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लोक अदालत में किया गया 297 केसों का निपटारा
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 12 Feb 2017 12:11 AM IST
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राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के सौजन्य से हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण चंडीगढ़ के निर्देशानुसार शनिवार को न्यायिक परिसर, नारनौल, महेन्द्रगढ़ व कनीना में लोक अदालत लगाई गई। इन लोक अदालतों की अध्यक्षता अरुण कुमार सिगंल जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने की। अदालत विवेक यादव सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की देखरेख में आयोजित हुई।
इस लोक अदालत में डा. आरके डोगरा, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मधुर बजाज, पूनम कंवर व रामौतार पारीक अतिरिक्त सिविल जज की बैचों द्वारा फैसले किए गए। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव विवेक यादव ने बताया कि इस लोक अदालत में वाहन दुर्घटना मुआवजा केस, वैवाहिक मामले, जमीन अधिग्रहण मुआवजा से संबंधित मामले, दीवानी मामले जैसे की किराया, बैक ऋण, पेंडिंग एवं प्री-लेटीगेटिव केस, बच्चों व पत्नी के लिए भरण-पोषण, चेक बाउंस व राजीनामा योग्य फौजदारी मामलों को रखा गया। उन्होंने बताया कि इस लोक अदालत में कुल 1467 केस निपटारे हेतु रखें गए। जिनमें से 297 केसों का फैसला किया गया। जिसमें से 18 मोटर वाहन दुर्घटना से संबंधित मामले जिनमें कुल 87,41,000 रुपए का मुआवजा दिया गया। इसके अलावा बैंक लोन व चैक बाउन्स से सम्बन्धित मामलों में कुल 45,15,731 रुपए का समझौता हुआ।
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इस लोक अदालत में डा. आरके डोगरा, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मधुर बजाज, पूनम कंवर व रामौतार पारीक अतिरिक्त सिविल जज की बैचों द्वारा फैसले किए गए। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव विवेक यादव ने बताया कि इस लोक अदालत में वाहन दुर्घटना मुआवजा केस, वैवाहिक मामले, जमीन अधिग्रहण मुआवजा से संबंधित मामले, दीवानी मामले जैसे की किराया, बैक ऋण, पेंडिंग एवं प्री-लेटीगेटिव केस, बच्चों व पत्नी के लिए भरण-पोषण, चेक बाउंस व राजीनामा योग्य फौजदारी मामलों को रखा गया। उन्होंने बताया कि इस लोक अदालत में कुल 1467 केस निपटारे हेतु रखें गए। जिनमें से 297 केसों का फैसला किया गया। जिसमें से 18 मोटर वाहन दुर्घटना से संबंधित मामले जिनमें कुल 87,41,000 रुपए का मुआवजा दिया गया। इसके अलावा बैंक लोन व चैक बाउन्स से सम्बन्धित मामलों में कुल 45,15,731 रुपए का समझौता हुआ।
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