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Panchkula News: पंजाब में अघोषित बिजली कट खत्म न होने पर व्यापार मंडल की आंदोलन की चेतावनी

Mon, 26 May 2025 10:01 PM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Mon, 26 May 2025 10:01 PM IST
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Vyapar Mandal warns of agitation if unannounced power cuts are not stopped in Punjab
संवाद न्यूज एजेंसी
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लुधियाना। पंजाब में लग रहे अघोषित बिजली के कटों को लेकर पंजाब प्रदेश व्यापार मंडल ने सोमवार को माता रानी चौक स्थित दफ्तर में बैठक की। बैठक में राज्य महासचिव सुनील मेहरा, राज्य सचिव आयुष अग्रवाल ने कहा कि आप सरकार में सभी वादे खोखले निकले हैं। पंजाब सरकार की बिजली नीतियों ने पिछले 3 वर्षों में जानता को कुछ नहीं दिया।
व्यापारी नेताओं ने कहा कि सरकार की व्यापार विरोधी नीतियां तो थी ही और अब बिजली की सही तरह से प्लानिंग न होने के कारण पंजाब के व्यापारियों की कमर टूट रही है। नेताओं ने साफ किया कि यदि पावर संकट का समाधान नहीं हुआ तो व्यापार मंडल संघर्ष करेगा।
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इन व्यापारी नेताओं ने कुछ आंकड़े देते हुए कहा कि पंजाब की कुल बिजली उत्पादन क्षमता, चाहे वह खुद के पॉवर प्लांट से हो या सेंट्रल ग्रिड से लेना हो या निजी बिजली सप्लायर से, 16000 मेगावाट से ज्यादा नहीं है। मई 2025 में पंजाब डिमांड 14000 मेगावाॅट पार गई है और अभी धान की बिजाई में बिजली की मांग बढ़ जाएगी। लेकिन 14000 मेगावाॅट की बिजली आपूर्ति करने में ही सरकार को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। नतीजन अघोषित कटों ने पंजाब के व्यापारियों की कमर तोड़ रखी है।
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इन नेताओं ने यह भी बताया कि पंजाब सरकार ने वित्त वर्ष 2022-23 में मुफ्त बिजली के बकाया देने के किए 1800 करोड़ की 5 वर्ष की किश्तों में 9000 करोड़ चुकाने थे लेकिन सरकार उसकी 2 किश्तें ही चुका पाई है। इसी वजह से केंद्र सरकार ने भी इस साल राज्य सरकार को मिलने वाले ऋण में 15000 करोड़ की कटौती की है।

इन नेताओं ने कहा कि पंजाब की बिगड़ती कानून व्यवस्था, लेबर का पंजाब छोड़कर जाना, राज्य की व्यापार विरुद्ध नीतियां और दूसरे राज्य की व्यापार अनुकूल नीतियों ने हमारे राज्य के कई व्यापारियों को आकर्षित किया है जिसकी वजह से कई छोटी व मध्यम इकाइयां पंजाब छोड़कर जा रही हैं। इन नेताओं ने कहा कि बिजली के संकट को सरकार संभाल ले नहीं तो व्यापार तबाह हो जाएगा। व्यापार को बचाने के लिए पंजाब प्रदेश व्यापार मंडल ने पहले भी कई आंदोलन किए हैं और आगे भी करेगा।
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