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गर्भपात में संचालक और पत्नी फंसे
अमर उजाला, सिरसा
Updated Thu, 02 Jan 2014 09:10 PM IST
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सिरसा में स्वास्थ्य विभाग की ओर से बेगू रोड स्थित एक क्लीनिक के संचालक व उसकी पत्नी के खिलाफ सिविल सर्जन डॉ. सुरेंद्र नैन की शिकायत पर केस दर्ज किया गया। उक्त क्लीनिक के पास विभाग की ओर से निर्धारित कोई अनुमति नहीं थी। टीम ने मौके से डिलीवरी के दौरान प्रयोग होने वाली 56 तरह की दवाइयां और 15 प्रकार के उपकरण बरामद किए हैं।
सीएमओ डॉ. एसके नैन ने बताया कि बेगू रोड पर हरमन क्लीनिक में बुधवार रात स्वास्थ्य विभाग की टीम ने छापामार तो क्लीनिक से गर्भपात में प्रयुक्त होने वाले औजार और दवाइयां बरामद हुई है। यह क्लीनिक मेडिकल टर्मिनेशन प्रेगनेंसी (एमटीपी) के लिए रजिस्टर्ड ही नहीं है।
टीम ने वहां से कई फाइलें भी बरामद की हैं, जिनमें 32 सप्ताह के गर्भस्थ मृत शिशुआें का गर्भपात किया गया है जबकि 20 सप्ताह के गर्भस्थ शिशुआें के गर्भपात के लिए स्पेशलिस्ट डॉक्टरों की आवश्यकता होती है। विभागीय टीम ने क्लीनिक से अल्ट्रासाउंड की रिपोर्ट भी बरामद की हैं।
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सीएमओ ने बताया कि अगर अल्ट्रासाउंड केंद्राें में अनियमितता पाई गई तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई होगी। उधर इस मामले में शहर थाना पुलिस ने हरमन क्लीनिक के संचालक गुरजीत सिंह और उसकी पत्नी प्रवीण कौर के खिलाफ एमटीपी एक्ट की धारा 3,4 व 5 के तहत मुकदमा दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
उक्त टीम में सीएमओ डॉ. एसके नैन, डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. राजकुमार, डॉ. राहुल गर्ग, डॉ. राकेश कुमार, डॉ. अर्चना अग्रवाल व सीनियर ड्रग कंट्रोलर एनके गोयल शामिल थे।
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सीएमओ डॉ. एसके नैन ने बताया कि बेगू रोड पर हरमन क्लीनिक में बुधवार रात स्वास्थ्य विभाग की टीम ने छापामार तो क्लीनिक से गर्भपात में प्रयुक्त होने वाले औजार और दवाइयां बरामद हुई है। यह क्लीनिक मेडिकल टर्मिनेशन प्रेगनेंसी (एमटीपी) के लिए रजिस्टर्ड ही नहीं है।
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टीम ने वहां से कई फाइलें भी बरामद की हैं, जिनमें 32 सप्ताह के गर्भस्थ मृत शिशुआें का गर्भपात किया गया है जबकि 20 सप्ताह के गर्भस्थ शिशुआें के गर्भपात के लिए स्पेशलिस्ट डॉक्टरों की आवश्यकता होती है। विभागीय टीम ने क्लीनिक से अल्ट्रासाउंड की रिपोर्ट भी बरामद की हैं।
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सीएमओ ने बताया कि अगर अल्ट्रासाउंड केंद्राें में अनियमितता पाई गई तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई होगी। उधर इस मामले में शहर थाना पुलिस ने हरमन क्लीनिक के संचालक गुरजीत सिंह और उसकी पत्नी प्रवीण कौर के खिलाफ एमटीपी एक्ट की धारा 3,4 व 5 के तहत मुकदमा दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
उक्त टीम में सीएमओ डॉ. एसके नैन, डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. राजकुमार, डॉ. राहुल गर्ग, डॉ. राकेश कुमार, डॉ. अर्चना अग्रवाल व सीनियर ड्रग कंट्रोलर एनके गोयल शामिल थे।