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आंगनवाडी वर्करों ने की सरकार के खिलाफ की नारेबाजी
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पलवल। जिला उपायुक्त कार्यालय पर चल रही आंगनबाड़ी वर्कर एंड हेल्पर यूनियन की हड़ताल मंगलवार को सातवें दिन भी जारी रही। हड़ताल पर बैठी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उनका आरोप था कि सरकार उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दे रही है और न ही उनकी मांगों को गंभीरता से लिया जा रहा है। हड़ताल की अध्यक्षता उर्मिला रावत व रामराति दलाल ने संयुक्त रूप से की। संचालन दीप्ति ने किया। उन्होंने कहा कि सरकार 2018 में हुए समझौते को लागू नहीं करना चाहती।
इस अवसर पर सीटू के जिला प्रधान श्रीपाल सिंह भाटी, एसकेएस के जिला सचिव योगेश शर्मा, रिटायर कर्मचारी संघ के बिधू सह ने बताया कि आंगनबाड़ी वर्कर व हेल्पर को सरकार अपने खाते से वेतन देती है, लेकिन सरकार ने आज तक उन्हें सरकारी कर्मचारी का दर्जा नहीं दिया है। कर्मचारियों की मांग है कि आंगनबाड़ी वर्कर हेल्पर को सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। वर्कर को 24 हजार रुपये और हेल्पर को 16 हजार रुपये दिए जाए। 2018 में की गई घोषणाओं को लागू किया जाए। महंगाई भत्ता उस में जोड़ा जाए। विभाग के द्वारा जब तक फोन नहीं दिए जाएंगे, ऑनलाइन का कार्य नहीं करेंगे। प्रधानमंत्री द्वारा 2018 में 1500 रुपये की जो बढ़ोतरी की गई थी, हरियाणा में अभी तक लागू नहीं किया गया है। उसे लागू किया जाए। उन्होंने कहा कि दुर्घटना होने पर इलाज सरकारी हो तथा वर्कर हेल्पर की वर्दी राशि का भुगतान किया जाए। हड़ताल को कर्मचारी नेता सोहन पाल चौहान, किसान नेता दरियाव सिंह, राहुल, हरदयाल सिंह आजाद, कमला, कृष्णा, पुष्पा, शशि, कमला, परसनदी गीता, कमलेश विमलेश ने संबोधित किया।
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इस अवसर पर सीटू के जिला प्रधान श्रीपाल सिंह भाटी, एसकेएस के जिला सचिव योगेश शर्मा, रिटायर कर्मचारी संघ के बिधू सह ने बताया कि आंगनबाड़ी वर्कर व हेल्पर को सरकार अपने खाते से वेतन देती है, लेकिन सरकार ने आज तक उन्हें सरकारी कर्मचारी का दर्जा नहीं दिया है। कर्मचारियों की मांग है कि आंगनबाड़ी वर्कर हेल्पर को सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। वर्कर को 24 हजार रुपये और हेल्पर को 16 हजार रुपये दिए जाए। 2018 में की गई घोषणाओं को लागू किया जाए। महंगाई भत्ता उस में जोड़ा जाए। विभाग के द्वारा जब तक फोन नहीं दिए जाएंगे, ऑनलाइन का कार्य नहीं करेंगे। प्रधानमंत्री द्वारा 2018 में 1500 रुपये की जो बढ़ोतरी की गई थी, हरियाणा में अभी तक लागू नहीं किया गया है। उसे लागू किया जाए। उन्होंने कहा कि दुर्घटना होने पर इलाज सरकारी हो तथा वर्कर हेल्पर की वर्दी राशि का भुगतान किया जाए। हड़ताल को कर्मचारी नेता सोहन पाल चौहान, किसान नेता दरियाव सिंह, राहुल, हरदयाल सिंह आजाद, कमला, कृष्णा, पुष्पा, शशि, कमला, परसनदी गीता, कमलेश विमलेश ने संबोधित किया।
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