चंडीगढ़। सलमान खान को कथित रूप से धमकियां देकर चर्चित हुए गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई की एनकाउंटर संबंधी डर वाली याचिका पर पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने हरियाणा सरकार से पूछा है कि क्यों न पुलिस राजस्थान की भरतपुर सेंट्रल जेल जाकर बिश्नोई से पूछताछ कर ले।
गैंगस्टर लारेंस बिश्नोई ने याचिका में कहा कि 31 जुलाई को हरियाणा पुलिस ने सिरसा के डबवाली में उसके खिलाफ हत्या व विभिन्न आरोपों में मामला दर्ज किया था। वर्तमान में वह राजस्थान के भरतपुर की सेंट्रल जेल में सजा काट रहा है और हरियाणा पुलिस उसे प्रोडक्शन वारंट पर लाना चाहती है। बिश्नोई ने आशंका जताई कि जिस प्रकार कानपुर पुलिस ने विकास दुबे को एनकाउंटर में मार दिया, उसी प्रकार उसकी हत्या भी एनकाउंटर दिखाकर की जा सकती है। बिश्नोई ने उच्च न्यायालय से अपील की है कि जब हरियाणा पुलिस उसे भरतपुर जेल से हरियाणा लेकर जाए तो उसको उचित सुरक्षा मुहैया करवाई जाए। उसके हाथ पैर बांधकर रखे जाएं ताकि पुलिस की यह कहानी कि हथियार छीन कर भागने का प्रयास करते हुए एनकाउंटर कर दिया गया है, साबित न हो पाए। इससे पहले भी चंडीगढ़ और सिरसा की अदालत में पेशी के दौरान इसी तरह की शर्त लगाकर बिश्नोई ने याचिका दाखिल की है। उच्च न्यायालय ने कहा कि कोरोना महामारी के इस दौर में क्या बिश्नोई को पूछताछ के लिए लाना जरूरी है। क्यों न हरियाणा पुलिस राजस्थान की भरतपुर सेंट्रल जेल में ही जाकर पूछताछ कर ले। हरियाणा सरकार की ओर से इस मामले में जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा गया जिसे मंजूर करते हुए उच्च न्यायालय ने अगली सुनवाई पर जवाब दाखिल करने के आदेश दिए हैं।