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होम आइसोलेट मरीजों को स्टेरॉयड लेने की मनाही

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 10 Jan 2022 01:42 AM IST
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Home Isolated Patients prohibited from taking steroids, Kurukshetra
संवाद न्यूज एजेंसी
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कुरुक्षेत्र। स्वास्थ्य महकमे ने कोविड की दूसरी लहर में ब्लैक फंगस का तांडव देख अभी से एहतियात बरतनी शुरू कर दी है। कोरोना की पुष्टि होने पर जिन मरीजों को होम आइसोलेट किया जा रहा है, उन्हें स्टेरॉयड लेने से मनाही की गई है। इसके अलावा बिना किसी विशेषज्ञ की सलाह के एक्स-रे और सीटी स्कैन कराने पर भी पाबंदी लगाई है।
जिले में एक जनवरी के बाद से कोरोना का संक्रमण तेजी से फैल रहा है। ओमिक्रॉन की दस्तक के साथ आई तीसरी लहर में कोरोना के लक्षण पहली व दूसरी लहर से बिल्कुल अलग हैं। अब कोरोना संक्रमित मरीजों को खांसी, जुकाम के साथ-साथ गला खराब, पेट खराब, बुखार, शरीर पर लाल दाने, भूख न लगना, नाखूनों का रंग बदलना जैसे कई लक्षण दिखाई दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि फिलहाल कोरोना इतना खतरनाक नहीं है, लेकिन भविष्य के बारे में अभी कुछ कहा नहीं जा सकता।
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अभी 15 से 20 फीसदी मरीजों में कोविड के लक्षण दिखाई दे रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग भी लक्षण वाले मरीजों को अस्पताल में दाखिल कर रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर ऑक्सीजन सेचुरेशन 93 से अधिक रहने के साथ-साथ हल्के लक्षण हैं तो अस्पताल में दाखिल होने की जरूरत नहीं है। स्वास्थ्य विभाग होम आइसोलेट मरीजों को उनके घर पर मेडिकल किट उपलब्ध करा रहा है, ताकि वह घर रहकर अपना उपचार पूरा ले सके।
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अतिरिक्त प्रवर चिकित्सा अधिकारी (आईडीएसपी) डॉ. जगमिंदर मलिक का कहना है कि कोविड के सामान्य लक्षण वाले मरीजों को होम आइसोलेट किया जा रहा है। जिन मरीजों को पिछले तीन दिनों से तेज बुखार है और सांस लेने में दिक्कत है, उनको जिला अस्पताल में दाखिल कर उपचार दिया जा रहा है। लोगों की सेहत का ध्यान रखते हुए ही स्टेरॉयड का सेवन और बिना जरूरत के सीटी स्कैन और एक्स-रे कराने पर मनाही की गई है।
जिला अस्पताल के छाती रोग विशेषज्ञ डॉ. गौरव चावला का कहना है कि रेडियोलॉजी से संबंधित जांच को लेकर किसी तरह का भ्रम नहीं पालना चाहिए। खुद के बजाय बीमारी से संबंधित विशेषज्ञ की सलाह पर ही जांच कराएं। बिना जरूरत के एक्स-रे और सीटी स्कैन कराने से कई तरह की दिक्कतें हो सकती हैं। जरूरत से ज्यादा एक्स-रे और सीटी स्कैन होने से शरीर की साधारण कोशिकाओं में विकार उत्पन्न होने लगते हैं और इससे कैंसर होने तक का खतरा बना रहता है।
जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ. कृष्ण लाल का कहना है कि बिना किसी विशेषज्ञ की लगातार स्टेरॉयड का सेवन करना मरीजों के लिए हानिकारक साबित होगा। कोविड की दूसरी लहर में स्टेरॉयड का सेवन करने वाले मरीजों को ब्लैक फंगस का दंश झेलना पड़ा था। स्टेरॉयड लेने से शरीर की इम्युनिटी कमजोर, शुगर लेवल बढ़ने, कैल्शियम कम होने सहित अन्य कई तरह के खतरे बढ़ जाते हैं। इसलिए जागरूक होने के साथ-साथ सतर्क रहें।

एलएनजेपी अस्पताल के फिजिशियन डॉ. अरविंद चहल का कहना है कि तीसरी लहर में कोरोना के लक्षण दूसरी लहर से पूरी तरह से अलग हैं। कोरोना संक्रमण की तीसरी लहर दूसरी लहर की तुलना में इतना खतरनाक नहीं है। अभी तीसरी लहर की शुरुआत हुई है। ऐसे में सभी को सतर्क रहने की जरूरत है। घर पर बिना किसी चिकित्सक की सलाह के दवाओं का सेवन न करें। स्वास्थ्य विभाग से उपलब्ध कराई जा रही दवाओं का ही सेवन करें।
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