पीड़िता के पिता ने छोड़ा गांव, समझौते का दबाव

ब्यूरो/अमर उजाला Updated Thu, 31 Mar 2016 11:56 PM IST
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सामूहिक दुराचार
सामूहिक दुराचार - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो

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दलित छात्रा के साथ दुराचार का मामला विधानसभा में उठने के बाद सत्ता पक्ष से जुड़े लोगों का दबाव पड़ने पर पीड़िता के पिता ने वीरवार को गांव छोड़ दिया है। आरोपी भी पीड़िता के गांव का ही है। एक आरोपी का पिता भाजपा का पदाधिकारी होने के साथ पूर्व सरपंच भी है। मामला दर्ज होने के बाद भी आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। परिवार के अन्य सदस्यों का कहना है कि वे स्वयं को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। इसी कारण उनके पिता किसी परिजन के पास चले गए हैं। पुलिस की तरफ से भी कोई सुरक्षा मुहैया नहंी कराई गई है।
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ये है मामला
पीड़िता द्वारा दर्ज करवाए मामले के अनुसार वह 8 मार्च की रात को घर से किसी काम से बाहर निकली थी। रास्ते में गांव के ही अमित और त्रिलोक ने मुंह पर कपड़ा रखकर बाइक पर बिठा लिया और उसे खेतों में ले गए। जहां इन दोनों ने उसके साथ दुराचार किया। इन दोनों ने गांव के ही योगेश उर्फ गोलिया और गगनदीप को भी बुला लिया। थोड़ी देर बाद दोनों वहां आ गए, इन्होंने भी उसके साथ रेप किया। चारों लोगों ने उसकी वीडियो बना ली और उसे धमकाया कि अगर उसने यह बात किसी को बताई तो वे वीडियो इंटरनेट पर डाल देंगे। जब इन लोगों ने ज्यादा परेशान करना शुरू किया तो छात्रा ने पूरा मामला घरवालों को बता दिया।
इन धाराओं में दर्ज है मामला
पुलिस के द्वारा चारों आरोपियों अमित, त्रिलोक, योगेश उर्फ गोलिया और गगनदीप के खिलाफ पोक्सो एंड एससी एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था। मामले में एक आरोपी त्रिलोक को गिरफ्तार किया जा चुका है।

रेप के आरोपियों की हो तुरंत गिरफ्तारी : राव दान सिंह
दलित नाबालिग छात्रा से रेप के आरोपियों को पुलिस बचाने की कोशिश कर रही है। इस तरह का घिनौना कृत्य करने वालों की तुरंत गिरफ्तारी हो और उनके विरूद्ध कठोर से कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए। पूर्व सीपीएस एवं कांग्रेस नेता राव दान सिंह का कहना है कि महेंद्रगढ़ जैसे शांतिप्रिय इलाके में इस तरह का अपराध दुर्भाग्य पूर्ण है। इस मामले में प्रभावशाली के पुत्र के शामिल होने से पुलिस जांच प्रभावित हो रही है। आरोपियों को राजनैतिक संरक्षण प्राप्त होने के कारण पुलिस दबाव के चलते अभी तक आरोपियों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर पाई है।

एनएसयूआई ने किया गिरफ्तारी के लिए प्रदर्शन
दलित छात्रा के साथ गैंगरेप के मामले में एनएसयूआई के कार्यकर्ताओं ने वीरवार को आजाद चौक पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी छात्रों का नेतृत्व छात्रनेता अंकित खायरा ने किया। प्रदर्शनकारी छात्रों ने सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। एनएसयूआई कार्यकर्ताओं का कहना था कि सरकार के इशारे पर आरोपियों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है। प्रदर्शन करने वालों में प्रदीप खातोद, प्रवीन, देवेंद्र, राहुल, कमल, सुनील, राकेश, हीरालाल शामिल रहे।
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