{"_id":"530ee1e00ad42ad8a9a41e2bf649f08d","slug":"not-be-disregarded-demands-of-the-petrol-strike","type":"story","status":"publish","title_hn":"मांगें न मानीं तो पेट्रोल पंपों की होगी हड़ताल ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मांगें न मानीं तो पेट्रोल पंपों की होगी हड़ताल
कैथ्ाल
Updated Sun, 29 Sep 2013 02:12 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोयल कांप्लेक्स में शनिवार को ऑल हरियाणा पेट्रोलियम डीलर एसोसिएशन की प्रदेश स्तरीय मीटिंग में ऐलान किया गया कि यदि सरकार ने शीघ्र डीलर्स की मांगों को नहीं माना तो वे पेट्रोल पंपों की हड़ताल कर देंगे।
बैठक में प्रदेश चेयरमैन रणजीत सिंह चौहान व प्रदेश अध्यक्ष दिनेश गोयल ने बताया कि एमडीजी 2013 में तेल कंपनियों के अधिकारियों की जवाबदेही खत्म कर दी गई है। नियम और शर्तें सख्त कर दी गई हैं। इसमें डीलरों का सरासर शोषण किया जा रहा है।
राज्य सरकार कंपनी के डिपो पर ही पेट्रोल व डीजल पर पूरा टैक्स वसूल कर रही है, लेकिन बिक्री करने पर जो घटौती सरकार द्वारा स्वीकृत की गई है। उस मात्रा पर भी वेट टैक्स में छूट नहीं दी जा रही है। जो डीलरों के साथ नाइंसाफी है। उन्होंने कहा कि पिछले एक साल से लगातार मांग के बावजूद डीजल और पेट्रोल की बिक्री पर कमीशन नहीं बढ़ाया गया है, जबकि तेल कंपनियों ने तेल के दाम पिछले एक साल के दौरान 6-7 बार बढ़ा दिए है। उन्होंने कहा कि पेट्रोल एसोसिएशन की मांग है कि प्रतिशत पर कमीशन लागू किया जाए।
विज्ञापन
इसमें मूल्यों में बदलाव के कारण कमीशन घटता व बढ़ता रहे। उन्होंने कहा कि ऑयल डिपुओं से तेल की सप्लाई भर कर ले जाने वाली टैंक लारियों से तेल चोरी होता है। इस काम के लिए सड़कों के आसपास ढाबे बन चुके हैं। इस बारे में हरियाणा सरकार को कई बार पत्र लिखकर इस बारे में सूचित किया है, लेकिन इस चोरी का रोकने का कोई समुचित उपाय सरकार ने नहीं किया है। उन्होंने सरकार व तेल कंपनियों से मांग है कि डीलरों समस्याओं का अतिशीघ्र समाधान किया जाए। बैठक में एमसी गुप्ता, पूर्ण चंद गुप्ता, राहुल खुरानिया, सुशील बिंदलिश, सुनील तिवारी, रामफल मोर, शशिभूषण वालिया, धीर सिंह नैन, योगेश गर्ग, वेद मुंजाल, बलवान कोटड़ा सहित भारी संख्या में मिलर्स ने भाग लिया।
विज्ञापन
बैठक में प्रदेश चेयरमैन रणजीत सिंह चौहान व प्रदेश अध्यक्ष दिनेश गोयल ने बताया कि एमडीजी 2013 में तेल कंपनियों के अधिकारियों की जवाबदेही खत्म कर दी गई है। नियम और शर्तें सख्त कर दी गई हैं। इसमें डीलरों का सरासर शोषण किया जा रहा है।
विज्ञापन
राज्य सरकार कंपनी के डिपो पर ही पेट्रोल व डीजल पर पूरा टैक्स वसूल कर रही है, लेकिन बिक्री करने पर जो घटौती सरकार द्वारा स्वीकृत की गई है। उस मात्रा पर भी वेट टैक्स में छूट नहीं दी जा रही है। जो डीलरों के साथ नाइंसाफी है। उन्होंने कहा कि पिछले एक साल से लगातार मांग के बावजूद डीजल और पेट्रोल की बिक्री पर कमीशन नहीं बढ़ाया गया है, जबकि तेल कंपनियों ने तेल के दाम पिछले एक साल के दौरान 6-7 बार बढ़ा दिए है। उन्होंने कहा कि पेट्रोल एसोसिएशन की मांग है कि प्रतिशत पर कमीशन लागू किया जाए।
विज्ञापन
इसमें मूल्यों में बदलाव के कारण कमीशन घटता व बढ़ता रहे। उन्होंने कहा कि ऑयल डिपुओं से तेल की सप्लाई भर कर ले जाने वाली टैंक लारियों से तेल चोरी होता है। इस काम के लिए सड़कों के आसपास ढाबे बन चुके हैं। इस बारे में हरियाणा सरकार को कई बार पत्र लिखकर इस बारे में सूचित किया है, लेकिन इस चोरी का रोकने का कोई समुचित उपाय सरकार ने नहीं किया है। उन्होंने सरकार व तेल कंपनियों से मांग है कि डीलरों समस्याओं का अतिशीघ्र समाधान किया जाए। बैठक में एमसी गुप्ता, पूर्ण चंद गुप्ता, राहुल खुरानिया, सुशील बिंदलिश, सुनील तिवारी, रामफल मोर, शशिभूषण वालिया, धीर सिंह नैन, योगेश गर्ग, वेद मुंजाल, बलवान कोटड़ा सहित भारी संख्या में मिलर्स ने भाग लिया।