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कामगारों के लौटने से पटरी पर आने लगा कारोबार

Sun, 08 Nov 2020 01:21 AM IST
Panchkula Bureau पंचकुला ब्‍यूरो
Updated Sun, 08 Nov 2020 01:21 AM IST
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Business started coming back on track with the return of workers
पंचकूला। लॉकडाउन के दौरान अपने घरों को गए कामगार अब पंचकूला में लौटने लगे हैं। अब तक करीब 75 फीसदी कामगार पंचकूला की इंडस्ट्री में लौट चुके हैं और दीपावली के बाद लगभग नब्बे फीसदी तक कामगारों के पंचकूला में लौटने की उम्मीद है। कामगारों के लौटने से जिले की इंडस्ट्री ने चैन की सांस ली है। पंचकूला में करीब 1200 इंडस्ट्री हैं।
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पंचकूला इंडस्ट्री के एक एक्सपर्ट के अनुसार औसतन दो लाख से ज्यादा कामगार काम करते थे। जिले की इंडस्ट्री पंचकूला फेज-1 और पंचकूला फेज-2 के साथ ही बरवाला और रायपुररानी में है। रायपुररानी के पोल्ट्री फार्म भी इसमें शामिल हैं। पंचकूला की फर्नीचर इंडस्ट्री में लौटे उत्तर प्रदेश के कामगारों ने बताया कि कोरोना संक्रमण के खतरे को देखकर वह पंचकूला से गए तो लेकिन वहां खेती के अतिरिक्त कोई काम नहीं मिला। ऐसे में स्थिति सामान्य होने पर लौट आए। कामगारों के काम पर लौटने की एक वजह यह भी है कि अधिकतर गरीब परिवारों की बचत काफी कम है। कामगार अपने गांव लौटते हैं और कुछ ही दिनों में उनकी बचत खर्च हो जाती है।
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हुनरमंद हैं यह कामगार
पंचकूला में फैब्रिकेशन, फर्नीचर, ऑटो के साथ फार्मा, प्रिंटिंग एंड पैकेजिंग इंडस्ट्री है। खास बात यह है कि इन इंडस्ट्री के माध्यम से पंचकूला से विदेश को भी सामान जाता है। पंचकूला में प्रोडक्शन में जो कारीगरी होती है, वह इन कामगारों के हाथों की ही होती है। ऐसी स्थिति में कामगार यहां अपने हुनर से या व्यवसाय करके जो कमाई करते हैं वह गांव में रोजगार के उपलब्ध साधनों से कमाई की तुलना में कहीं ज्यादा है। एक कामगार औसतन साढ़े सात सौ रुपये से लेकर नौ सौ रुपये तक की दिहाड़ी बनाता है।
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पंचकूला में कामगारों का लौटना अब शुरू हो चुका है। एक अनुमान के अनुसार 75 फीसदी कामगार लौट चुके हैं और बाकी जल्द लौट आएंगे। यूपी, बंगाल और बिहार से आने वाले कामगार काफी हुनरमंद होते हैं। इसलिए इंडस्ट्री ज्यादातर उनको ही अपने काम में जोड़ती है। - राकेश गर्ग, महासचिव, इंडस्ट्री एसोसिएशन पंचकूला

पंचकूला में औसतन 75 फीसदी से ज्यादा कामगार लौट आए हैं। दीपावली के कारण कुछ कामगार अभी नहीं लौटे हैं। लेकिन उम्मीद यह है कि यह भी जल्द लौट आएंगे। वास्तव में इंडस्ट्री का काम ही कामगारों के दम पर चलता है। इनकी काबिलियत की वजह से ही इंडस्ट्री की ग्रोथ होती है। - विष्णु गोयल, प्रदेश अध्यक्ष, हरियाणा चैंबर आफ कामर्स एंड इंडस्ट्री
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