{"_id":"63ee87ea880970ed4f092704","slug":"heart-started-sitting-due-to-irregular-routine-intoxication-and-stress-3500-had-heart-attack-in-two-years-pkl-office-news-c-16-1-63413-2023-02-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"पंचकूला: अनियमित दिनचर्या, नशा और तनाव से बैठने लगा दिल, दो साल में 3500 को आया हृदयाघात","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंचकूला: अनियमित दिनचर्या, नशा और तनाव से बैठने लगा दिल, दो साल में 3500 को आया हृदयाघात
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर पंचकूला। अनियमित दिनचर्या, नशा और तनाव का असर हृदय पर नजर आ रहा है। करीब दो साल के दौरान सेक्टर-6 सिविल अस्पताल में हृदयाघात के 3500 केस सामने आ चुके हैं। वर्तमान में सिविल अस्पताल की हृदय रोग की ओपीडी में रोजाना 100 मरीज आ रहे हैं। इसमें करीब 27 मरीज हृदय से संबंधित होते हैं। हृदय रोग विशेषज्ञों की मानें तो अनियमित दिनचर्या, नशे की लत और तनाव के कारण हृदय लोगों को साथ छोड़ रहा है। स्वस्थ दिनचर्या का पालन कर इस खतरे को कम किया जा सकता है। मौसम बदलने और ठंड का असर कम होने के बाद भी हार्ट अटैक के मामलों में तेजी आ रही है। दिल का दौरान पड़ने की यह वजह लोगों की परेशानी बढ़ा रही है। हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. अनिल सूद ने बताया कि दिल का दौरा पड़ने की बीमारी अनियमित दिनचर्या की वजह से खतरनाक रूप ले रही है। लोग भागमभाग की जिंदगी में बिना रूके, बिना आराम किए सिर्फ काम कर रहे हैं। अपनी नींद नहीं पूरी कर रहे हैं। इस कारण तनाव बढ़ने के साथ रक्तचाप बढ़ता है। वहीं खून गाढ़ा होने से दौरे पड़ने शुरू हो जाते हैं। उन्होंने बताया कि दिनचर्या में सुधार लाने के साथ ही स्वस्थ्य जीवन शैली अपनाना इससे बचाव का बेहतरीन और आसान उपाय है।
मरीजों का यह है कहना
सेक्टर-6 सिविल अस्पताल में हार्ट के मरीज राजेश कुमार ने बताया कि अनियंत्रित दिनचर्या और नींद नहीं लेने के कारण हृदय में समस्या आती है। अब लगातार इलाज चल रहा है। किशन कुमार ने बताया कि सांस लेने में समस्या आने पर अस्पताल में इलाज के लिए आए हैं। उन्होंने बताया कि उनका इलाज दो साल से चल रहा है।
हार्ट अटैक से बचाव करने के उपाय
सिविल अस्पताल सेक्टर-6 के एमडी मेडिसिन अश्वनी भटनागर ने बताया कि फास्ट फूड से बचें, हरी सब्जियां और ताजे फल का सेवन करें। नशे से दूरी बनाएं। सिगरेट, शराब, तंबाकू का सेवन नहीं करें। सामान्य तौर पर छह से आठ घंटे की नींद लोग जरूर लें। योग, ध्यान करने के साथ लोगों को पैदल चलना चाहिए, ताकि तनाव में कमी आ सके।
विज्ञापन
कार्डियक अरेस्ट आने पर यह बरतें सावधानी
सफर के दौरान कार्डियक अरेस्ट अगर बस, ट्रेन और कार में आता है तो मौजूद साथी को तत्काल कार्डियो पल्मनरी रिसेफिटेशन (सीपीआर) देनी होगी। लगातार सीने पर पंप करने और मसाज करने के जीवित रहने की संभावना बनी रहती है। मुंह से सांस देना फायदेमंद हो जाता है। मरीज को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाना चाहिए, इससे उसे ऑक्सीजन की सुविधा तुरंत मिल सकती है।
मरीजों को अस्पताल में लगातार जागरूक किया जा रहा है। उन्हें डॉक्टरों की तरफ से कैंप लगाकर लगातार जानकारी दी जा रही है। लोग बेहतरीन जीवनशैली अपनाकर अपने हृदय को स्वस्थ रखें। - उमेश मोदी, पीएमओ, सिविल अस्पताल सेक्टर-6
विज्ञापन
मरीजों का यह है कहना
सेक्टर-6 सिविल अस्पताल में हार्ट के मरीज राजेश कुमार ने बताया कि अनियंत्रित दिनचर्या और नींद नहीं लेने के कारण हृदय में समस्या आती है। अब लगातार इलाज चल रहा है। किशन कुमार ने बताया कि सांस लेने में समस्या आने पर अस्पताल में इलाज के लिए आए हैं। उन्होंने बताया कि उनका इलाज दो साल से चल रहा है।
विज्ञापन
हार्ट अटैक से बचाव करने के उपाय
सिविल अस्पताल सेक्टर-6 के एमडी मेडिसिन अश्वनी भटनागर ने बताया कि फास्ट फूड से बचें, हरी सब्जियां और ताजे फल का सेवन करें। नशे से दूरी बनाएं। सिगरेट, शराब, तंबाकू का सेवन नहीं करें। सामान्य तौर पर छह से आठ घंटे की नींद लोग जरूर लें। योग, ध्यान करने के साथ लोगों को पैदल चलना चाहिए, ताकि तनाव में कमी आ सके।
विज्ञापन
कार्डियक अरेस्ट आने पर यह बरतें सावधानी
सफर के दौरान कार्डियक अरेस्ट अगर बस, ट्रेन और कार में आता है तो मौजूद साथी को तत्काल कार्डियो पल्मनरी रिसेफिटेशन (सीपीआर) देनी होगी। लगातार सीने पर पंप करने और मसाज करने के जीवित रहने की संभावना बनी रहती है। मुंह से सांस देना फायदेमंद हो जाता है। मरीज को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाना चाहिए, इससे उसे ऑक्सीजन की सुविधा तुरंत मिल सकती है।
मरीजों को अस्पताल में लगातार जागरूक किया जा रहा है। उन्हें डॉक्टरों की तरफ से कैंप लगाकर लगातार जानकारी दी जा रही है। लोग बेहतरीन जीवनशैली अपनाकर अपने हृदय को स्वस्थ रखें। - उमेश मोदी, पीएमओ, सिविल अस्पताल सेक्टर-6