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चौधर जमाने के लिए जमा कराने पड़े दो करोड़

Fri, 08 Jan 2016 12:43 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला,करनाल
ब्यूरो/अमर उजाला,करनाल Updated Fri, 08 Jan 2016 12:43 AM IST
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राजनीति के एक पखवाड़े में कदम रखने के लिए जिले के भावी उम्मीदवारों ने करीब दो करोड़ रुपये जमा करा दिए हैं और लाइन अभी भी लंबी है। बिजली निगम के अधिकतर डिफाल्टर सरकार के पेंच में फंसकर बिल क्लीयरेंस की एनओसी ले रहे हैं। अभी तक 7277 भावी उम्मीदवारों ने एक करोड़ 85 लाख 95 हजार रुपये जमा कराकर एनओसी ली है। निगम के अधिकारियों ने भी नो ड्यूज लेने वालों के लिए सभी 18 सब डिवीजनों में स्पेशल काउंटर खोल रखे हैं, जहां पर छुट्टी के दिन भी कर्मचारी लगे हुए हैं।

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जिले में करीब चार लाख कनेक्शन हैं। डिफाल्टरों की संख्या पचास हजार के करीब है। डिफाल्टरों में करोड़ों रुपये फंसे हैं, लेकिन निगम के पास पैसे निकालने का कोई रास्ता नहीं है। ऐसे में सरकार की ओर से चुनाव में बिल की एनओसी जमा करवाने के नियम से निगम के अधिकारियों ने राहत की सांस ली हैं और स्पेशल काउंटर खोल दिए हैं। जिले से एक्सईएन सिटी डिविजन करनाल से 383 एनओसी जारी की गई और 13 लाख 51 हजार रुपये जमा कराए। एक्सईएन सब अर्बन डिवीजन नंबर-1 करनाल से 3487 एनओसी देकर 18 लाख 67 हजार रुपये जमा कराए। इसी तरह एक्सईएन सब अर्बन डिवीजन नंबर-2 करनाल से 3407 एनओसी जारी करके एक करोड़ 53 लाख 77 हजार रुपये जमा कराए हैं।
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मीटर खराब, जो बोले, वही कर रहे हैं चुकता
दूसरी तरफ एनओसी के लिए लाइन में खड़े लोगों ने सरकार के फैसले के खिलाफ नाराजगी जताई है। असंध सब डिवीजन में एनओसी लेने पहुंचे राकेश, विनोद, सूर्यदेव ने बताया कि उनका बिजली मीटर खराब है। नये मीटर के लिए अप्लीकेशन दी हुई है। पुराने बिल का जोड़ भी गलत है। अब बिल के हिसाब किताब करने में स्टाफ के पास टाइम नहीं है। ऐसे में जो कर्मचारी एनओसी देने के लिए जितना बकाया निकाल रहे हैं वह देना पड़ रहा है। बिल में अनेक अड़चन है। चुनाव के चलते एनओसी लेने के लिए बाध्य कर रहे हैं, जो गलत है।
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बच्चों के एडमिशन के दौरान ली जाए एनओसी
चुनाव में बिजली बिल क्लीयरेंस का प्रावधान करने से निगम की लंबे समय से फंसी पेमेंट जमा होने लगी है। डिफाल्टिंग अमाउंट्स अभी भी कई करोड़ रुपये है। ऐसे में निगम के अधिकारियों का तर्क है कि यदि बच्चों के एडमिशन के दौरान भी बिल की एनओसी ली जाए तो निगम की लोगों में फंसी पेमेंट निकल आएगी। निगम के पास पैसा होगा तो वह उपभोक्ताओं को बेहतर बिजली सप्लाई में ही खर्च होंगे।

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सब डिविजन वायज जमा पूंजी
सब डिविजन        एनओसी    जमा रुपये (लाख में)
सिटी करनाल        0        0
माडल टाउन        63        1.7
सब अर्बन करनाल    78        2.67
नेवल             234        9.03
रामनगर         8        0.11
तरावड़ी        41        1.05
इंद्री            1045        2.28
गढ़ीबीरबल        851         3.79
अमीन            219        2.01
निसिंग            883        7.11
भादसो         318        1.01
नीलोखेड़ी        130        1.42
सिटी घरौंडा        242        4.15
सब अर्बन घरौंडा   998        47.82
जुंडला            830        87.15
असंध-1        539        8.01
असंध-2        764        5.21
मूनक            34        1.43  
वर्जन
पंचायती चुनाव के चलते एनओसी के लिए स्पेशल काउंटर खोल रखे हैं। छुट्टी के दिन भी एनओसी दी जा रही है। चुनाव में एनओसी जमा करवाना सरकार का सही फैसला है। इससे निगम के रुकी हुई पेमेंट निकल रही है। करीब दो करोड़ रुपये जिले से जमा हो चुके हैं।
-जेके कांबोज, एसई, बिजली निगम करनाल।

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