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Panchkula News: विधानसभा में भी उठा चुनावी बॉन्ड का मामला, स्पीकर ने पूछा सवाल
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चंडीगढ़। चुनावी बॉन्ड का मामला सोमवार को पंजाब विधानसभा के चल रहे बजट सत्र के दौरान भी उठा। दरअसल स्पीकर ने सवाल किया था कि चुनावी बॉन्ड मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट का अहम आदेश आया है, जो भी सदस्य इस बारे में सही जवाब देगा, उसे अपनी बात रखने के लिए 10 मिनट का अतिरिक्त समय दिया जाएगा। इस पर नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने कहा कि चुनावी बॉन्ड के विवरण का खुलासा करने के लिए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने और समय मांगा था, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने अस्वीकार कर दिया है और बैंक को इस संबंध में पूरी जानकारी साझा करने के साथ ही चुनाव आयोग को भी इसे पब्लिश करने के निर्देश दिए हैं। उनके जवाब के बाद ही स्पीकर की तरफ से उनको 10 मिनट अपनी बात रखने का समय दिया गया।
इस दौरान नेता प्रतिपक्ष प्रताप बाजवा ने कंप्यूटर टीचरों का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि 6644 टीचरों को छठे पे कमीशन का लाभ देने का वादा किया गया था, जिसे अभी तक तक पूरा नहीं किया गया है। पिछले काफी समय से उनकी ये मांग चल रही है, जिसे जल्द पूरा किया जाना चाहिए। इनमें से कई टीचरों की मृत्यु भी हो चुकी है। उन्होंने एससी, एनआरआई व सामान्य वर्ग आयोग के लिए चेयरमैन न लगाने का मुद्दा भी उठाया। बाजवा ने कहा कि अन्य आयोग के चेयरमैन लगा दिए गए हैं, जबकि अभी तक तीनों आयोग के चेयरमैन के पद पर नियुक्ति नहीं हुई है, जिस कारण इनका काम प्रभावित हो रहा है।
रजिस्ट्री के लिए एनओसी की शर्त हटाने की अभी तक नहीं हुई नोटिफिकेशन
इसके अलावा जीरो ऑवर में तृप्त राजिंदर सिंह बाजवा ने रजिस्ट्री को लेकर एनओसी की शर्त हटाने की नोटिफिकेशन अभी तक जारी न होने का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि एनओसी की शर्त हटाने की घोषणा कर दी गई, जबकि अभी तक इस संबंध में नोटिफिकेशन नहीं हुई है। इस कारण लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस बीच स्पीकर ने किसान आंदोलन में टकराव के दौरान घायल हुए एक युवा को अपना पूरे एक माह का वेतन देने की घोषणा की गई। उन्होंने सभी विधायकों से भी उसे सहयोग देने की अपील की। विधायक कुंवर विजय प्रताप सिंह ने अमृतसर की गोशाला को अपग्रेड करने की अपील की।
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किसानी मुद्दे को लेकर सभी विधानसभा के स्पीकरों को लिखेंगे पत्र
स्पीकर कुलतार सिंह संधवां ने कहा कि वह किसानी मुद्दे को लेकर सभी विधानसभा के स्पीकरों को पत्र लिखेंगे। किसान सिर्फ अपनी लड़ाई नहीं लड़ रहे हैं, बल्कि वह सभी उपभोक्ताओं की लड़ाई लड़ रहे हैं। किसानी संघर्ष में उपभोक्ताओं के हित शामिल हैं, ताकि उनको सही दाम पर सभी सामान उपलब्ध हो सके।
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इस दौरान नेता प्रतिपक्ष प्रताप बाजवा ने कंप्यूटर टीचरों का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि 6644 टीचरों को छठे पे कमीशन का लाभ देने का वादा किया गया था, जिसे अभी तक तक पूरा नहीं किया गया है। पिछले काफी समय से उनकी ये मांग चल रही है, जिसे जल्द पूरा किया जाना चाहिए। इनमें से कई टीचरों की मृत्यु भी हो चुकी है। उन्होंने एससी, एनआरआई व सामान्य वर्ग आयोग के लिए चेयरमैन न लगाने का मुद्दा भी उठाया। बाजवा ने कहा कि अन्य आयोग के चेयरमैन लगा दिए गए हैं, जबकि अभी तक तीनों आयोग के चेयरमैन के पद पर नियुक्ति नहीं हुई है, जिस कारण इनका काम प्रभावित हो रहा है।
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रजिस्ट्री के लिए एनओसी की शर्त हटाने की अभी तक नहीं हुई नोटिफिकेशन
इसके अलावा जीरो ऑवर में तृप्त राजिंदर सिंह बाजवा ने रजिस्ट्री को लेकर एनओसी की शर्त हटाने की नोटिफिकेशन अभी तक जारी न होने का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि एनओसी की शर्त हटाने की घोषणा कर दी गई, जबकि अभी तक इस संबंध में नोटिफिकेशन नहीं हुई है। इस कारण लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस बीच स्पीकर ने किसान आंदोलन में टकराव के दौरान घायल हुए एक युवा को अपना पूरे एक माह का वेतन देने की घोषणा की गई। उन्होंने सभी विधायकों से भी उसे सहयोग देने की अपील की। विधायक कुंवर विजय प्रताप सिंह ने अमृतसर की गोशाला को अपग्रेड करने की अपील की।
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किसानी मुद्दे को लेकर सभी विधानसभा के स्पीकरों को लिखेंगे पत्र
स्पीकर कुलतार सिंह संधवां ने कहा कि वह किसानी मुद्दे को लेकर सभी विधानसभा के स्पीकरों को पत्र लिखेंगे। किसान सिर्फ अपनी लड़ाई नहीं लड़ रहे हैं, बल्कि वह सभी उपभोक्ताओं की लड़ाई लड़ रहे हैं। किसानी संघर्ष में उपभोक्ताओं के हित शामिल हैं, ताकि उनको सही दाम पर सभी सामान उपलब्ध हो सके।