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Kurukshetra News: गोमाता को तिलक लगाया और गुड़ खिलाकर की आरती

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 10 Nov 2024 02:04 AM IST
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Tilak was applied to the cow and aarti was performed by feeding her jaggery.
कुरुक्षेत्र। जिले भर में शनिवार को गोपाष्टमी पर्व की धूम रही, जिसके चलते जगह-जगह कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। गोशालाओं से लेकर अन्य जगहों पर भी गो पूजन किया गया। गो माता को तिलक लगाया गया तो गुड़ भी खिलाया, जिसके साथ आरती भी की गई। आम जन से लेकर गणमान्य लोगों ने भी इस पर्व में सरीक होते हुए गो पूजन किया तो गो संरक्षण का आह्वान भी किया। धर्मनगरी में मुख्य आयोजन श्री कृष्ण कृपा गोशाला में किया गया, जिसमें कृषि एवं पशुपालन विभाग मंत्री श्याम सिंह राणा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल रहे।
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गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद तथा पशुपालन मंत्री श्याम सिंह राणा ने गो पूजन किया। गो माता और राधा कृष्ण भाव के भजनों से सारा वातावरण भक्तिमय हो गया। कार्यक्रम में स्वामी ज्ञानानंद ने कहा कि गाय माता आराध्य की आराध्य है। गाय कोई साधारण पशु नहीं, गाय में सभी देवताओं का वास है। उन्होंने कहा कि गाय राष्ट्र का गौरव है। आज के दिन कन्हैया ने आग्रह करके गोवंश चराने की सेवा प्रारंभ की थी, आज के दिन प्रत्येक व्यक्ति को गो सेवा और गो संवर्धन का संकल्प लेना चाहिए। मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि प्राचीन काल से हमारी संस्कृति में चूल्हे चौके को गाय के गोबर से शुद्ध किया जाता है और उसके बाद खाना बनाने की परंपरा रही है।
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गाय से मिलने वाला हर पदार्थ हमारे लिए उपयोगी : श्याम सिंह राणा

लाडवा। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, पशुपालन एवं डेयरी विभाग मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि गोमाता संपूर्ण विश्व की माता है, गाय से मिलने वाला हर पदार्थ हमारे लिए उपयोगी है। गाय को धरती माता के प्रतीक के रूप में देखा जाता है और इसे देवी के रूप में पूजा जाता है। गायों को भोजन और आय के स्रोत के रूप में भी देखा जाता है और उनके प्रति मानवीय व्यवहार अपेक्षित है।
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श्याम सिंह राणा शनिवार को अखंड हनुमान गोशाला में आयोजित गोपाष्टमी महोत्सव में बतौर मुख्यातिथि बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि प्राचीन काल से हमारी संस्कृति में चूल्हे चौके को गाय के गोबर से लीपकर शुद्ध किया जाता था और उसके बाद खाना बनाने की परंपरा थी। गाय के बछड़े खेती में काम आते थे। देश की अर्थव्यवस्था गाय से जुड़ी हुई थी। आज इसी पुरानी परंपरा को शुरू करने से ही देश का भला होगा। इस मौके पर मंत्री ने पांच लाख रुपये देने की घोषणा की। इस मौके पर विशिष्ट अतिथि के रूप में एडवोकेट पंकज गुप्ता ने शिरकत की। कार्यक्रम में स्वामी सत्यानंद जी महाराज ने अखंड हनुमान गोशाला में हो रहे कार्यों की विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
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