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Mahendragarh-Narnaul News: हत्या मामले में आरोपी मंजीत की तीसरी जमानत अर्जी खारिज
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नारनौल। कनीना के गांव धनुंदा में हुए हत्या मामले में आरोपी मंजीत अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश हर्षाली चौधरी की अदालत ने तीसरी जमानत अर्जी खारिज कर दी।
जानकारी के अनुसार, 21 सितंबर 2021 की शाम करीब 7:30 बजे गांव धनुंदा में विक्रम की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। शिकायतकर्ता देवीराम ने बताया था कि वह अपने साथियों के साथ कार्यालय में बैठा था तभी मंजीत और उसके साथी हथियारों से लैस होकर पहुंचे और विक्रम पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी।
गंभीर रूप से घायल विक्रम को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बचाव पक्ष ने दलील दी कि आरोपी 23 सितंबर 2021 से जेल में है और 25 में से 9 गवाहों के बयान दर्ज हो चुके हैं। शेष गवाह औपचारिक हैं इसलिए अब साक्ष्यों से छेड़छाड़ की आशंका नहीं है।
अदालत ने कहा कि यह तीसरी जमानत अर्जी है और पहले भी याचिकाएं खारिज हो चुकी हैं। केवल कुछ गवाहों के बयान हो जाना परिस्थितियों में बड़ा बदलाव नहीं माना जा सकता, खासकर जब मामला हत्या जैसे गंभीर अपराध से जुड़ा हो।
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अदालत ने यह भी माना कि आरोपी की भूमिका अन्य सह आरोपियों से अलग और अधिक गंभीर है इसलिए समानता के आधार पर जमानत नहीं दी जा सकती।
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जानकारी के अनुसार, 21 सितंबर 2021 की शाम करीब 7:30 बजे गांव धनुंदा में विक्रम की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। शिकायतकर्ता देवीराम ने बताया था कि वह अपने साथियों के साथ कार्यालय में बैठा था तभी मंजीत और उसके साथी हथियारों से लैस होकर पहुंचे और विक्रम पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी।
गंभीर रूप से घायल विक्रम को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बचाव पक्ष ने दलील दी कि आरोपी 23 सितंबर 2021 से जेल में है और 25 में से 9 गवाहों के बयान दर्ज हो चुके हैं। शेष गवाह औपचारिक हैं इसलिए अब साक्ष्यों से छेड़छाड़ की आशंका नहीं है।
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अदालत ने कहा कि यह तीसरी जमानत अर्जी है और पहले भी याचिकाएं खारिज हो चुकी हैं। केवल कुछ गवाहों के बयान हो जाना परिस्थितियों में बड़ा बदलाव नहीं माना जा सकता, खासकर जब मामला हत्या जैसे गंभीर अपराध से जुड़ा हो।
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अदालत ने यह भी माना कि आरोपी की भूमिका अन्य सह आरोपियों से अलग और अधिक गंभीर है इसलिए समानता के आधार पर जमानत नहीं दी जा सकती।