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Kaithal News: गेहूं खरीद प्रक्रिया अंतिम चरण में, उठान पर जोर

Wed, 29 Apr 2026 12:42 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल Updated Wed, 29 Apr 2026 12:42 AM IST
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Wheat procurement process in final stage, emphasis on lifting
खराब मौसम के चलते नई मंडी में तिरपाल से ढके कट्टे। संवाद - फोटो : इकौना ​स्थित श्रावस्ती फिलिंग सेंटर पर बिना भीड़ बाइक सवारों को पेट्रोल देता कर्मी।
संवाद न्यूज एजेंसी
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कैथल। गेहूं खरीद प्रक्रिया अब अपने अंतिम चरण में है। मंडियों में अनाज की बंपर आवक के बाद अब प्रशासन का पूरा ध्यान स्टॉक के उठान पर है। मंडियों में अब तक कुल 7,06,480 मीट्रिक टन आवक दर्ज की जा चुकी है, जिसमें से 6,88,128 मीट्रिक टन फसल की खरीद सरकारी एजेंसियों द्वारा पूरी कर ली गई है। खरीद प्रक्रिया के साथ-साथ उठान में भी अब तेजी आने लगी है। अब तक कुल 4,74,692 मीट्रिक टन अनाज का उठान कर उसे सुरक्षित गोदामों तक पहुंचाया जा चुका है।

मंडियों से अनाज के कट्टे कम होने के कारण वहां भीड़ और जाम से निजात मिलने लगी है। मंडी अब खाली होने लगी है, जिससे नई आने वाली बची-कुची खेप के लिए पर्याप्त जगह उपलब्ध हो पा रही है। मौसम विभाग के आगामी दिनों में बारिश और तेज हवाओं की आशंका जताए जाने के बाद मंडी प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। खुले आसमान के नीचे रखे अनाज को भीगने से बचाने के लिए कट्टों के चट्टों को तिरपाल से ढंक दिया गया है ताकि अचानक बारिश होने पर नुकसान न हो।
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वेयरहाउस की धीमी प्रक्रिया चुनौती

उठान की कुल रफ्तार में तेजी आई है, लेकिन वेयरहाउस (गोदामों) के स्तर पर उठान और अनलोडिंग की प्रक्रिया अभी भी थोड़ी धीमी बनी हुई है। वेयरहाउस में लेबर की कमी या स्पेस मैनेजमेंट की समस्याओं के चलते ट्रकों को अनलोड होने में उम्मीद से अधिक समय लग रहा है। प्रशासन इस बाधा को दूर करने के लिए लगातार मॉनिटरिंग कर रहा है ताकि मंडियों को पूरी तरह खाली किया जा सके। आवक थमने से दबाव कम हुआ है और अब सारा जोर खरीदे गए अनाज को सुरक्षित स्थानों पर भेजने पर है। यदि अगले कुछ दिनों में वेयरहाउस की प्रक्रिया में और सुधार होता है, तो उठान का लक्ष्य समय से पहले पूरा कर लिया जाएगा। फिलहाल, तिरपाल और ड्रेनेज सिस्टम के भरोसे अनाज को कुदरत के कहर से बचाने की कवायद जारी है।
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