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Panchkula News: हाई रिस्क जोन में लोगों के बचाव के प्रबंध ठीक नहीं
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माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। डेंगू के बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से भले ही बचाव अभियान चलाया जा रहा है, लेकिन हाई रिस्क जोन में लोगों के बचाव के लिए प्रबंध ठीक नहीं हैं। वहीं, हाई रिस्क जोन में डेंगू की फॉगिंग का भी कोई शेड्यूल जारी नहीं किया गया है। हाई रिस्क जोन में फॉगिंग की सबसे अधिक जरूरत है, लेकिन कोई प्रबंध नहीं है। अभी तक 2365 लोगों को डेंगू का लारवा मिलने पर नोटिस दिया गया है।
वहीं, पंचकूला स्वास्थ्य विभाग की ओर से लगातार चेकिंग की जा रही है। इस दौरान कालका के खेड़ा सीतारा मोहल्ला, टिब्बी मोहल्ला सहित सभी जगह पानी के सैंपल भी लिए गए हैं। लोगों को डेंगू के बचाव के लिए पानी इकट्ठा न होने देने की सलाह दी गई है। लोगों को कूलर साफ रखने और आसपास साफ-सफाई के लिए जागरूक किया गया है।
विभाग ने 12 अतिरिक्त टीमें लगाई
सेक्टर-6 सिविल अस्पताल की सीएमओ डॉ. मुक्ता कुमार ने बताया कि अब जुलाई से 12 टीमें बढ़ा दी गई हैं। अब 50 टीमें शहर और हाई रिस्क जोन का दौरा कर रही हैं। उन्होंने बताया कि डेंगू से बचाने के लिए लोगों को जागरूक किया जा रहा है। सबसे अधिक लारवा भी यहीं पाया गया है। लोगों ने टैंकों में पानी अधिक इकट्ठा किया है। इस कारण यहां पर डेंगू का खतरा अधिक बना हुआ है। इसके अलावा डॉ. सोनी अरोड़ा और डॉ. संदीप की ओर से लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
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स्वास्थ्य विभाग की ओर से सभी एहतियात बरती जा रही हैं। जल्द ही कालका नगर परिषद के अधिकारियों के साथ बैठक करके हाई रिस्क जोन में फॉगिंग करवाई जाएगी। इसके लिए समय का शेड्यूल भी जल्द बनाया जाएगा। -डॉ. मुक्ता कुमार, सीएमओ, सिविल अस्पताल सेक्टर-6
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पंचकूला। डेंगू के बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से भले ही बचाव अभियान चलाया जा रहा है, लेकिन हाई रिस्क जोन में लोगों के बचाव के लिए प्रबंध ठीक नहीं हैं। वहीं, हाई रिस्क जोन में डेंगू की फॉगिंग का भी कोई शेड्यूल जारी नहीं किया गया है। हाई रिस्क जोन में फॉगिंग की सबसे अधिक जरूरत है, लेकिन कोई प्रबंध नहीं है। अभी तक 2365 लोगों को डेंगू का लारवा मिलने पर नोटिस दिया गया है।
वहीं, पंचकूला स्वास्थ्य विभाग की ओर से लगातार चेकिंग की जा रही है। इस दौरान कालका के खेड़ा सीतारा मोहल्ला, टिब्बी मोहल्ला सहित सभी जगह पानी के सैंपल भी लिए गए हैं। लोगों को डेंगू के बचाव के लिए पानी इकट्ठा न होने देने की सलाह दी गई है। लोगों को कूलर साफ रखने और आसपास साफ-सफाई के लिए जागरूक किया गया है।
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विभाग ने 12 अतिरिक्त टीमें लगाई
सेक्टर-6 सिविल अस्पताल की सीएमओ डॉ. मुक्ता कुमार ने बताया कि अब जुलाई से 12 टीमें बढ़ा दी गई हैं। अब 50 टीमें शहर और हाई रिस्क जोन का दौरा कर रही हैं। उन्होंने बताया कि डेंगू से बचाने के लिए लोगों को जागरूक किया जा रहा है। सबसे अधिक लारवा भी यहीं पाया गया है। लोगों ने टैंकों में पानी अधिक इकट्ठा किया है। इस कारण यहां पर डेंगू का खतरा अधिक बना हुआ है। इसके अलावा डॉ. सोनी अरोड़ा और डॉ. संदीप की ओर से लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
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स्वास्थ्य विभाग की ओर से सभी एहतियात बरती जा रही हैं। जल्द ही कालका नगर परिषद के अधिकारियों के साथ बैठक करके हाई रिस्क जोन में फॉगिंग करवाई जाएगी। इसके लिए समय का शेड्यूल भी जल्द बनाया जाएगा। -डॉ. मुक्ता कुमार, सीएमओ, सिविल अस्पताल सेक्टर-6