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प्रशासक ने आईटी पार्क का किया दौरा
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अमर उजाला इंपेक्ट...22 जनवरी का पीडीएफ लगाएं...
प्रशासक ने एडवाइजर के साथ किया आईटी पार्क का दौरा
- खाली पड़ी जमीन पर तलाशी विकास की संभावनाएं
- सीएचबी की लग्जरी फ्लैट्स की योजना को अब मिलेगी रफ्तार
- अमर उजाला में प्रकाशित खबर के बाद प्रशासक ने की पड़ताल
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। राजीव गांधी चंडीगढ़ टेक्नोलॉजी पार्क में चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड के लग्जरी फ्लैट्स बनाए जाने की योजना में आ रही दिक्कतों को दूर करने के लिए प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने मंगलवार को एडवाइजर मनोज परिदा और आईटी डायरेक्टर आईएएस अर्जुन शर्मा के साथ यहां का दौरा किया। इस दौरान प्रशासक ने आईटी पार्क में अन्य विकास की परियोजनाओं की संभावनाओं को तलाशा। अमर उजाला ने मंगलवार को सीएचबी की लग्जरी फ्लैट्स की योजना अधर में लटकी खबर का प्रकाशन किया था, जिसके बाद प्रशासक ने आईटी पार्क का दौरा कर निर्माण कार्य में आ रही दिक्कतों की पड़ताल की।
आईटी पार्क के 123 एकड़ जमीन में से 17 एकड़ की दो साइट पर बोर्ड 1100 फ्लैट्स बनाएगा। इन फ्लैट की कंस्ट्रक्शन के लिए सीएचबी ने जो कंसल्टेंट हायर किया था उसने इनका डिजाइन तैयार कर प्रोजेक्ट रिपोर्ट फाइनल कर दी थी। कंसल्टेंट ने अपनी रिपोर्ट बोर्ड को सौंप दी थी। पूरी तैयारी के बाद सीएचबी ने जोनिंग प्लान के लिए फाइल यूटी प्रशासन की चीफ आर्किटेक्ट के पास भेजी थी, लेकिन चीफ आर्किटेक्ट द्वारा अभी तक फाइल अप्रूवल नहीं मिल पाई है।
यह है शहर की प्राइम लोकेशन
आईटी पार्क चंडीगढ़ की सबसे प्राइम लोकेशन है। उस कारण यह फ्लैट्स अपने आप में खास होंगे। यह साइट 10.51 एकड़ और 6.43 एकड़ की हैं, जिन पर 1100 फ्लैट बनाए जाएंगे। इकोनॉमिकल वीकर सेक्शन ईडब्ल्यूएस, वन-बेडरूम, टू-बेडरूम और थ्री-बेडरूम के फ्लैट्स बनेंगे। इसमें स्वीमिंग पूल और जिम्नेजियम हर ब्लॉक में होगा। बताया जा रहा है कि यहां फ्लैट का रेट करोड़ों रुपये में है।
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प्रशासक ने एडवाइजर के साथ किया आईटी पार्क का दौरा
- खाली पड़ी जमीन पर तलाशी विकास की संभावनाएं
- सीएचबी की लग्जरी फ्लैट्स की योजना को अब मिलेगी रफ्तार
- अमर उजाला में प्रकाशित खबर के बाद प्रशासक ने की पड़ताल
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। राजीव गांधी चंडीगढ़ टेक्नोलॉजी पार्क में चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड के लग्जरी फ्लैट्स बनाए जाने की योजना में आ रही दिक्कतों को दूर करने के लिए प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने मंगलवार को एडवाइजर मनोज परिदा और आईटी डायरेक्टर आईएएस अर्जुन शर्मा के साथ यहां का दौरा किया। इस दौरान प्रशासक ने आईटी पार्क में अन्य विकास की परियोजनाओं की संभावनाओं को तलाशा। अमर उजाला ने मंगलवार को सीएचबी की लग्जरी फ्लैट्स की योजना अधर में लटकी खबर का प्रकाशन किया था, जिसके बाद प्रशासक ने आईटी पार्क का दौरा कर निर्माण कार्य में आ रही दिक्कतों की पड़ताल की।
आईटी पार्क के 123 एकड़ जमीन में से 17 एकड़ की दो साइट पर बोर्ड 1100 फ्लैट्स बनाएगा। इन फ्लैट की कंस्ट्रक्शन के लिए सीएचबी ने जो कंसल्टेंट हायर किया था उसने इनका डिजाइन तैयार कर प्रोजेक्ट रिपोर्ट फाइनल कर दी थी। कंसल्टेंट ने अपनी रिपोर्ट बोर्ड को सौंप दी थी। पूरी तैयारी के बाद सीएचबी ने जोनिंग प्लान के लिए फाइल यूटी प्रशासन की चीफ आर्किटेक्ट के पास भेजी थी, लेकिन चीफ आर्किटेक्ट द्वारा अभी तक फाइल अप्रूवल नहीं मिल पाई है।
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यह है शहर की प्राइम लोकेशन
आईटी पार्क चंडीगढ़ की सबसे प्राइम लोकेशन है। उस कारण यह फ्लैट्स अपने आप में खास होंगे। यह साइट 10.51 एकड़ और 6.43 एकड़ की हैं, जिन पर 1100 फ्लैट बनाए जाएंगे। इकोनॉमिकल वीकर सेक्शन ईडब्ल्यूएस, वन-बेडरूम, टू-बेडरूम और थ्री-बेडरूम के फ्लैट्स बनेंगे। इसमें स्वीमिंग पूल और जिम्नेजियम हर ब्लॉक में होगा। बताया जा रहा है कि यहां फ्लैट का रेट करोड़ों रुपये में है।
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