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एसजीपीसी वरिष्ठ उपप्रधान ने किया मीरी-पीरी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में आईसीयू वार्ड का उद्घाटन
Updated Fri, 08 Jun 2018 01:00 AM IST
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मीरी-पीरी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में आईसीयू वार्ड का उद्घाटन
अमर उजाला ब्यूरो
शाहाबाद।शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी श्री अमृतसर के वरिष्ठ उपाध्यक्ष रघुजीत सिंह विर्क ने मीरी-पीरी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस एंड रिसर्च शाहाबाद मारकंडा में आईसीयू वार्ड का उद्घाटन किया। इसके अलावा वरिष्ठ उपप्रधान ने जीर्णोद्धार के बाद डेंटल विंग का भी शुभारंभ किया। उद्घाटन असवर पर एसजीपीसी के वरिष्ठ उपप्रधान जत्थेदार बलदेव सिंह कैमपुर, एसजीपीसी सदस्य जत्थेदार हरभजन सिंह मसाना, जत्थेदार भूपिंदर सिंह असंध, पंजाब स्टेट इंडस्ट्री डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के पूर्व चेयरमैन अमरजीत सिंह मंगी, शिरोमणि अकाली दल महिला विंग की राष्ट्रीय कोर कमेटी सदस्य बीबी करतार कौर, धर्म प्रचार कमेटी के सदस्य जत्थेदार तजिंदरपाल सिंह ढिल्लों और एसजीपीसी सेक्रेटरी अवतार सिंह, अस्पताल के प्रभारी डॉ. संदीप इंद्र सिंह चीमा भी विशेष रूप से मौजूद रहे। बता दें कि आईसीयू वार्ड पर 50 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। आईसीयू वार्ड में आधुनिक मशीनों की सुविधा मुहैया करवाई गई है, तांकि मरीजों को कोई परेशानी न हो सकें।
उद्घाटन के बाद एसजीपीसी के वरिष्ठ उपप्रधान रघुजीत सिंह विर्क ने पत्रकारों से कहा कि अस्पताल में उपलब्ध करवाई जा रही आधुनिक सुविधाओं को फायदा निश्चित तौर पर मरीजों को मिलेगा। उन्होंने बताया कि अब तक संस्थान में डायलिसिस और 32 स्लाइस सिटी स्कैन मशीनें जनता को समर्पित की जा चुकी हैं। उन्होंने बताया कि अस्पताल में सुपरस्पेशलिटी ओपीडी शुरू करने की भी तैयारी जोरों पर हैं। उन्होंने कहा कि एसजीपीसी अमृतसर उपरोक्त संस्थान को हरियाण सरकार से एनओसी दिलाने के लिए जल्द ही औपचारिकताओं को भी पूरा कर लेगी, जिसके बाद मेडिकल कॉलेज शुरू होने का रास्ता साफ होगा।
पत्रकारों के एक प्रश्न का जवाब देते हुए वरिष्ठ उपप्रधान ने कहा कि मीरी-पीरी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसिज एंड रिसर्च शाहाबाद मारकंडा एसजीपीसी अमृतसर की हरियाणा में एक प्रमुख परियोजना है, मगर राजनीति के कारण इसे अभी तक मंजूरी नहीं मिल पाई है। हालांकि हरियाणा की भाजपा सरकार और स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज इस संदर्भ में पूरा सहयोग कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इससे पहले हरियाणा में 10 साल तक शासन करने वाली कांग्रेस सरकार ने बिना वजह इस परियोजना को लटकाने का काम किया है। एक अन्य प्रश्न के जवाब में रघुजीत सिंह विर्क ने कहा कि शिअद के राष्ट्रीय प्रधान सुखबीर सिंह बादल 27 मई को किला लौहगढ़ जिला यमुनानगर में हरियाणा में चुनाव लड़ने का ऐलान कर चुके हैं, इसलिए पार्टी हरियाणा में अपने दम पर चुनाव मैदान में उतरेगी। किसी अन्य पार्टी से गठबंधन के सवाल पर विर्क ने कहा कि यह निर्णय पार्टी हाईकमान करेंगे। इस मौके पर सिख मिशन हरियाणा प्रभारी मंगप्रीत सिंह, सब ऑफिस प्रभारी परमजीत सिंह दुनियामाजरा, सुखवंत सिंह, मनजीत सिंह, जगीर सिंह, प्रताप सिंह करनाल सहित अन्य मौजूद रहे।
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मीरी-पीरी में जल्द मिलेगी एमआरआई की भी सुविधा
एसजीपीसी के वरिष्ठ उपप्रधान ने बताया कि अस्पताल में एमआरआई की सुविधा मुहैया करवाने के लिए औपचारिकता पूरी कर ली गई है। यह सुविधा भी जल्द ही मुहैया करवा दी जाएगी। उन्होंने बताया कि एमआरआई मशीन पर 5 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इतना ही नहीं मीरी-पीरी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसिज एंड रिसर्च शाहाबाद में कैथ लैब बनाने की योजना तैयार की गई है। इस कैथ लैब पर 9 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
