{"_id":"6825eb2cba48de3bee02c8a4","slug":"letter-written-to-union-minister-coaching-centers-running-without-fire-noc-should-be-closed-panchkula-news-c-87-1-pan1001-122657-2025-05-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panchkula News: केंद्रीय मंत्री को लिखा पत्र - बिना फायर एनओसी चल रहे कोचिंग सेंटर बंद किए जाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panchkula News: केंद्रीय मंत्री को लिखा पत्र - बिना फायर एनओसी चल रहे कोचिंग सेंटर बंद किए जाएं
विज्ञापन
15 साल पुराने हाइड्रोलिक और अन्य अग्निशमन वाहनों को पास करने की अनुमति देने की मांगमाई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री को हितैषी फाउंडेशन के चेयरमैन भारत हितैषी ने पत्र लिखकर बिना फायर एनओसी चल रहे कोचिंग सेंटरों को बंद करने की गुहार लगाई है।
साथ ही पंचकूला में 15 साल पुराने हाइड्रोलिक और अन्य अग्निशमन वाहनों को पास करने की अनुमति देने के अनुरोध किया है। भारत हितैषी ने कहा कि हाल ही में पंचकूला की बहुमंजिला इमारतों में कई बड़ी आग की घटनाएं हुई हैं, जिनमें भारी नुकसान हुआ है। पंचकूला फायर स्टेशन के पास केवल एक हाइड्रोलिक लैडर वाहन और एक ब्राउजर वाहन है, जो 15 साल से अधिक समय तक चलने के कारण बेकार पड़े हैं। दोनों वाहनों ने बहुत कम माइलेज दिया है और वे बहुत अच्छी स्थिति में हैं और सड़कों पर चलने के लिए पूरी तरह से फिट हैं।
पंचकूला निवासियों की अग्नि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दोनों वाहनों को पास करने की अनुमति देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पंचकूला में कोचिंग सेंटर्स बिना फायर एनओसी के चल रहे हैं। हजारों बच्चों की जान पर हर समय जोखिम बना रहता है, क्योंकि सेफ्टी नार्म्स पूरे नहीं हैं। जिला फायर अफसर तरसेम सिंह राणा से पर्सनली मुलाकात करके फायर ब्रिगेड के स्तर पर किए जा रहे प्रयासों का आंकलन किया।
विज्ञापन
हितैषी ने कहा कि पंचकूला के विभिन्न सेक्टरों में चल रहे कोचिंग सेंटरों में हजारों बच्चे पढ़ रहे हैं। पूर्व सीएम मनोहर लाल की सरकार में कविता जैन के अर्बन लोकल बॉडी मंत्री रहते फायर ब्रिगेड ने शहर में कोचिंग सेंटरों पर कुछ सख्ती दिखाई थी, अब कई वर्षों से कुछ नहीं किया जा रहा, जो चिंता का विषय है।
विज्ञापन
पंचकूला। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री को हितैषी फाउंडेशन के चेयरमैन भारत हितैषी ने पत्र लिखकर बिना फायर एनओसी चल रहे कोचिंग सेंटरों को बंद करने की गुहार लगाई है।
साथ ही पंचकूला में 15 साल पुराने हाइड्रोलिक और अन्य अग्निशमन वाहनों को पास करने की अनुमति देने के अनुरोध किया है। भारत हितैषी ने कहा कि हाल ही में पंचकूला की बहुमंजिला इमारतों में कई बड़ी आग की घटनाएं हुई हैं, जिनमें भारी नुकसान हुआ है। पंचकूला फायर स्टेशन के पास केवल एक हाइड्रोलिक लैडर वाहन और एक ब्राउजर वाहन है, जो 15 साल से अधिक समय तक चलने के कारण बेकार पड़े हैं। दोनों वाहनों ने बहुत कम माइलेज दिया है और वे बहुत अच्छी स्थिति में हैं और सड़कों पर चलने के लिए पूरी तरह से फिट हैं।
विज्ञापन
पंचकूला निवासियों की अग्नि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दोनों वाहनों को पास करने की अनुमति देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पंचकूला में कोचिंग सेंटर्स बिना फायर एनओसी के चल रहे हैं। हजारों बच्चों की जान पर हर समय जोखिम बना रहता है, क्योंकि सेफ्टी नार्म्स पूरे नहीं हैं। जिला फायर अफसर तरसेम सिंह राणा से पर्सनली मुलाकात करके फायर ब्रिगेड के स्तर पर किए जा रहे प्रयासों का आंकलन किया।
विज्ञापन
हितैषी ने कहा कि पंचकूला के विभिन्न सेक्टरों में चल रहे कोचिंग सेंटरों में हजारों बच्चे पढ़ रहे हैं। पूर्व सीएम मनोहर लाल की सरकार में कविता जैन के अर्बन लोकल बॉडी मंत्री रहते फायर ब्रिगेड ने शहर में कोचिंग सेंटरों पर कुछ सख्ती दिखाई थी, अब कई वर्षों से कुछ नहीं किया जा रहा, जो चिंता का विषय है।