीं ज्यादा आए जिससे उनके द्वारा की गई व्यवस्था भी कम पड़ गई।
विज्ञापन


लौटते वक्त धूप से बचने के लिए लिया बैनरों का सहारा
जनक्रांति रैली के दौरान जब तक लोग पंडाल में रहे तब तक वाटर कूलरों की ठंडी हवाओं के बीच सुकून से बैठे रहे। रैली समाप्त होने पर जैसे ही लोग पंडाल से निकले, भीषण गर्मी और आसमान से बरसती आग से बचने के लिए लोगों ने नेताओं के बैनरों को सहारा बनाया। रैली स्थल से निकलते वक्त दर्जनों ट्रैक्टर-ट्रालियों में बैठे लोग बैनरों की छत बनाकर तेज धूप से बचने का प्रयास करते रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed