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Panchkula News: पराली जलाने पर होगी एफआईआर, मंडी में नहीं बेच सकेंगे फसल
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माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। हरियाणा के मुख्य सचिव टीवीएसएन प्रसाद ने रविवार को चंडीगढ़ से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से पराली न जलाने को लेकर प्रदेश के सभी जिला उपायुक्त के साथ बैठक की। सभी जिला उपायुक्त को अपने-अपने जिलों में गंभीरता से पराली जलाने को रोकने के लिए माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों की अनुपालना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इसके उपरांत उपायुक्त डाॅ. यश गर्ग ने लघु सचिवालय के कांफ्रेंस हाल में अधिकारियों को माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों का पालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसान मशीनों का प्रयोग करके खेत में अवशेष मिला सकते हैं। वे बेलर से गांठ बनाकर सरकार की स्कीम एक हजार रुपये प्रति एकड़ तक का लाभ उठा सकते हैं। इससे किसानों को आर्थिक लाभ पहुंचेगा और पराली से पैदा होने वाले धुएं के प्रदूषण से भी बचा जा सकेगा। उन्होंने बताया कि जो किसान पराली जलाएगा उसके खिलाफ कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा सरकार व सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशानुसार एफआईआर दर्ज की जाएगी।
इसके अलावा कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा ऐसे किसानों की मेरा फसल-मेरा ब्योरा में रेड इंट्री दर्ज की जाएगी। दो सीजन तक धान और गेहूं मंडी में बेचने पर प्रतिबंध लगा दिया जाएगा। उपायुक्त डाॅ. यश गर्ग ने जिले के किसानों से पराली न जलाने की अपील की। इस अवसर पर जिला राजस्व अधिकारी डाॅ. कुलदीप सिंह, कृषि विभाग के एसडीओ और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
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पंचकूला। हरियाणा के मुख्य सचिव टीवीएसएन प्रसाद ने रविवार को चंडीगढ़ से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से पराली न जलाने को लेकर प्रदेश के सभी जिला उपायुक्त के साथ बैठक की। सभी जिला उपायुक्त को अपने-अपने जिलों में गंभीरता से पराली जलाने को रोकने के लिए माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों की अनुपालना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इसके उपरांत उपायुक्त डाॅ. यश गर्ग ने लघु सचिवालय के कांफ्रेंस हाल में अधिकारियों को माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों का पालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसान मशीनों का प्रयोग करके खेत में अवशेष मिला सकते हैं। वे बेलर से गांठ बनाकर सरकार की स्कीम एक हजार रुपये प्रति एकड़ तक का लाभ उठा सकते हैं। इससे किसानों को आर्थिक लाभ पहुंचेगा और पराली से पैदा होने वाले धुएं के प्रदूषण से भी बचा जा सकेगा। उन्होंने बताया कि जो किसान पराली जलाएगा उसके खिलाफ कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा सरकार व सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशानुसार एफआईआर दर्ज की जाएगी।
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इसके अलावा कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा ऐसे किसानों की मेरा फसल-मेरा ब्योरा में रेड इंट्री दर्ज की जाएगी। दो सीजन तक धान और गेहूं मंडी में बेचने पर प्रतिबंध लगा दिया जाएगा। उपायुक्त डाॅ. यश गर्ग ने जिले के किसानों से पराली न जलाने की अपील की। इस अवसर पर जिला राजस्व अधिकारी डाॅ. कुलदीप सिंह, कृषि विभाग के एसडीओ और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
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