फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   action,narnol,mahendergarh,CM flying

अवैध टायर फैक्टरी सील, संचालक समेत पांच पर केस

Thu, 12 Nov 2020 11:41 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 12 Nov 2020 11:41 PM IST
विज्ञापन
action,narnol,mahendergarh,CM flying
सीएम उड़नदस्ते और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने अवैध रूप से चल रही टायर फैक्टरी पर बुधवार की रात कार्रवाई की। टीम ने फैक्टरी को सीलकर दिया है। क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के एसडीओ की शिकायत पर सदर थाना पुलिस ने फैक्टरी मालिक सूबे सिंह, गुलाब व मिठू समेत पांच पर पर्यावरण अधिनियम, धोखाधड़ी समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।
विज्ञापन

जानकारी के अनुसार अमरपुर जौरासी गांव के पास महाबीर टायर फैक्टरी में चोरी छिपे टायर जलाने का काम चल रहा है, जिससे आसपास के लोगों को प्रदूषण की समस्या से जूझना पड़ रहा था। इसकी जानकारी लोगों को प्रदूषण बोर्ड के अधिकारियों को दी थी। इस पर बुधवार की रात सीएम उड़नदस्ता रेवाड़ी और बोर्ड के एसडीओ मोहित ने पुलिस टीम के साथ टायर फैक्टरी पर छापा मारा। इस दौरान सीएम उड़नदस्ता से एसआई सतबीर सिंह, एससी अजय कुमार और सीआईडी विश्वजीत, एसआई जसवंत और लीलाराम व हिम्मत मौजूद रहे। टीम को कार्रवाई के दौरान दो रिएक्टर चलते मिले और दो कर्मचारी काम करते मिले। इनकी पहचान सागर मध्य प्रदेश निवासी हरि शंकर व राधे के रूप में हुई।
विज्ञापन

पूछताछ में दोनों ने बताया कि रबर उद्योग को बहरोड़ राजस्थान निवासी सूबे सिंह, गुलाब व मिठू मिलकर चला रहे हैं। जांच में मौके से काफी टायर भी मिले। इसके बाद एसडीओ ने सदर थाना पुलिस में शिकायत दी। इसमें उन्होंने आरोप लगाया हैं कि आरोपियों ने सील की हुई फैक्टरी और मशीनों की सील को तोड़कर दोबारा चलाकर धोखाधड़ी की है। आरोपी बिना लाइसेंस लिए फैक्टरी चला रहे थे। जबकि, पर्यावरण को देखते हुए इस तरह के उद्योगों पर पाबंदी लगी हुई है। फैक्टरी से एक ट्रक भी बरामद हुआ है। टायर का तेल रोहतक भेजते थे। पुलिस केस दर्ज कर मामले की जांच कर रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

एसडीओ के अनुसार सात अगस्त 2018 को टायर फैक्टरी को सील कर दिया गया था। दोबारा से फैक्टरी को चलाने की सूचना पर छह जुलाई 2020 को कार्रवाई कर सील कर दिया गया था। 20 अगस्त 2020 को फैक्टरी का बिजली का कनेक्शन काटने के लिए बिजली निगम को कहा था। इसके बाद भी आरोपी चोरी छिपे फैक्टरी को चला रहे थे।
धुएं से परेशान थे ग्रामीण
अमरपुर जौरासी के आसपास के गांव के लोगों को टायर जलने के धुएं से सांस लेना मुश्किल हो रहा था। दूसरी ओर धोलेड़ा, बिगोपुर, मेघोत बींजा, जैनपुर, गांगोताना, मूसनोता, बांयल व खातोली गांव की सीमा में क्रशर जोन स्थापित हो गया। पत्थर पिसाई के दौरान उड़ने वाली धूल से करीब बीस गांव प्रभावित हैं। मेघोत हाला, सैदअलीपुर, गोलवा, मेघोत बींजा गांव के बीच में टायर जलाने वाली फैक्टरी होने से लोगों को परेशानी हो रही थी। टायरों का धुआं ग्रामीणों के लिए मुसीबत बन गया था।

शहर में एक्यूआई 262 रहा
नारनौल शहर की वायु गुणवत्ता में बीते दो दिनों में सुधार हुआ है, अब यहां की हवा बहुत खराब श्रेणी से निकलकर खराब श्रेणी में आ गई है। हालांकि खतरा अब भी बरकरार है। वीरवार शाम पांच बजे एक्यूआई 262 दर्ज किया गया, जो खराब श्रेणी में आता है। दो दिन पहले प्रदूषण का स्तर बहुत खराब श्रेणी में पहुंच गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed