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Karnal News: उठान न होने से बिगड़ी मंडियों की व्यवस्था

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 21 Apr 2025 02:34 AM IST
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The condition of the mandis got spoiled due to lack of lifting
- मंडी में लगी ढेरियों में करीब 30 हजार एमटी गेहूं की खरीद शेष
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माई सिटी रिपोर्टर

करनाल। जिले की मंडियों में बिके हुए गेहूं का उठान न होने से व्यवस्था चरमरा गई है। अब स्थिति यह है कि बोरियों के ऊपर बोरियां रखना शुरू कर दिया गया है। मंडियों में कहीं भी पैर रखने की जगह नहीं है। बिक्री और आवक की स्थिति देखें तो अब मंडियों में पहुंचे गेहूं में से करीब 30 हजार मीट्रिक टन की खरीद शेष है। जबकि अन्य सभी ढेरियां बिक चुकी हैं।

हैफेड, खाद्य एवं आपूर्ति विभाग और वेयर हाउसिंग पर्याप्त तरीके से और समय पर उठान नहीं करा पा रहा है। आंकड़ों पर नजर डालें, जिले में करीब 6 लाख 93 हजार 183 मीट्रिक टन गेहूं की आवक विभिन्न परचेज सेंटरों व मंडियों में हुई। जिसमें से खाद्य आपूर्ति विभाग द्वारा 366367 मीट्रिक टन, हैफेड द्वारा 272978 मीट्रिक टन और हरियाणा वेयर हाउसिंग द्वारा 23419 मीट्रिक टन गेहूं खरीदा गया।
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तबाह हुई फसलों का तुरंत मिले मुआवजा
नीलोखेड़ी। किसान कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता इंद्रजीत सिंह गोराया का कहना है कि प्रदेश में आग और आंधी तूफान से तबाह हुई फसल को लेकर सरकार किसानों को 50 हजार रुपए प्रति एकड़ मुआवजा दे। आंधी व तूफान की वजह से प्रदेशभर में गेहूं की तैयार फसल का नुकसान हुआ है। सरकार को चाहिए कि प्रभावित किसानों की तुरंत सुध ले। क्योंकि इस प्रकार की परिस्थितियों से बहुत से किसानों की मानसिक मनोवृत्ति बहुत परेशान करने वाली देखी जा रही है। संवाद
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