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Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   Decisions regarding dilapidated school buildings will now be taken at the district level; preparations are underway to declare 170 classrooms unsafe.

Mahendragarh-Narnaul News: स्कूल के जर्जर भवनों का अब जिला स्तर पर होगा फैसला, 170 कमरों को असुरक्षित घोषित करने की तैयारी

Sat, 01 Aug 2026 12:02 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sat, 01 Aug 2026 12:02 AM IST
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Decisions regarding dilapidated school buildings will now be taken at the district level; preparations are underway to declare 170 classrooms unsafe.
फोटो नंबर-09सरकारी स्कूल की छत से गिरा पलस्तर। संवाद
नारनौल। जिले के सरकारी स्कूलों में लंबे समय से जर्जर भवनों और कमरों की समस्या अब जल्द दूर होने की उम्मीद है। हरियाणा सरकार ने खराब और असुरक्षित स्कूल कमरों को जिलास्तर पर ही असुरक्षित घोषित करने की अनुमति दे दी है। इससे अब ऐसे मामलों में मुख्यालय से मंजूरी लेने में लगने वाला समय कम होगा।
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जिला शिक्षा विभाग के अनुसार, महेंद्रगढ़ जिले के 23 सरकारी विद्यालयों में करीब 170 कमरे जर्जर हालत में हैं। इनमें कई कमरों की छत और दीवारों में दरारें आ चुकी हैं। कुछ कमरों में लंबे समय से ताले लगे हुए हैं। सुरक्षा को देखते हुए इन कमरों में विद्यार्थियों की पढ़ाई पहले ही बंद कर दी गई है।
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नई व्यवस्था के अनुसार, अब जिलास्तरीय समिति स्कूल भवनों का निरीक्षण कर उन्हें असुरक्षित घोषित करने का निर्णय ले सकेगी। समिति में अतिरिक्त उपायुक्त अध्यक्ष होंगे। इसके अलावा लोक निर्माण विभाग (भवन एवं सड़क) के कार्यकारी अभियंता, जिला शिक्षा अधिकारी और जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी सदस्य रहेंगे।
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समिति भवनों की स्थिति का तकनीकी मूल्यांकन कर अपनी रिपोर्ट तैयार करेगी। जांच में असुरक्षित पाए जाने वाले कमरों को उपयोग से बाहर कर दिया जाएगा और जरूरत के अनुसार उनके ध्वस्तीकरण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इसके बाद नए कमरों या भवनों के निर्माण के लिए प्रस्ताव सरकार को भेजे जाएंगे।

वर्जन:
पहले जर्जर भवनों को असुरक्षित घोषित करने की मंजूरी मुख्यालय स्तर से मिलती थी जिससे कई महीने लग जाते थे। अब जिलास्तर पर ही निर्णय होने से विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ नए भवन निर्माण का रास्ता भी शीघ्र प्रशस्त होगा। -अशोक कुमार शर्मा, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी नारनौल।
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