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-देश पर कुर्बान होने वाले वीर सैनिक हमेशा रहेंगे अमर:देवव्रत
Updated Sat, 28 Oct 2017 02:03 AM IST
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देश पर कुर्बान होने वाले वीर सैनिक हमेशा रहेंगे अमर : देवव्रत
कुरुक्षेत्र।
हिमाचल के राज्यपाल आचार्य डा. देवव्रत ने कहा कि देश पर कुर्बान होने वाले वीर सैनिक अमर हो जाते हैं। इन वीर सैनिकों को हमेशा-हमेशा के लिए याद किया जाता हैं और युवा पीढ़ी को प्रेरणा मिलती हैं। इतना ही नहीं शहीद वीर सैनिक राष्ट्र का गौरव होते है। राज्यपाल आचार्य डॉ. देवव्रत शुक्रवार को पंचायत भवन के सभागार में स्वंतत्रता सेनानी राजा अजीत सिंह लाडवा मेमोरियल ट्रस्ट व आदेश अस्पताल एवं मेडिकल कालेज मोहड़ी के अंबाला के तत्वाधान में कारगिल शहीद मेजर नितिन बाली के बलिदान दिवस पर शहीद सम्मान समारोह में बोल रहे थे। इससे पहले राज्यपाल आचार्य डा. देवव्रत, आदेश विश्वविद्यालय बठिंडा के कुलाधिपति एवं आदेश मेडिकल कालेज मोहड़ी के चेयरमैन डा. हरिंद्र सिंह गिल, हरपाल सिंह चीका, ट्रस्ट के चेयरमैन लखविंद्र पाल सिंह ग्रेवाल ने शहीद गुरसेवक सिंह, शहीद मंदीप सिंह, शहीद सुशील कुमार, शहीद संजीव कुमार, शहीद मेजर नितिन बाली की मां डा. आदर्श बाली के परिजनों के साथ-साथ तपोवन पुनर्रावास सोसायटी से डा. सुजाता, सार्थक स्कूल से प्रोफेसर रश्मि कटारिया, प्रिंसिपल डॉ. शरणजीत कौर, दिव्यांग खिलाड़ी तरुण सहित अन्य समाज सेवियों को शाल व स्मृति चिह्न भेंटकर सम्मानित किया।
राज्यपाल ने कहा कि वह समाज व देश हमेशा जिंदा रहते है जो शहीदों को याद रखते हैं। शहीद किसी एक परिवार या वर्ग के नहीं होते हैं, बल्कि शहीद सभी वर्गों के सांझे होते हैं। कुरुक्षेत्र के लाल शहीद मेजर नितिन बाली ने कारगिल में विपरित परिस्थितियों में अपनी ड्यूटी का निर्वाह करते हुए अपने प्राणों को न्यौछावर कर दिया और देश की सीमाओं को सुरक्षित रखने के लिए अपने प्राणों की बाजी लगा दी। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में आत्मा को अमर माना हैं और कुरुक्षेत्र की ही पावन धरा पर भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को गीता का उपदेश दिया। इन उपदेशों के माध्यम से यह समझाने का प्रयास किया गया कि कर्म करते हुए अपने प्राणों को न्यौछावर करने वाले व्यक्ति शहीद होते हैं और वो कभी मरा नहीं करते, जबकि बुरे कर्म करने वाले व्यक्ति ही मरते हैं। इतना ही नहीं जो व्यक्ति देश के लिए मरते हैं उन्हीं का यश और गौरव होता हैं।
आदेश मेडिकल कालेज मोहड़ी के चेयरमैन डा. हरिंद्र सिंह गिल ने शहीदों को नमन किया। उन्हाेंने कहा कि शहीद मेजर नितिन बाली जैसे शहीदों के कारण ही आज हम सभी आजादी की सांसे ले रहे हैं। शौर्य दिवस पर राजेंद्र भारद्वाज और अन्नपूर्णा ने शहीद मेजर नितिन बाली के जीवन पर विस्तृत प्रकाश डाला और स्वतंत्रता सेनानी राजा अजीत सिंह लाडवा मेमोरियल ट्रस्ट के चेयरमैन लखविंद्र पाल सिंह ग्रेवाल ने मेहमानों का स्वागत किया। इस कार्यक्रम के मंच का संचालन डा. मोहित गुप्ता ने किया। इस मौके पर आदेश अस्पताल के जीएम डॉ. हरिओम गुप्ता, अभय सिंह संधू, प्रधान सिंह मौजूद थे।
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कुरुक्षेत्र।
हिमाचल के राज्यपाल आचार्य डा. देवव्रत ने कहा कि देश पर कुर्बान होने वाले वीर सैनिक अमर हो जाते हैं। इन वीर सैनिकों को हमेशा-हमेशा के लिए याद किया जाता हैं और युवा पीढ़ी को प्रेरणा मिलती हैं। इतना ही नहीं शहीद वीर सैनिक राष्ट्र का गौरव होते है। राज्यपाल आचार्य डॉ. देवव्रत शुक्रवार को पंचायत भवन के सभागार में स्वंतत्रता सेनानी राजा अजीत सिंह लाडवा मेमोरियल ट्रस्ट व आदेश अस्पताल एवं मेडिकल कालेज मोहड़ी के अंबाला के तत्वाधान में कारगिल शहीद मेजर नितिन बाली के बलिदान दिवस पर शहीद सम्मान समारोह में बोल रहे थे। इससे पहले राज्यपाल आचार्य डा. देवव्रत, आदेश विश्वविद्यालय बठिंडा के कुलाधिपति एवं आदेश मेडिकल कालेज मोहड़ी के चेयरमैन डा. हरिंद्र सिंह गिल, हरपाल सिंह चीका, ट्रस्ट के चेयरमैन लखविंद्र पाल सिंह ग्रेवाल ने शहीद गुरसेवक सिंह, शहीद मंदीप सिंह, शहीद सुशील कुमार, शहीद संजीव कुमार, शहीद मेजर नितिन बाली की मां डा. आदर्श बाली के परिजनों के साथ-साथ तपोवन पुनर्रावास सोसायटी से डा. सुजाता, सार्थक स्कूल से प्रोफेसर रश्मि कटारिया, प्रिंसिपल डॉ. शरणजीत कौर, दिव्यांग खिलाड़ी तरुण सहित अन्य समाज सेवियों को शाल व स्मृति चिह्न भेंटकर सम्मानित किया।
राज्यपाल ने कहा कि वह समाज व देश हमेशा जिंदा रहते है जो शहीदों को याद रखते हैं। शहीद किसी एक परिवार या वर्ग के नहीं होते हैं, बल्कि शहीद सभी वर्गों के सांझे होते हैं। कुरुक्षेत्र के लाल शहीद मेजर नितिन बाली ने कारगिल में विपरित परिस्थितियों में अपनी ड्यूटी का निर्वाह करते हुए अपने प्राणों को न्यौछावर कर दिया और देश की सीमाओं को सुरक्षित रखने के लिए अपने प्राणों की बाजी लगा दी। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में आत्मा को अमर माना हैं और कुरुक्षेत्र की ही पावन धरा पर भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को गीता का उपदेश दिया। इन उपदेशों के माध्यम से यह समझाने का प्रयास किया गया कि कर्म करते हुए अपने प्राणों को न्यौछावर करने वाले व्यक्ति शहीद होते हैं और वो कभी मरा नहीं करते, जबकि बुरे कर्म करने वाले व्यक्ति ही मरते हैं। इतना ही नहीं जो व्यक्ति देश के लिए मरते हैं उन्हीं का यश और गौरव होता हैं।
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आदेश मेडिकल कालेज मोहड़ी के चेयरमैन डा. हरिंद्र सिंह गिल ने शहीदों को नमन किया। उन्हाेंने कहा कि शहीद मेजर नितिन बाली जैसे शहीदों के कारण ही आज हम सभी आजादी की सांसे ले रहे हैं। शौर्य दिवस पर राजेंद्र भारद्वाज और अन्नपूर्णा ने शहीद मेजर नितिन बाली के जीवन पर विस्तृत प्रकाश डाला और स्वतंत्रता सेनानी राजा अजीत सिंह लाडवा मेमोरियल ट्रस्ट के चेयरमैन लखविंद्र पाल सिंह ग्रेवाल ने मेहमानों का स्वागत किया। इस कार्यक्रम के मंच का संचालन डा. मोहित गुप्ता ने किया। इस मौके पर आदेश अस्पताल के जीएम डॉ. हरिओम गुप्ता, अभय सिंह संधू, प्रधान सिंह मौजूद थे।
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