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Karnal News: स्वच्छता सर्वेक्षण में अव्वल आने के सपने, हकीकत में बंद पड़े सार्वजनिक शौचालय
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कर्ण कैनाल में बने शौचालय में लगा ताला संवाद
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। देशभर के स्वच्छता सर्वेक्षण में बेहतर रैंकिंग और ओडीएफ प्लस प्लस का तमगा हासिल करने वाला शहर हकीकत में गंभीर अव्यवस्थाओं से जूझ रहा है। स्वच्छता में अव्वल आने के दावे करने वाले नगर निगम के कई सार्वजनिक शौचालय लंबे समय से बंद पड़े हैं। आमजन को खुले में शौच के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। सबसे ज्यादा परेशानी शहर के प्रमुख बाजारों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन के आसपास और भीड़भाड़ वाले इलाकों में है।
शहर के पॉर्श और व्यस्त इलाके मॉडल टाउन से लेकर मुगल कैनाल के शौचालय भी बंद हैं। इलाके में हजारों लोगों की आवाजाही रहती है। सार्वजनिक शौचालय बंद होने से दुकानदार, ग्राहक, महिलाएं और बाहर से आने वाले लोग परेशान रहते हैं।
ओडीएफ प्लस प्लस का दर्जा हासिल करने का मतलब है कि शहर में खुले में शौच की कोई स्थिति नहीं है। सार्वजनिक शौचालयों की पर्याप्त व्यवस्था व नियमित सफाई सुनिश्चित की गई है। करनाल को यह तमगा मिला हुआ है लेकिन जमीनी हालात उलट हैं। कई शौचालयों पर ताले लटके हुए हैं तो कुछ में पानी, बिजली और सफाई की कोई व्यवस्था नहीं है, जिससे उनका उपयोग संभव नहीं हो पा रहा।
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जल्द होगी मरम्मत
कुछ शौचालय तकनीकी कारणों, मरम्मत और रखरखाव के अभाव में बंद हैं। जल्द ही इनकी मरम्मत कराकर सफाई व्यवस्था को नियमित किया जाएगा। शहर के लोगों को परेशान नहीं होने दिया जाएगा। -सुरेंद्र चोपड़ा, मुख्य सफाई निरीक्षक, नगर निगम
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करनाल। देशभर के स्वच्छता सर्वेक्षण में बेहतर रैंकिंग और ओडीएफ प्लस प्लस का तमगा हासिल करने वाला शहर हकीकत में गंभीर अव्यवस्थाओं से जूझ रहा है। स्वच्छता में अव्वल आने के दावे करने वाले नगर निगम के कई सार्वजनिक शौचालय लंबे समय से बंद पड़े हैं। आमजन को खुले में शौच के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। सबसे ज्यादा परेशानी शहर के प्रमुख बाजारों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन के आसपास और भीड़भाड़ वाले इलाकों में है।
शहर के पॉर्श और व्यस्त इलाके मॉडल टाउन से लेकर मुगल कैनाल के शौचालय भी बंद हैं। इलाके में हजारों लोगों की आवाजाही रहती है। सार्वजनिक शौचालय बंद होने से दुकानदार, ग्राहक, महिलाएं और बाहर से आने वाले लोग परेशान रहते हैं।
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ओडीएफ प्लस प्लस का दर्जा हासिल करने का मतलब है कि शहर में खुले में शौच की कोई स्थिति नहीं है। सार्वजनिक शौचालयों की पर्याप्त व्यवस्था व नियमित सफाई सुनिश्चित की गई है। करनाल को यह तमगा मिला हुआ है लेकिन जमीनी हालात उलट हैं। कई शौचालयों पर ताले लटके हुए हैं तो कुछ में पानी, बिजली और सफाई की कोई व्यवस्था नहीं है, जिससे उनका उपयोग संभव नहीं हो पा रहा।
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जल्द होगी मरम्मत
कुछ शौचालय तकनीकी कारणों, मरम्मत और रखरखाव के अभाव में बंद हैं। जल्द ही इनकी मरम्मत कराकर सफाई व्यवस्था को नियमित किया जाएगा। शहर के लोगों को परेशान नहीं होने दिया जाएगा। -सुरेंद्र चोपड़ा, मुख्य सफाई निरीक्षक, नगर निगम

कर्ण कैनाल में बने शौचालय में लगा ताला संवाद