फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Palwal News ›   TB patients at home will facilitate investigation

टीबी रोगियों को घर बैठे मिलेगी जांच की सुविधा

Wed, 28 Dec 2016 04:11 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Updated Wed, 28 Dec 2016 04:11 PM IST
विज्ञापन
TB patients at home will facilitate investigation
अस्पताल में मरीज - फोटो : अमर उजाला

टीबी रोग से ग्रस्त रोगियों को अब घर बैठे जांच की सुविधा मिलेगी। संशोधित राष्ट्रीय क्षयरोग (टीबी) नियंत्रण कार्यक्रम के तहत मरीजों की ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में डोर टू डोर जाकर मरीजों के स्वास्थ्य की जांच की जाएगी। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने सीनियर ट्रीटमेंट सुपरवाइजर नियुक्त किए हैं, जिन्हें दोपहिया वाहन दिए गए हैं।  

विज्ञापन


सिविल सर्जन डॉ. आदित्य स्वरूप गुप्ता ने मंगलवार को एक कार्यक्रम के दौरान बताया कि देशभर में संशोधित राष्ट्रीय क्षयरोग (टीबी) नियंत्रण कार्यक्रम चल रहा है। इस कार्यक्रम के तहत टीबी के मरीजों की डोर टू डोर जाकर स्वास्थ्य जांच करनी पड़ती है। 
विज्ञापन


इस कार्यक्रम के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा सीनियर ट्रीटमेंट सुपरवाइजरों की ड्यूटी लगाई गई है। जो कि पहले पांच लाख की आबादी पर एक सुपरवाइजर नियुक्त रहता था। अब ढाई लाख की आबादी पर एक सुपरवाइजर की नियुक्ति रहेगी। सुपरवाइजर को एक बाइक देने का प्रावधान है। वहीं सुपरवाइजर के साथ एक को-ऑर्डिनेटर भी होता है। जो गांवों में घर घर जाकर टीबी के मरीजों का डाटा लेते हैं और टीबी के मरीजों को बीमारी के प्रति जागरूक करते हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


संशोधित राष्ट्रीय क्षयरोग (टीबी) नियंत्रण कार्यक्रम का सफल बनाने के लिए भारत सरकार द्वारा पलवल जिला में बाइक व एक स्कूटी दी गई है। तीनों वाहनों को क्रमश: पलवल, होडल व हथीन ब्लॉक में नियुक्त किया गया है। एसटीएस दुपहिया वाहनों पर बैठकर गांवों में जाएंगे और टीबी मरीजों को टीवी प्रोग्राम में दोबारा से शामिल करेंगे। एसटीएस  को एक महीने में 20 टूर करने होंगे।  


इसी प्रकार शहरी क्षेत्र में संशोधित राष्ट्रीय क्षयरोग (टीबी) नियंत्रण कार्यक्रम के लिए टीबीएचयू नियुक्त किए गए हैं। डॉ. गुप्ता ने बताया कि टीबी एक छूत का रोग है और इसे प्रारंभिक अवस्था में नहीं रोका गया तो जानलेवा साबित होता है। यह रोग एक बैक्टीरिया के संक्रमण के कारण होता है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed