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45 हजार रिश्वत मामले में सीबीआई ने पेश की चार्ज शीट
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चंडीगढ़। बीती जनवरी में 45 हजार की रिश्वत लेने के मामले में मौलीजांगरा के एसएचओ बलजीत सिंह और कांस्टेबल सुरिंदर सिंह को सीबीआई ने रंगेहाथ गिरफ्तार किया था। मामले में सीबीआई ने सोमवार को कोर्ट में चार्जशीट पेश कर दी। चार्जशीट में थाने के एक और कांस्टेबल प्रमोद को भी रिश्वत कांड का आरोपी बनाया गया है। चार्जशीट के मुताबिक कांस्टेबल प्रमोद भी इस रैकेट का हिस्सा था। हालांकि सीबीआई ने अपनी एफआईआर कांस्टेबल को आरोपी नहीं बनाया था। चार्जशीट में 46 लोगों को गवाह बनाया गया है। मामला 28 जनवरी 2019 का है।
सीबीआई ने मौलीजागरां पुलिस स्टेशन के एसएचओ बलजीत सिंह और एक कांस्टेबल को 45 हजार रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। मौलीजागरां के ही रमेश कुमार ने सीबीआई को मामले में शिकायत दी थी। शिकायत के मुताबिक, एसएचओ और अन्य दो पुलिसकर्मी उनसे रिश्वत मांग रहे थे। पुलिस कर्मियों ने 26 जनवरी को शिकायतकर्ता रमेश के भतीजे पर ड्रग्स बेचने का आरोप लगाया था और दावा किया था कि उनके पास से चरस के तीन पैकेट बरामद हुए हैं। रमेश ने आरोप लगाया था कि एसएचओ उसे धमकी देकर मामला दर्ज न करने के एवज में 1 लाख 20 हजार रिश्वत की मांग रहा है। बातचीत के बाद उसने रिश्वत की रकम घटाकर 55 हजार रुपये कर दी। रमेश ने उसी दिन 10 हजार रुपये दे दिए जबकि बाकी के 45 हजार रुपये बाद में देने को कहा। इसके बाद उसने सीबीआई को मामले की शिकायत दे दी। इसके बाद सीबीआई ने एसएचओ की ओर से 45 हजार रुपये की रिश्वत की रकम लेने भेजे गए कांस्टेबल सुरिंदर राठी को रंगेहाथ दबोच लिया और उसे एसएचओ को फोन करने को कहा। इसके बाद सीबीआई ने एचएचओ को भी गिरफ्तार कर लिया।
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सीबीआई ने मौलीजागरां पुलिस स्टेशन के एसएचओ बलजीत सिंह और एक कांस्टेबल को 45 हजार रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। मौलीजागरां के ही रमेश कुमार ने सीबीआई को मामले में शिकायत दी थी। शिकायत के मुताबिक, एसएचओ और अन्य दो पुलिसकर्मी उनसे रिश्वत मांग रहे थे। पुलिस कर्मियों ने 26 जनवरी को शिकायतकर्ता रमेश के भतीजे पर ड्रग्स बेचने का आरोप लगाया था और दावा किया था कि उनके पास से चरस के तीन पैकेट बरामद हुए हैं। रमेश ने आरोप लगाया था कि एसएचओ उसे धमकी देकर मामला दर्ज न करने के एवज में 1 लाख 20 हजार रिश्वत की मांग रहा है। बातचीत के बाद उसने रिश्वत की रकम घटाकर 55 हजार रुपये कर दी। रमेश ने उसी दिन 10 हजार रुपये दे दिए जबकि बाकी के 45 हजार रुपये बाद में देने को कहा। इसके बाद उसने सीबीआई को मामले की शिकायत दे दी। इसके बाद सीबीआई ने एसएचओ की ओर से 45 हजार रुपये की रिश्वत की रकम लेने भेजे गए कांस्टेबल सुरिंदर राठी को रंगेहाथ दबोच लिया और उसे एसएचओ को फोन करने को कहा। इसके बाद सीबीआई ने एचएचओ को भी गिरफ्तार कर लिया।
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