फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Panchkula News ›   If the administration did not listen then the villagers themselves built the bridge

Panchkula News: प्रशासन ने किया अनसुना तो ग्रामीणों ने स्वयं बना डाला पुल

Thu, 31 Aug 2023 01:40 AM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Thu, 31 Aug 2023 01:40 AM IST
विज्ञापन
If the administration did not listen then the villagers themselves built the bridge
पिंजौर। पिंजौर-नालागढ़ रोड पर कीरतपुर पुल टूटने से आ रही समस्याओं का समाधान जब प्रशासन ने नहीं किया तो ग्रामीणों ने स्वयं के खर्चे पर न केवल राहगीरों के लिए लोहे का छोटा अस्थायी पुल बना दिया बल्कि हल्के वाहनों की आवाजाही के लिए भी वैकल्पिक मार्ग का भी निर्माण कर दिया। वाहन चालकों ने गांव कीरतपुर के बाशिंदों सहित लोहे का पुल और वैकल्पिक मार्ग बनाने में सहयोग करने वाले लोगों का आभार जताया। वाहन चालकों ने बताया कि बीते करीब दो महीने से वे कीरतपुर पुल के टूटने से परेशान थे। स्कूल जाने वाले बच्चों सहित अपने निजी कामों से जाने वाली महिलाएं, बुजुर्ग आदि इस नदी में से गुजरते थे। उन्हें हमेशा डर रहता था कि कहीं पहाड़ों की ओर से अचानक नदी में तेज बहाव पानी न आ जाए और उनकी जान को खतरा पैदा हो सकता है। जगतार सिंह, हरबंस, इकबाल सिंह, त्रिलोचन, बिल्ला, जगपाल सिंह, आशु, लाडी, लाभ सिंह, रघुवीर सिंह काला आदि ने बताया कि बीते डेढ़ माह पहले हुई भारी बरसात को लेकर बाढ़ के कारण गांव कीरतपुर का पुल पूरी तरह से टूट गया था जिसको लेकर गांववासियों की आवाजाही तो बंद हुई थी। इसके साथ ही पिंजौर-कालका से बद्दी नालागढ़ की तरफ जाने वाले लोगों का रास्ता भी कट गया था। लोग जान जोखिम में डालकर नदी पार कर एक जगह से दूसरी जगह पहुंच रहे थे। लोगों ने बताया कि प्रशासन की ओर से एक कच्चा पुल तैयार किया गया था जो कुछ ही दिनों बाद दोबारा बाढ़ आने पर बह गया परंतु उसके बाद प्रशासन ने इस पुल को बनवाने की जहमत नहीं उठाई।
विज्ञापन

अब हल्के वाहन निकल सकते हैं यहां से
गांव कीरतपुर के बाशिंदों सहित आसपास के गांव के लोगों ने मिलकर अपने खर्चे से जेसीबी मशीनों को लगाकर एक कच्चा रास्ता तैयार किया है। अब यहां से हल्के वाहन निकल सकते हैं। उन्होंने बताया कि पैदल आवाजाही करने के लिए अलग से लोहे का एक अस्थायी पुल तैयार किया है, जिसके निर्माण में गांव करनपुरवासियों ने सहयाेग किया है। लोगों ने कहा कि प्रशासन और सरकार की ओर से उनका कोई मदद नहीं मिली है। उन्होंने खुद के खर्चे पर यह पुल बनवाया है। लोगों ने मांग की है कि प्रशासन गांव कीरतपुर के पुल को स्थायी रूप से बनवाए ताकि पूर्ण रूप से दोबारा आवाजाही शुरू हो सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article