Haryana: पुरानी पेंशन बहाली के लिए कर्मचारियों ने सीएम आवास के पास दिया धरना, पुलिस ने की पानी की बौछारें
समिति के प्रवक्ता प्रवीण देशवाल ने कहा कि राजस्थान में पुरानी पेंशन योजना लागू कर दी गई है। यह भाजपा सरकार कर्मचारियों से बात नहीं करती है। हम अपना शांतिपूर्ण विरोध जारी रखेंगे।
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हरियाणा में ओल्ड पेंशन बहाली की मांग को लेकर पेंशन बहाली संघर्ष समिति ने आंदोलन को तेज धार दे दी है। पेंशन बहाली संघर्ष समिति अब सरकार के खिलाफ आरपार की लड़ाई के मूड में है। 19 फरवरी को सरकारी कर्मचारियों ने पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की मांग को लेकर पंचकूला में हरियाणा के मुख्यमंत्री के आवास के पास धरना दिया।
इस दौरान प्रदर्शन कर रहे हरियाणा सरकार के कर्मचारियों के खिलाफ वाटर कैनन का इस्तेमाल किया गया। इस दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा। लगभग 70,000 कर्मचारी आज विरोध करने के लिए एकत्र हुए हैं। पेंशन बहाली संघर्ष समिति के प्रवक्ता प्रवीण देशवाल ने कहा कि राजस्थान में पुरानी पेंशन योजना लागू कर दी गई है। यह भाजपा सरकार कर्मचारियों से बात नहीं करती है। हम अपना शांतिपूर्ण विरोध जारी रखेंगे।
#WATCH | Water cannon used against Haryana govt employees who are protesting demanding restoration of Old Pension Scheme in Panchkula pic.twitter.com/x15q200xAw
— ANI (@ANI) February 19, 2023
बता दें कि समिति ने 19 फरवरी को पंचकूला से कूच करके मुख्यमंत्री आवास के घेराव का ऐलान किया था। समिति के प्रदेश महासचिव ऋषि नैन ने सेक्टर-5 स्थित एक निजी होटल में पत्रकारों से बातचीत में कहा था कि हरियाणा सरकार लंबे समय से ओल्ड पेंशन बहाली के नाम पर कर्मचारियों को गुमराह कर रही है।
#WATCH | Government employees protest near Haryana CM's residence in Panchkula demanding restoration of Old Pension Scheme; Large police force deployed pic.twitter.com/TrsTNzhNke
— ANI (@ANI) February 19, 2023
उन्होंने कहा कि सरकार और विपक्ष में बैठे सभी विधायक और सांसद पेंशन की सुविधा ले रहे हैं, लेकिन जीवन के 35 साल नौकरी करने वाले कर्मचारी पेंशन के लिए आंदोलन करने को मजबूर हैं। नैन ने मुख्यमंत्री मनोहरलाल के उस बयान को बेबुनियाद बताया जिसमें उन्होंने पुरानी पेंशन लागू करने पर राज्यों के दिवालिया होने की बात कही थी।
नैन ने कहा कि पश्चिम बंगाल में आज तक नेशनल पेंशन स्कीम लागू ही नहीं हुई है। राज्य सरकार अपने कर्मचारियों को ओल्ड पेंशन का लाभ दे रही है। उन्होंने कहा कि अगर कर्मचारी वर्ग को नेशनल पेंशन स्कीम से सिर्फ हानि ही हानि हो रही है तो सरकार जबरदस्ती क्यों कर्मचारियों पर यह स्कीम लागू रखकर उनको मानसिक दबाव में डाले हुए है।
वर्ष 2019 में हुए चुनाव के दौरान गठबंधन की सहयोगी जजपा ने इस मुद्दे को अपने घोषणा पत्र में भी शामिल किया था। उन्होंने बताया कि नेशनल मूवमेंट फॉर ओल्ड पेंशन स्कीम के सहयोग से हरियाणा में संघर्ष समिति द्वारा लगातार आंदोलन चलाया जा रहा है।
उन्होंने कहा था कि प्रदेश में दो लाख से अधिक कर्मचारी सरकार के इस एकतरफा फैसले के कारण पिस रहे हैं। पीबीएसएस द्वारा 19 फरवरी को पंचकूला में विशाल रोष प्रदर्शन किया जाएगा, जिसमें प्रदेश भर से हजारों की संख्या में कर्मचारी शामिल होंगे। साथ ही जानकारी दी थी कि पंचकूला में प्रदर्शन के बाद संघर्ष समिति के सदस्यों द्वारा चंडीगढ़ में मुख्यमंत्री आवास की तरफ कूच किया जाएगा।
महासचिव ऋषि नैन ने बताया कि इस आयोजन को सफल बनाने के लिए वह लगातार प्रदेश के जिलों का दौरा कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि इस प्रदर्शन में प्रदेश के शिक्षा, स्वास्थ्य, लोक निर्माण, शहरी विकास, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण समेत कई विभागों के कर्मचारी भाग ले रहे हैं।