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अमर उजाला ब्यूरो
शाहाबाद।शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी श्री अमृतसर के वरिष्ठ उपाध्यक्ष रघुजीत सिंह विर्क ने मीरी-पीरी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस एंड रिसर्च शाहाबाद मारकंडा में आईसीयू वार्ड का उद्घाटन किया। इसके अलावा वरिष्ठ उपप्रधान ने जीर्णोद्धार के बाद डेंटल विंग का भी शुभारंभ किया। उद्घाटन असवर पर एसजीपीसी के वरिष्ठ उपप्रधान जत्थेदार बलदेव सिंह कैमपुर, एसजीपीसी सदस्य जत्थेदार हरभजन सिंह मसाना, जत्थेदार भूपिंदर सिंह असंध, पंजाब स्टेट इंडस्ट्री डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के पूर्व चेयरमैन अमरजीत सिंह मंगी, शिरोमणि अकाली दल महिला विंग की राष्ट्रीय कोर कमेटी सदस्य बीबी करतार कौर, धर्म प्रचार कमेटी के सदस्य जत्थेदार तजिंदरपाल सिंह ढिल्लों और एसजीपीसी सेक्रेटरी अवतार सिंह, अस्पताल के प्रभारी डॉ. संदीप इंद्र सिंह चीमा भी विशेष रूप से मौजूद रहे। बता दें कि आईसीयू वार्ड पर 50 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। आईसीयू वार्ड में आधुनिक मशीनों की सुविधा मुहैया करवाई गई है, तांकि मरीजों को कोई परेशानी न हो सकें।
उद्घाटन के बाद एसजीपीसी के वरिष्ठ उपप्रधान रघुजीत सिंह विर्क ने पत्रकारों से कहा कि अस्पताल में उपलब्ध करवाई जा रही आधुनिक सुविधाओं को फायदा निश्चित तौर पर मरीजों को मिलेगा। उन्होंने बताया कि अब तक संस्थान में डायलिसिस और 32 स्लाइस सिटी स्कैन मशीनें जनता को समर्पित की जा चुकी हैं। उन्होंने बताया कि अस्पताल में सुपरस्पेशलिटी ओपीडी शुरू करने की भी तैयारी जोरों पर हैं। उन्होंने कहा कि एसजीपीसी अमृतसर उपरोक्त संस्थान को हरियाण सरकार से एनओसी दिलाने के लिए जल्द ही औपचारिकताओं को भी पूरा कर लेगी, जिसके बाद मेडिकल कॉलेज शुरू होने का रास्ता साफ होगा।
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पत्रकारों के एक प्रश्न का जवाब देते हुए वरिष्ठ उपप्रधान ने कहा कि मीरी-पीरी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसिज एंड रिसर्च शाहाबाद मारकंडा एसजीपीसी अमृतसर की हरियाणा में एक प्रमुख परियोजना है, मगर राजनीति के कारण इसे अभी तक मंजूरी नहीं मिल पाई है। हालांकि हरियाणा की भाजपा सरकार और स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज इस संदर्भ में पूरा सहयोग कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इससे पहले हरियाणा में 10 साल तक शासन करने वाली कांग्रेस सरकार ने बिना वजह इस परियोजना को लटकाने का काम किया है। एक अन्य प्रश्न के जवाब में रघुजीत सिंह विर्क ने कहा कि शिअद के राष्ट्रीय प्रधान सुखबीर सिंह बादल 27 मई को किला लौहगढ़ जिला यमुनानगर में हरियाणा में चुनाव लड़ने का ऐलान कर चुके हैं, इसलिए पार्टी हरियाणा में अपने दम पर चुनाव मैदान में उतरेगी। किसी अन्य पार्टी से गठबंधन के सवाल पर विर्क ने कहा कि यह निर्णय पार्टी हाईकमान करेंगे। इस मौके पर सिख मिशन हरियाणा प्रभारी मंगप्रीत सिंह, सब ऑफिस प्रभारी परमजीत सिंह दुनियामाजरा, सुखवंत सिंह, मनजीत सिंह, जगीर सिंह, प्रताप सिंह करनाल सहित अन्य मौजूद रहे।
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मीरी-पीरी में जल्द मिलेगी एमआरआई की भी सुविधा
एसजीपीसी के वरिष्ठ उपप्रधान ने बताया कि अस्पताल में एमआरआई की सुविधा मुहैया करवाने के लिए औपचारिकता पूरी कर ली गई है। यह सुविधा भी जल्द ही मुहैया करवा दी जाएगी। उन्होंने बताया कि एमआरआई मशीन पर 5 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इतना ही नहीं मीरी-पीरी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसिज एंड रिसर्च शाहाबाद में कैथ लैब बनाने की योजना तैयार की गई है। इस कैथ लैब पर 9 करोड़ रुपये खर्च होंगे।