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पंजाबः होशियारपुर में कोऑपरेटिव बैंक में साढ़े 19.50 लाख की नकदी चोरी, ग्रिल तोड़कर घुसे
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, टांडा उड़मुड़ (होशियारपुर)
Updated Wed, 19 Sep 2018 10:16 PM IST
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टांडा के गांव नत्थूपुर फोकल प्वाइंट में मंगलवार रात कोऑपरेटिव बैंक की पिछली ग्रिल तोड़कर चोरों ने 19.50 लाख की नकदी व 12 बोर के 18 कारतूस चोरी कर लिए। बैंक मैनेजर राकेश कुमार ने बताया कि वह ढाई वर्ष से बैंक में अपने पद पर नौकरी कर रहा है। सुबह करीब नौ बजे सफाई सेवक ने बैंक के ताले खोले तो अंदर सारा सामान बिखरा हुआ था।
उसने स्टाफ को इसकी सूचना दी। मैनेजर ने बताया कि यह इलाका एनआरआई होने के कारण बैंक में बड़े स्तर पर लेनदेन होता रहता है। फोकल प्वाइंट में बैंक होने के कारण इसके साथ 10 से 12 गांव जुड़े हुए हैं। उन्होंने बताया कि मंगलवार दोपहर तक 20 लाख 40 हजार रुपये फीडिंग बैंक टांडा में भेजकर जमा करवा दिए गए थे। बाद में यह राशि बैंक में आने के कारण बैंक में ही सेफ में रख दी गई।
उन्होंने बताया कि इस बैंक की इमारत 1997 में बनी है। इसकी हालत काफी खस्ता हो चुकी है। इस संबंधी कई बार उच्च अधिकारियों को लिखकर भेजा गया है। दूसरी तरफ जीएम गुरबख्श कौर का कहना है कि उनके पास इस बैंक की इमारत की खराब हालत संबंधी कोई जानकारी नहीं पहुंची। लुटेरे नकद राशि और कारतूसों के साथ-साथ सीसीटीवी का सारा सिस्टम भी चोरी करके ले गए। उनकी पहचान करना मुश्किल है।
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सूचना मिलते ही एसपीडी हरप्रीत सिंह मंडेर, डीएसपी गुरप्रीत सिंह गिल और थाना प्रभारी प्रदीप सिंह पुलिस पार्टी समेत घटना स्थल पर पहुंचे।
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उसने स्टाफ को इसकी सूचना दी। मैनेजर ने बताया कि यह इलाका एनआरआई होने के कारण बैंक में बड़े स्तर पर लेनदेन होता रहता है। फोकल प्वाइंट में बैंक होने के कारण इसके साथ 10 से 12 गांव जुड़े हुए हैं। उन्होंने बताया कि मंगलवार दोपहर तक 20 लाख 40 हजार रुपये फीडिंग बैंक टांडा में भेजकर जमा करवा दिए गए थे। बाद में यह राशि बैंक में आने के कारण बैंक में ही सेफ में रख दी गई।
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उन्होंने बताया कि इस बैंक की इमारत 1997 में बनी है। इसकी हालत काफी खस्ता हो चुकी है। इस संबंधी कई बार उच्च अधिकारियों को लिखकर भेजा गया है। दूसरी तरफ जीएम गुरबख्श कौर का कहना है कि उनके पास इस बैंक की इमारत की खराब हालत संबंधी कोई जानकारी नहीं पहुंची। लुटेरे नकद राशि और कारतूसों के साथ-साथ सीसीटीवी का सारा सिस्टम भी चोरी करके ले गए। उनकी पहचान करना मुश्किल है।
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सूचना मिलते ही एसपीडी हरप्रीत सिंह मंडेर, डीएसपी गुरप्रीत सिंह गिल और थाना प्रभारी प्रदीप सिंह पुलिस पार्टी समेत घटना स्थल पर पहुंचे।