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खिचड़ी तुलाई रस्म होते ही ढोलक की थाप पर झूमे किन्नर
Updated Wed, 27 Dec 2017 12:29 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
लाडवा।
अखिल भारतीय किन्नर सम्मेलन शहर के एक निजी पैलेस में किन्नर समाज में खिचड़ी की तुलाई की रस्म के साथ कार्यक्रम शुरू हो गया। यह 30 दिसंबर तक चलेगा। किन्नर सम्मेलन में देश भर से किन्नरों से आने का सिलसिला जारी है। मंगलवार को खिचड़ी तुलाई की रस्म शुरू होते ही किन्नरों की जमात खुशी से झूम उठी। ढोलक-झाल की थाप पर गीत शुरू हुए तो सभी किन्नर थिरकने लगे।
पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उतराखंड, पश्चिमी बंगाल, गुजरात, आंध्रप्रदेश, उत्तरप्रदेश, मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र सहित विभिन्न प्रदेशों से किन्नरों ने नाच-गाकर खुशी मनाई। रस्म से पहले ही सजधज कर पहुंचे किन्नरों ने नोट उड़ाए। इस सम्मेलन में होने वाली खरीदारी के लिए पैलेस में दिल्ली, पंजाब, बिहार आदी से आए व्यापारियों ने बाजार सजाए हुए हैं। वहां किन्नर अपनी पसंद की खरीदारी कर रहे हैं। सम्मेलन को लेकर निजी पैलेस में उत्सव का माहौल है। किन्नर सम्मेलन में हर उम्र के किन्नर शामिल हो रहे हैं। देश के विभिन्न प्रांतों से आए किन्नर पूरी सजधज के साथ सम्मेलन में शिरकत कर रहे हैं। सम्मेलन में होने वाली चर्चाओं में किन्नर बढ़चढ़कर भाग ले रहे हैं और समाज के मुद्दों पर चर्चा कर रहे हैं। लाडवा में पहली बार आयोजित हो रहे अखिल भारतीय किन्नर सम्मेलन के आयोजक रमेश महंत और काजल महंत का कहना है कि सम्मेलन में किन्नर समाज के रस्म-ओ-रिवाज और उत्सव होंगे। उन्होंने कहा कि इस आयोजन में पूर्वजों को याद किया जाएगा। इसमें दादा गुरु हबीब और गुरुरानी माई की याद में किन्नर समाज का भोज होगा। उन्होंने बताया कि बुधवार को किन्नर समाज शहर में एक भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी। इसमें खेडा मंदिर में पूजा के साथ ही दुखभंजन मंदिर में घंटा चढ़ाने की रस्म होगी। सम्मेलन के दौरान हवन, भंडारा, शोभायात्रा, कुम्हार चाक पूजन, खेड़ा पूजन, मंदिर में घंटा चढ़ाने के कार्यक्रम होंगे।
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लाडवा।
अखिल भारतीय किन्नर सम्मेलन शहर के एक निजी पैलेस में किन्नर समाज में खिचड़ी की तुलाई की रस्म के साथ कार्यक्रम शुरू हो गया। यह 30 दिसंबर तक चलेगा। किन्नर सम्मेलन में देश भर से किन्नरों से आने का सिलसिला जारी है। मंगलवार को खिचड़ी तुलाई की रस्म शुरू होते ही किन्नरों की जमात खुशी से झूम उठी। ढोलक-झाल की थाप पर गीत शुरू हुए तो सभी किन्नर थिरकने लगे।
पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उतराखंड, पश्चिमी बंगाल, गुजरात, आंध्रप्रदेश, उत्तरप्रदेश, मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र सहित विभिन्न प्रदेशों से किन्नरों ने नाच-गाकर खुशी मनाई। रस्म से पहले ही सजधज कर पहुंचे किन्नरों ने नोट उड़ाए। इस सम्मेलन में होने वाली खरीदारी के लिए पैलेस में दिल्ली, पंजाब, बिहार आदी से आए व्यापारियों ने बाजार सजाए हुए हैं। वहां किन्नर अपनी पसंद की खरीदारी कर रहे हैं। सम्मेलन को लेकर निजी पैलेस में उत्सव का माहौल है। किन्नर सम्मेलन में हर उम्र के किन्नर शामिल हो रहे हैं। देश के विभिन्न प्रांतों से आए किन्नर पूरी सजधज के साथ सम्मेलन में शिरकत कर रहे हैं। सम्मेलन में होने वाली चर्चाओं में किन्नर बढ़चढ़कर भाग ले रहे हैं और समाज के मुद्दों पर चर्चा कर रहे हैं। लाडवा में पहली बार आयोजित हो रहे अखिल भारतीय किन्नर सम्मेलन के आयोजक रमेश महंत और काजल महंत का कहना है कि सम्मेलन में किन्नर समाज के रस्म-ओ-रिवाज और उत्सव होंगे। उन्होंने कहा कि इस आयोजन में पूर्वजों को याद किया जाएगा। इसमें दादा गुरु हबीब और गुरुरानी माई की याद में किन्नर समाज का भोज होगा। उन्होंने बताया कि बुधवार को किन्नर समाज शहर में एक भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी। इसमें खेडा मंदिर में पूजा के साथ ही दुखभंजन मंदिर में घंटा चढ़ाने की रस्म होगी। सम्मेलन के दौरान हवन, भंडारा, शोभायात्रा, कुम्हार चाक पूजन, खेड़ा पूजन, मंदिर में घंटा चढ़ाने के कार्यक्रम होंगे।
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