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टेस्टिंग किट के माध्यम से होगी पानी की कैमिकल जांच
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वॉसो स्टाफ को पानी की जांच करने की विधि बताते हुए । संवाद
- फोटो : Narnol
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नारनौल। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के जल एवं स्वच्छता सहायक संगठन द्वारा गांव-गांव जाकर फिल्ड टेस्टिंग किट से पीने के पानी की केमिकल की जांच की जाएगी।
जिला सलाहकार मंगतुराम सरसवा ने बताया कि ट्वाड बोर्ड तमिलनाडु से केमिकल फिल्ड टेस्टिंग किट मंगवाई गई है। इनसे गांव में पीने के पानी के स्रोतों की जांच की जाएगी। एक खंड के लिए 2 किट आई हैं। एक किट से 100 सैंपल जांचे जा सकते हैं। प्रत्येक बीआरसी को एक-एक केमिकल किट प्रदान कर दी गई है। वे फिल्ड में जाकर ग्राम जल एवं सीवरेज समिति, ग्रामीण महिलाओं, नलकूप चालकों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को पीने के पानी की जांच करने का प्रशिक्षण भी प्रदान करेंगे। इस कार्य में सक्षम युवा भी सहयोग करेंगे। पानी की जांच करने के तरीकों के बारे में विभागीय स्टाफ को प्रशिक्षित किया गया। इस मौके पर बीआरसी विक्रम सिंह, अनीता, इंद्रजीत, सक्षम युवा अंकुर, प्रीति, दया, रेखा, अजीत व सुरेंद्र आदि उपस्थित रहे।
इन पैरामीटर पर होगी जांच
मंगतुराम सरसवा ने बताया कि बीआरसी गांव-गांव जाकर पानी के केमिकल की जांच करेंगे। 12 पैरामीटर पर यह जांच होगी। इनमें मुख्यत: एलक्लेनिटी, क्लोराइड, हार्डनेस, टीडीएस, पीएच, फ्लोराइड, आयरन, अमोनिया, नाइट्रेट, निटरेट, फास्फेट, क्लोरिन की मात्रा भी जांची जाएगी। स्वीकार्य सीमा से अधिक पैरामीटर पाए जाने पर संबंधित स्रोत के पानी की री-सैंपलिंग के लिए नारनौल स्थित जिला लैब में सैंपल भेजा जाएगा।
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जिला सलाहकार मंगतुराम सरसवा ने बताया कि ट्वाड बोर्ड तमिलनाडु से केमिकल फिल्ड टेस्टिंग किट मंगवाई गई है। इनसे गांव में पीने के पानी के स्रोतों की जांच की जाएगी। एक खंड के लिए 2 किट आई हैं। एक किट से 100 सैंपल जांचे जा सकते हैं। प्रत्येक बीआरसी को एक-एक केमिकल किट प्रदान कर दी गई है। वे फिल्ड में जाकर ग्राम जल एवं सीवरेज समिति, ग्रामीण महिलाओं, नलकूप चालकों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को पीने के पानी की जांच करने का प्रशिक्षण भी प्रदान करेंगे। इस कार्य में सक्षम युवा भी सहयोग करेंगे। पानी की जांच करने के तरीकों के बारे में विभागीय स्टाफ को प्रशिक्षित किया गया। इस मौके पर बीआरसी विक्रम सिंह, अनीता, इंद्रजीत, सक्षम युवा अंकुर, प्रीति, दया, रेखा, अजीत व सुरेंद्र आदि उपस्थित रहे।
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इन पैरामीटर पर होगी जांच
मंगतुराम सरसवा ने बताया कि बीआरसी गांव-गांव जाकर पानी के केमिकल की जांच करेंगे। 12 पैरामीटर पर यह जांच होगी। इनमें मुख्यत: एलक्लेनिटी, क्लोराइड, हार्डनेस, टीडीएस, पीएच, फ्लोराइड, आयरन, अमोनिया, नाइट्रेट, निटरेट, फास्फेट, क्लोरिन की मात्रा भी जांची जाएगी। स्वीकार्य सीमा से अधिक पैरामीटर पाए जाने पर संबंधित स्रोत के पानी की री-सैंपलिंग के लिए नारनौल स्थित जिला लैब में सैंपल भेजा जाएगा।
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