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सीएम दरबार पहुंचा दलितों के पलायन का मामला
ब्यूरो/अमर उजाला,करनाल
Updated Thu, 03 Sep 2015 12:50 AM IST
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गांव कुटेल में दलित परिवारों के पलायन का मामला सीएम दरबार तक पहुंच गया है। बुधवार देर शाम सीएम आवास चंडीगढ़ पर पीड़ित और ग्रामीण सीएम से मिले। ग्रामीणों ने सीएम के सामने विधायक पर भी आरोप जड़े और सुरक्षा की मांग की। ग्रामीणों ने पूरे मामले की निष्पक्षता से जांच और गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है।
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सीएम ने हर हाल में सुरक्षा का आश्वासन दिया और वापस गांव में रहने का आग्रह किया।
सीएम ने अधिकारियों को आदेश कि वे दोनों परिवारों को वापस गांव में लाएं और उनकी सुरक्षा की व्यवस्था करें। बता दें कि पिछले हफ्ते दो पक्षों में हुए विवाद के बाद मामला गरमा गया। आरोप है कि रामकिशन पर दबंग पक्ष के लोगों ने हमला कर मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। मामला यहीं पर शांत नहीं हुआ, रामकिशन व बेनीराम ने आरोप लगाया कि गांव में आरोपी पक्ष के लोग उन पर लगातार दबाव बना रहे हैं। साथ ही उन्हें धमकियां दी जा रही हैं।
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इसी डर से 27 अगस्त को दोनों परिवारों ने गांव से पलायन कर दिया और अपने रिश्तेदारों के यहां चले गए। इसके बाद 29 अगस्त को थाना प्रभारी व गांव के लोगों की मध्यस्थता से दोनों परिवारों के मुखियाओं को गांव लाया गया, लेकिन बच्चे नहीं आए।
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आधे घंटे तक हुई मुलाकात
बुधवार को रामकिशन समेत काफी संख्या में पीड़ित लोग देर शाम सीएम मनोहर लाल से उनके चंडीगढ़ स्थित आवास पर मिले। करीब आधे घंटे की मुलाकात में रामकिशन व अन्य ने वही आरोप दोहराए और विधायक पर भी आरोप लगाए। पीड़ितों ने कहा कि उन्हें न्याय और सुरक्षा चाहिए, माहौल ठीक होने पर ही वे वापस गांव जाएंगे।
उधर, सीएम ने मामले में अधिकारियों को सख्त आदेश दिए हैं कि वे इसे गंभीरता से लें और हर हाल में दोनों परिवारों को दोबारा से गांव में बुलाएं। इसके अलावा सुरक्षा के मामले में कोई कोताही न बरती जाए। बता दें कि विवाद के बाद से ही गाव में पुलिस तैनात की गई है।