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सीईटी : चार सत्रों में 41 केंद्रों पर 90 फीसदी रही परीक्षार्थियों की उपस्थित
Mon, 28 Jul 2025 03:28 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
Updated Mon, 28 Jul 2025 03:28 AM IST
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कुरुक्षेत्र। जिले में 26 व 27 जुलाई को आयोजित कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट में कुल 41,434 में से 37,415 परीक्षार्थियों ने भाग लिया। दो दिन में चार सत्रों में आयोजित सीईटी में करीब 90 फीसदी परीक्षार्थी उपस्थित रहे।
रविवार को दोनों सत्रों में कुल 20,572 में से 18,563 परीक्षार्थियों की मौजूदगी रही। पहले सत्र में 10,356 में से 9,309 तथा दूसरे सत्र में 10,216 में से 9,254 परीक्षार्थी उपस्थित रहे। 26 जुलाई को 20,862 में से 18,852 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी, जिसके पहले सत्र में 9,372 और दूसरे सत्र में 9,480 परीक्षार्थी उपस्थित रहे। चारों सत्रों में उपस्थिति प्रतिशत 90 से ऊपर रहा।
उपायुक्त नेहा सिंह ने बताया कि जिले में 30 स्थानों पर 41 परीक्षा केंद्र बनाए गए, जहां 455 कमरों में परीक्षा आयोजित हुई। हर परीक्षा केंद्र को चार कलस्टरों में बांटा गया और प्रत्येक क्लस्टर में डीएसपी स्तर के पुलिस अधिकारी और समन्वयक अधिकारी तैनात रहे। प्रत्येक केंद्र पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट, फ्लाइंग स्क्वायड, पेपर डिस्ट्रीब्यूटर, केंद्र अधीक्षक और सहायक मौजूद रहे। पेपर की सुरक्षित आपूर्ति और उत्तर पुस्तिकाओं के ट्रेजरी में जमा करवाने की भी ठोस व्यवस्था की गई थी। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के निर्देश पर दिव्यांग परीक्षार्थियों के लिए विशेष एसी वाहन की व्यवस्था की गई। पिहोवा, शाहबाद, लाडवा, झांसा जैसे क्षेत्रों से 100 से अधिक दिव्यांग अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्रों तक लाने-ले जाने के लिए प्रशासन ने ग्राम सचिवों की ड्यूटी लगाकर समुचित व्यवस्था करवाई। गांव भेरियां की नवजोत कौर सहित अन्य परीक्षार्थियों ने सरकार और उपायुक्त के इस प्रयास की सराहना की।
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अनाज मंडी को बयाया अस्थायी बस अड्डा : परीक्षा के दौरान अनाज मंडी थानेसर में परीक्षार्थियों के लिए अस्थायी बस अड्डा बनाया गया था। सोनीपत से आए 41,724 परीक्षार्थियों के लिए अनाज मंडी में बसों की आवाजाही और रूट निर्धारण किया गया। रोडवेज महाप्रबंधक शेर सिंह स्वयं सुबह पांच बजे अनाज मंडी पहुंचे और व्यवस्थाएं देखीं। अनाज मंडी से परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाने के लिए 94 शटल बसें और बस अड्डे से केंद्रों तक नौ शटल बसें लगाई गईं। पूर्व राज्य मंत्री सुभाष सुधा के प्रयासों से अनाज मंडी एसोसिएशन व समाजसेवी संस्थाओं ने परीक्षार्थियों के लिए भंडारा भी लगाया गया। संवाद
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रविवार को दोनों सत्रों में कुल 20,572 में से 18,563 परीक्षार्थियों की मौजूदगी रही। पहले सत्र में 10,356 में से 9,309 तथा दूसरे सत्र में 10,216 में से 9,254 परीक्षार्थी उपस्थित रहे। 26 जुलाई को 20,862 में से 18,852 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी, जिसके पहले सत्र में 9,372 और दूसरे सत्र में 9,480 परीक्षार्थी उपस्थित रहे। चारों सत्रों में उपस्थिति प्रतिशत 90 से ऊपर रहा।
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उपायुक्त नेहा सिंह ने बताया कि जिले में 30 स्थानों पर 41 परीक्षा केंद्र बनाए गए, जहां 455 कमरों में परीक्षा आयोजित हुई। हर परीक्षा केंद्र को चार कलस्टरों में बांटा गया और प्रत्येक क्लस्टर में डीएसपी स्तर के पुलिस अधिकारी और समन्वयक अधिकारी तैनात रहे। प्रत्येक केंद्र पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट, फ्लाइंग स्क्वायड, पेपर डिस्ट्रीब्यूटर, केंद्र अधीक्षक और सहायक मौजूद रहे। पेपर की सुरक्षित आपूर्ति और उत्तर पुस्तिकाओं के ट्रेजरी में जमा करवाने की भी ठोस व्यवस्था की गई थी। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के निर्देश पर दिव्यांग परीक्षार्थियों के लिए विशेष एसी वाहन की व्यवस्था की गई। पिहोवा, शाहबाद, लाडवा, झांसा जैसे क्षेत्रों से 100 से अधिक दिव्यांग अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्रों तक लाने-ले जाने के लिए प्रशासन ने ग्राम सचिवों की ड्यूटी लगाकर समुचित व्यवस्था करवाई। गांव भेरियां की नवजोत कौर सहित अन्य परीक्षार्थियों ने सरकार और उपायुक्त के इस प्रयास की सराहना की।
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अनाज मंडी को बयाया अस्थायी बस अड्डा : परीक्षा के दौरान अनाज मंडी थानेसर में परीक्षार्थियों के लिए अस्थायी बस अड्डा बनाया गया था। सोनीपत से आए 41,724 परीक्षार्थियों के लिए अनाज मंडी में बसों की आवाजाही और रूट निर्धारण किया गया। रोडवेज महाप्रबंधक शेर सिंह स्वयं सुबह पांच बजे अनाज मंडी पहुंचे और व्यवस्थाएं देखीं। अनाज मंडी से परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाने के लिए 94 शटल बसें और बस अड्डे से केंद्रों तक नौ शटल बसें लगाई गईं। पूर्व राज्य मंत्री सुभाष सुधा के प्रयासों से अनाज मंडी एसोसिएशन व समाजसेवी संस्थाओं ने परीक्षार्थियों के लिए भंडारा भी लगाया गया। संवाद