फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Fire descends from the police made the miscreants, caught, karnal

पुलिस से घिरते ही बदमाशों ने किये फायर, पकड़े गये

Tue, 12 Apr 2016 12:27 AM IST
ब्यूरो/करनाल,अमर उजाला
ब्यूरो/करनाल,अमर उजाला Updated Tue, 12 Apr 2016 12:27 AM IST
विज्ञापन
Fire descends from the police made the miscreants, caught, karnal
पकड़ा - फोटो : अमर उजाला

अपहरण, हत्या सहित लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले एक गिरोह के तीन सदस्यों को पुलिस ने पकड़ा है। घरौंडा के एक बंद पड़े पेट्रोल पंप पर सीआईए-2 ने बदमाशों को घेरा और जवाब में आरोपियाें ने पुलिस पर तीन फायर किये। पुलिस ने पूरी प्लानिंग के साथ तीनों आरोपियों को पकड़ लिया और उनके कब्जे से एक पिस्टल सहित देशी कट्टे बरामद किये। सीआईए-2 टीम ने रविवार को आरोपियाें को कोर्ट में पेश किया, जहां से दस दिन के रिमांड पर लिए गए हैं। रिमांड के दौरान आरोपियों से उनके साथियाें को पकड़ना है और अपहरण, लूट, हत्या में प्रयोग की गई गाड़ी व अन्य सामान बरामद करना है। पुरानी पुलिस लाइन में स्थित सीआईए-2 कार्यालय में डीएसपी राजेश कुमार ने प्रेसवार्ता कर यह खुलासा किया।

विज्ञापन


प्राथमिक पूछताछ में आरोपियों ने पांच वारदातों को कबूला है। इनमें एक वारदात घरौंडा, एक वारदात पानीपत के मतलौडा, एक वारदात गुड़गांव, एक राजस्थान और एक वारदात जींद के पिल्लुखेड़ा एरिया में किया है। दूसरी तरफ मोरखी गांव के पीड़ितों ने डेड बॉडी नहीं मिलने पर रोष जताया है। आरोप लगाया कि इस मामले में कहीं न कहीं पुलिस की मिलीभगत है।  
विज्ञापन


डीएसपी राजेश कुमार ने बताया कि रविवार शाम सीआईए-2 को गुप्त सूचना प्राप्त हुई कि घरौंडा के बड़सत रोड पर एक बंद पेट्रोल पंप के पास कई व्यक्ति हथियारों सहित देखे गए हैं, जो किसी घटना को अंजाम देने की फिराक में हैं। सूचना के आधार पर सीआईए-2 प्रभारी आजाद सिंह ने एक पुलिस टीम गठित की और घरौंडा की ओर निकले। वहां पहुंचकर पुलिस पार्टी ने उस क्षेत्र की घेराबंदी करके जब आरोपियों को स्वयं को पुलिस के हवाले करने की बात कही तभी, आरोपियों ने पुलिस पार्टी पर अंधाधुंध गोलियां चलानी शुरू कर दी।
विज्ञापन
विज्ञापन


पुलिस पार्टी का नेतृत्व कर रहे सब इंस्पेक्टर आजाद सिंह ने वहां आसपास गेहूं काट रहे मजदूरों को देखते हुए अपनी टीम को गोली न चलाकर आरोपियों को ऐसे ही पकड़ने के आदेश दिया, जबकि फायर करने के बाद आरोपी वहां से भागने का प्रयास करने लगे। पुलिस टीम ने अपनी जान को जोखिम में डालकर बड़ी मशक्कत के बाद आरोपी कुलदीप उर्फ  काला वासी गांव मौरखी जिला जींद, आरोपी राजेश वासी गढी उजाले खां गोहाना जिला सोनीपत, आरोपी अमन उर्फ  नत्थु वासी न्यात खेड़ी जिला सोनीपत को गिरफ्तार कर दस दिन के रिमांड पर लिया है। इनके अन्य साथियों को पकड़ने के लिए धरपकड़ तेज कर दी है।

आरोपियों से मिले हथियार
सीआईए-2 टीम ने आरोपियों के पास से दो पिस्टल 32 बोर, एक देशी कट्टा 315 बोर, 9 राउंड, 7 राउंड पिस्टल के, 2 राउंड देशी कट्टे के, एक मोटरसाइकिल बरामद कर लिया है। रिमांड के दौरान जिस गाड़ी में सुभाष का अपहरण किया था पुलिस उसको भी बरामद करेगी।

इन वारदातों को कबूला
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने पांच वारदातों को कबूला है। पहली घटना घरौंडा थाना में 12 मार्च को दर्ज है। इसमें मोरखी वासी रणबीर सिंह के साथ जमीनी विवाद के चलते उसके भाई सुभाष का अपहरण करके यमुना में डुबोकर मार दिया था। दूसरी वारदात पानीपत के मतलौडा में पांच मार्च को दर्ज है। आरोपियों ने पिस्टल प्वाइंट पर रात के समय ट्रक चालक से 8100 रुपये छिने थे। आरोपियों ने सवारी बनकर ट्रक में चढ़े और गांव नारा के पास वारदात को अंजाम दिया। तीसरी घटना पिल्लुखेड़ा में 27 मार्च को दर्ज की गई। इसमें गांव मोरखी के एक डॉक्टर पर जान से मारने की नियत से गोली चलाई थी।

आरोपी कुलदीप को शक था कि डॉक्टर मामले में मुखबरी कर रहा था। इसलिए इसकी भी हत्या कर दी। चौथी वारदात थाना तबलाना जिला बुंदी राजस्थान में 25 नवंबर 2015 को दर्ज है। वहां पर गांव मोरखी के रणबीर सिंह का पिस्टल के बल पर अपहरण करके उसको मारा-पिटा व जान से मारने की धमकी देकर कुछ दिनों बाद उसे गांव मोरखी में फेंक दिया। इलाज के दौरान रणबीर ठीक हो गया। पांचवीं वारदात में आरोपियों ने रघुबीर सिंह वासी पालम विहार गुड़गांव को भी जान से मारने की धमकी दी थी। इसे लेकर रघुबीर सिंह ने आरोपियों के खिलाफ  पालम विहार थाना में जान से मारने की धमकी देने का मामला दर्ज है।

पुलिस टीम में ये रहे शामिल
सीआईए-2 प्रभारी आजाद सिंह, सब इंस्पेक्टर संजय कुमार, एएसआई प्रवीन कुमार, एएसआई कर्मबीर सिंह, एचसी नरेंद्र सिंह, एचसी विनोद कुमार, एचसी बलविंद्र सिंह ने आरोपियों को पकड़ा है।


शिक्षामंत्री की बेटी की गाड़ी की लगाई फर्जी नंबर प्लेट
सीआईए टू इंचार्ज आजाद सिंह ने बताया कि इनका मुख्य आरोपी कुलदीप है, जो मोरखी गांव वासी है। हाल ही में आरोपी कुलदीप ने अपने साथियों के साथ गांव के ही सुभाष का अपहरण कर उसको मौत के घाट उतार दिया। आरोपियों ने घरौंडा से 11 मार्च को सुभाष का अपहरण किया। इसकी सीसीटीवी फुटेज भी हैं। 16 मार्च को सुभाष की डेड बॉडी मिली। सुभाष के अपहरण के दौरान आरोपियों ने अपनी गाड़ी की नंबर प्लेट फर्जी लगाई हुई थी और जो फर्जी तौर पर नंबर था वह नंबर शिक्षा मंत्री रामबिलास की लड़की का मिला।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed