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सीमांत जिलों में नाइट डोमिनेशन ऑपरेशन शुरू करने के आदेश
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चंडीगढ़। पंजाब में मौजूदा हालात के मद्देनजर कार्यकारी डीजीपी इकबाल प्रीत सिंह सहोता ने वीरवार को सभी सरहदी जिलों के एसएसपी को भारत-पाक अंतरराष्ट्रीय सरहद के साथ रात 9 से सुबह 4 बजे तक नाइट डोमिनेशन ऑपरेशन शुरू करने के निर्देश दिए हैं। सरहदी जिलों में पठानकोट, गुरदासपुर, बटाला, अमृतसर ग्रामीण, तरनतारन, फिरोजपुर और फाजिल्का शामिल हैं।
डीजीपी ने सरहदी जिलों के एसएसपी को यह भी हिदायत की कि वह अपने जिलों को सेक्टरों में बांटें और हर सेक्टर के लिए गजटेड अधिकारी तैनात करें, जो निजी तौर पर नाइट डोमिनेशन ऑपरेशन के दौरान मौजूद रहेंगे। एसएसपी गजटेड अधिकारियों के ड्यूटी रोस्टर देखेंगे और नाइट डोमिनेशन ऑपरेशनों की निगरानी के लिए उनकी ड्यूटी लगाएंगे। डीजीपी ने सभी एसएसपी से कहा कि वह संवेदनशील क्षेत्रों में ड्रोनों और शक्की व्यक्तियों की हलचल पर विशेष ध्यान रखें।
डीजीपी सहोता ने कहा कि सेकेंड लाइन ऑफ डिफेंस और अन्य संवेदनशील स्थानों पर रात को सभी नाके एक गैर-गजटेड अधिकारी की निगरानी में लगाए जाएंगे, जबकि वाहनों की जांच के लिए सहायक सड़कों पर अतिरिक्त नाके भी लगाए जाएं। डीजीपी ने निर्देश दिए कि अंतरराज्जीय नाकों खासकर जम्मू-कश्मीर सरहद पर लगाए जाने वाले नाकों को भी मजबूत किया जाना चाहिए और जम्मू-कश्मीर से आने वाले सभी वाहनों की अच्छी तरह जांच की जानी चाहिए।
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उल्लेखनीय है कि एसएसपी को नाकों और गश्त को दर्शाती साप्ताहिक तैनाती योजना तैयार करने के निर्देश भी दिए गए हैं, जिसे रेंज आईजीपी द्वारा मंजूरी दी जाएगी। ऐसी साप्ताहिक योजनाएं मौजूदा अंदरूनी सुरक्षा की स्थिति के आधार पर होंगी। डीजीपी सहोता ने एसएसपीज को सभी कंट्रोल रूमों को सक्रिय करने के अलावा संवेदनशील स्थानों की कवरेज के लिए सभी पीसीआर/आरआरपीएस वाहनों और बुलेट प्रूफ सामग्री का प्रयोग करने के आदेश दिए।
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डीजीपी ने सरहदी जिलों के एसएसपी को यह भी हिदायत की कि वह अपने जिलों को सेक्टरों में बांटें और हर सेक्टर के लिए गजटेड अधिकारी तैनात करें, जो निजी तौर पर नाइट डोमिनेशन ऑपरेशन के दौरान मौजूद रहेंगे। एसएसपी गजटेड अधिकारियों के ड्यूटी रोस्टर देखेंगे और नाइट डोमिनेशन ऑपरेशनों की निगरानी के लिए उनकी ड्यूटी लगाएंगे। डीजीपी ने सभी एसएसपी से कहा कि वह संवेदनशील क्षेत्रों में ड्रोनों और शक्की व्यक्तियों की हलचल पर विशेष ध्यान रखें।
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डीजीपी सहोता ने कहा कि सेकेंड लाइन ऑफ डिफेंस और अन्य संवेदनशील स्थानों पर रात को सभी नाके एक गैर-गजटेड अधिकारी की निगरानी में लगाए जाएंगे, जबकि वाहनों की जांच के लिए सहायक सड़कों पर अतिरिक्त नाके भी लगाए जाएं। डीजीपी ने निर्देश दिए कि अंतरराज्जीय नाकों खासकर जम्मू-कश्मीर सरहद पर लगाए जाने वाले नाकों को भी मजबूत किया जाना चाहिए और जम्मू-कश्मीर से आने वाले सभी वाहनों की अच्छी तरह जांच की जानी चाहिए।
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उल्लेखनीय है कि एसएसपी को नाकों और गश्त को दर्शाती साप्ताहिक तैनाती योजना तैयार करने के निर्देश भी दिए गए हैं, जिसे रेंज आईजीपी द्वारा मंजूरी दी जाएगी। ऐसी साप्ताहिक योजनाएं मौजूदा अंदरूनी सुरक्षा की स्थिति के आधार पर होंगी। डीजीपी सहोता ने एसएसपीज को सभी कंट्रोल रूमों को सक्रिय करने के अलावा संवेदनशील स्थानों की कवरेज के लिए सभी पीसीआर/आरआरपीएस वाहनों और बुलेट प्रूफ सामग्री का प्रयोग करने के आदेश दिए।