{"_id":"6a0f700c306c7361cf0299c9","slug":"maternal-mortality-rate-in-punjab-reaches-77-and-infant-mortality-rate-16-lower-than-the-national-average-dr-balbir-singh-panchkula-news-c-16-1-pkl1082-1026060-2026-05-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"पंजाब में मातृ मृत्यु दर 77 और शिशु मृत्यु दर 16 तक पहुंची, राष्ट्रीय औसत से कम : डॉ. बलबीर सिंह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंजाब में मातृ मृत्यु दर 77 और शिशु मृत्यु दर 16 तक पहुंची, राष्ट्रीय औसत से कम : डॉ. बलबीर सिंह
विज्ञापन
चंडीगढ़। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि पंजाब में मातृ मृत्यु और शिशु मृत्यु दर पहले से कम हुई है। सूबे में मातृ मृत्यु दर प्रति एक लाख जीवित जन्मों पर घटकर 77 हो गई है जो राष्ट्रीय औसत 87 से काफी बेहतर है।
इसी तरह शिशु मृत्यु दर (आईएमआर) केवल 16 दर्ज की गई है जबकि राष्ट्रीय औसत 24 है। नवजात शिशु मृत्यु दर (एनएमआर) राज्य में 11 दर्ज की गई है जबकि राष्ट्रीय औसत 18 है। इसी प्रकार पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों की मृत्यु दर राष्ट्रीय स्तर पर 28 है जबकि सूबे में 19 दर्ज की गई है।
डॉ. बलबीर ने कहा कि रजिस्ट्रार जनरल कार्यालय द्वारा जारी किए गए नए सैंपल रजिस्ट्रेशन सिस्टम (एसआरएस) में इस बात का खुलासा हुआ है। उन्होंने कहा कि सूबे ने मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य के सभी प्रमुख संकेतकों में राष्ट्रीय मानकों को पीछे छोड़ते हुए देशभर की स्वास्थ्य सेवा प्रणाली में अग्रणी राज्य के रूप में पहचान बनाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसी तरह शिशु मृत्यु दर (आईएमआर) केवल 16 दर्ज की गई है जबकि राष्ट्रीय औसत 24 है। नवजात शिशु मृत्यु दर (एनएमआर) राज्य में 11 दर्ज की गई है जबकि राष्ट्रीय औसत 18 है। इसी प्रकार पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों की मृत्यु दर राष्ट्रीय स्तर पर 28 है जबकि सूबे में 19 दर्ज की गई है।
विज्ञापन
डॉ. बलबीर ने कहा कि रजिस्ट्रार जनरल कार्यालय द्वारा जारी किए गए नए सैंपल रजिस्ट्रेशन सिस्टम (एसआरएस) में इस बात का खुलासा हुआ है। उन्होंने कहा कि सूबे ने मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य के सभी प्रमुख संकेतकों में राष्ट्रीय मानकों को पीछे छोड़ते हुए देशभर की स्वास्थ्य सेवा प्रणाली में अग्रणी राज्य के रूप में पहचान बनाई है।
विज्ञापन