चंडीगढ़। पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट के जज और पंजाब राज्य कानूनी सेवा अथॉरिटी के कार्यकारी चेयरमैन जस्टिस गुरमीत सिंह के नेतृत्व में शनिवार को राज्य भर में राष्ट्रीय लोक अदालतें लगाई गईं। कुल 371 बेंचों में लगभग 2.87 लाख केस सुनवाई के लिए आए। लोक अदालत में दीवानी केस, घरेलू झगड़े, जायदाद के झगड़ों, चेक बाउंस केस, मजदूरी संबंधी मामले, क्रिमिनल कंपाउंडेबल केस, अलग-अलग एफआईआर की कैंसलेशन, अनट्रेस्ड रिपोर्टों आदि से संबंधित लंबे समय से लटकते आ रहे मामलों पर सुनवाई की गई। इस मौके पर पंजाब राज्य कानूनी सेवा अथॉरिटी के जिला और सेशन जज एवं मेंबर सचिव मनजिंदर सिंह और स्मृति धीर अतिरिक्त मेंबर सचिव ने कोर्ट कॉम्पलेक्स लुधियाना का दौरा करके लोक अदालतों के बेंचों का निरीक्षण किया। मेंबर सचिव ने बताया कि इस राष्ट्रीय लोक अदालत का मुख्य मकसद आपसी समझौते द्वारा झगड़ों का निपटारा करवाना है। लोगों को वैकल्पिक झगड़ा निवारण केंद्रों द्वारा झगड़ों का निपटारा करवाना चाहिए, क्योंकि इससे लोगों के कीमती समय और पैसे की बचत होती है।
मेंबर सचिव ने बताया कि राष्ट्रीय कानूनी सेवा अथॉरिटी नई दिल्ली द्वारा राज्य भर में मुफ्त कानूनी सहायता हेल्पलाइन नंबर 15100 शुरू किया गया है, जिससे हर जरूरतमंद व्यक्ति घर बैठे ही मुफ्त कानूनी सहायता संबंधी हर तरह की जानकारी प्राप्त कर सकता है। पंजाब राज्य कानूनी सेवा अथॉरिटी लोगों के फैसले करवाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने लोगों से अपील की कि लोक अदालतों में अपने मामलों का फैसला करवा कर अधिक से अधिक लाभ प्राप्त करें।