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Kurukshetra News: फसल अवशेष प्रबंधन पर किसान को प्रति एकड़ दिए जा रहे एक हजार रुपये
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कुरुक्षेत्र। धान उत्पादक किसानों को फसल अवशेष प्रबंधन के लिए प्रदेश सरकार एक हजार रुपए प्रति एकड़ प्रोत्साहन राशि प्रदान करेगी। किसान धान की कटाई के बाद अपने खेत में आग न लगाएं। आग लगाने से वायु प्रदूषण होता है और मिट्टी के पोषक तत्व भी नष्ट हो जाते हैं।
एसडीएम कपिल शर्मा ने जानकारी देते हुए कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा फसल अवशेष प्रबंधन योजना एसबी-82, 2024-25 के तहत अवशेषों को मशीनों की सहायता से मिट्टी में मिलाने पर किसानों को प्रति एकड़ एक हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि देने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि धान अवशेषों को मिट्टी में मिलाने से मिट्टी की उर्वरा शक्ति बढ़ेगी तथा वातावरण को स्वच्छ रखने में सहायता मिलेगी। जिले के किसान हैप्पी सीडर, सुपर सीडर, रिवर्सिबल एमबी प्लॉव व जीरो टिल सीड ड्रिल की सहायता से धान अवशेषों को मिट्टी में मिलाकर प्रोत्साहन राशि के लिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदक किसान को मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण करवाना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि योजना का लाभ लेने के लिए किसान को विभागीय पोर्टल एग्रीहरियाणा.जीओवी.इन पर आवेदन करना होगा। ग्राम स्तरीय कमेटी से सत्यापन होने के बाद पात्र किसानों को प्रोत्साहन राशि का लाभ दे दिया जाएगा।
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एसडीएम कपिल शर्मा ने जानकारी देते हुए कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा फसल अवशेष प्रबंधन योजना एसबी-82, 2024-25 के तहत अवशेषों को मशीनों की सहायता से मिट्टी में मिलाने पर किसानों को प्रति एकड़ एक हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि देने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि धान अवशेषों को मिट्टी में मिलाने से मिट्टी की उर्वरा शक्ति बढ़ेगी तथा वातावरण को स्वच्छ रखने में सहायता मिलेगी। जिले के किसान हैप्पी सीडर, सुपर सीडर, रिवर्सिबल एमबी प्लॉव व जीरो टिल सीड ड्रिल की सहायता से धान अवशेषों को मिट्टी में मिलाकर प्रोत्साहन राशि के लिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदक किसान को मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण करवाना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि योजना का लाभ लेने के लिए किसान को विभागीय पोर्टल एग्रीहरियाणा.जीओवी.इन पर आवेदन करना होगा। ग्राम स्तरीय कमेटी से सत्यापन होने के बाद पात्र किसानों को प्रोत्साहन राशि का लाभ दे दिया जाएगा।
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