{"_id":"56d9d79a4f1c1bb3048b49b5","slug":"environment-change-hospital-patient","type":"story","status":"publish","title_hn":"बदलते मौसम के कारण बढ़ी मरीजों की संख्या ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बदलते मौसम के कारण बढ़ी मरीजों की संख्या
ब्यूरो/अमर उजाला
Updated Sat, 05 Mar 2016 12:14 AM IST
विज्ञापन
मौसम परिवर्तन
- फोटो : narnaul
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मौसम परिवर्तन होते ही सामान्य अस्पताल अटेली में रोगियों की संख्या बढ़ने लगी है। ओपीडी जहां पहले की तुलना में दोगुनी हो गई। वहीं निजी अस्पतालों में भी मरीजों की संख्या बढ़ रही है। मौसम के इस परिवर्तन के दौरान जुकाम, बुखार व खांसी जैसी बीमारियां जन्म ले लेती है। गर्मी की आहट से पहले ही लोग सर्दी के वस्त्र उतार देने का सबसे बड़ा कारण बीमारियों का फैलना है। लोग गर्मी समझकर गर्म कपड़ों को छोड़कर सामान्य वस्त्र धारण कर लेते है ऐसे मौसम में सुबह शाम सर्दी की मार के चलते जुकाम खांसी की चपेट में आ जाते है।
इस संबंध में सामान्य अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. आदित्य का कहना है कि बदलते इस मौसम के दौरान मरीजों की संख्या बढ़ती है। सामान्य अस्पताल में भी जहां पहले 250 की ओपीडी आती थी वहीं अब 500 तक पहुंच गई है। जुकाम व खांसी के मरीजों की ही संख्या इस समय सबसे अधिक है। लोगों को सावधानी बरतने की आवश्यकता है। बदलते इस मौसम में एकाएक गर्म कपड़ों का त्याग नहीं करना चाहिए तथा खाने-पीने में भी सावधानी बरतनी चाहिए।
विज्ञापन
इस संबंध में सामान्य अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. आदित्य का कहना है कि बदलते इस मौसम के दौरान मरीजों की संख्या बढ़ती है। सामान्य अस्पताल में भी जहां पहले 250 की ओपीडी आती थी वहीं अब 500 तक पहुंच गई है। जुकाम व खांसी के मरीजों की ही संख्या इस समय सबसे अधिक है। लोगों को सावधानी बरतने की आवश्यकता है। बदलते इस मौसम में एकाएक गर्म कपड़ों का त्याग नहीं करना चाहिए तथा खाने-पीने में भी सावधानी बरतनी चाहिए।
विज्ञापन