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ट्रेन : चंडीगढ़-अंबाला के बीच 130 की रफ्तार के लिए 16 माह करना होगा इंतजार, सिग्नलिंग सिस्टम को किया जाएगा अपग्रेड, यह काम 2022 तक हो पाएगा पूरा

Sat, 28 Aug 2021 02:11 AM IST
Panchkula Bureau पंचकुला ब्‍यूरो
Updated Sat, 28 Aug 2021 02:11 AM IST
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Train: 16 months will have to wait for the speed of 130 between Chandigarh-Ambala, signaling system will be upgraded, this work will be completed by 2022
पंचकूला। चंडीगढ़-अंबाला के बीच ट्रेनों की 130 किमी प्रति घंटा की रफ्तार के लिए ट्राइसिटी को 16 माह का इंतजार करना पड़ेगा। यहां ट्रेनों की रफ्तार बढ़ाने के लिए डबल डिस्टेंट सिग्नलिंग सिस्टम को अपग्रेड करना पड़ेगा। डबल डिस्टेंट सिग्नलिंग सिस्टम को अपग्रेड करने से ड्राइवर को तीन स्टेशन पहले का सिग्नल पता लग जाएगा। स्पीड बढ़ाने के लिए डबल डिस्टेंट सिग्नलिंग सिस्टम का अपग्रेड होना सबसे ज्यादा जरूरी है। इस सिस्टम को अपग्रेड करने पर पांच करोड़ रुपये खर्च होंगे। चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन से इस सिस्टम को अपग्रेड किया जाएगा। यह काम 2022 दिसंबर तक पूरा हो पाएगा।
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इसकी जानकारी अमर उजाला को नॉर्दन रेलवे के जीएम आशुतोष गंगल ने दी। गंगल चंडीगढ़ जेडब्ल्यूू मैरिएट में बैंक कर्मचारियों की बैठक में आए थे। उन्होंने बताया कि चंडीगढ़-अंबाला-नई दिल्ली के बीच बना रेल ट्रैक का लॉकडाउन में टेस्टिंग हुई थी। इसमें पाया गया कि यह ट्रैक 130 किमी प्रति घंटे की रफ्तार के लिए बिल्कुल फिट है। उसके अलावा नॉर्दर्न रेलवे की तरफ से चंडीगढ़-अंबाला के बीच कर्व के लिए भी तकनीकी सहायता ली जा रही है। उन्होंने बताया कि अंबाला से दिल्ली के बीच 130 किमी प्रति घंटा के रफ्तार से ट्रेनें चलाई जा रही हैं। अगले साल के अंत तक चंडीगढ़-अंबाला के बीच का भी काम पूरा कर लिया जाएगा। उनके साथ अंबाला मंडल के डीआरएम जीएम सिंह भी मौजूद थे। इसके अलावा स्टेशन अधीक्षक जेपी, टीपी सिंह सहित रेलवे के अन्य स्थानीय अधिकारी भी मौजूद रहे।
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शताब्दी पर फोकस
चंडीगढ़-दिल्ली के बीच चलते वाली शताब्दी की स्पीड बढ़ाने पर पहला फोकस है। क्योंकि यह चंडीगढ़ की वीआईपी ट्रेन है। इस रूट पर सबसे ज्यादा ट्राइसिटी के लोग कालका-नई दिल्ली शताब्दी और चंडीगढ़-नई दिल्ली शताब्दी को पसंद करते हैं। उसके अलावा शताब्दी के बाद जन-शताब्दी, पश्चिम एक्सप्रेस, गरीब रथ, ऊंचाहार एक्सप्रेस, सद्भावना आदि ट्रेनों की स्पीड को भी बढ़ाया जाएगा। रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन से चलने वाली शताब्दी 3.25 घंटे में नई दिल्ली पहुंच जाती है। आने वाले समय में शताब्दी की स्पीड बढ़ने से यात्रियों का काफी समय बचेगा। अभी शताब्दी 110 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ती है।
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