{"_id":"6737bac334cab99a110fbd68","slug":"whatever-you-say-nihal-sat-shri-akal-echoes-kaithal-news-c-18-1-knl1004-520404-2024-11-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kaithal News: जो बोले सो निहाल सत श्री अकाल... गूंजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kaithal News: जो बोले सो निहाल सत श्री अकाल... गूंजा
Sat, 16 Nov 2024 02:48 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sat, 16 Nov 2024 02:48 AM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिलेभर में शुक्रवार को कार्तिक माह की पूर्णिमा पर प्रथम पातशाही श्री गुरु नानक देव जी का 555वां प्रकाशोत्सव श्रद्धा और हर्षोल्लास से मनाया गया। सुबह जिलेभर के गुरुद्वाराें में संगत ने शीश नवाया और अरदास की। इस मौके पर गुरुद्वारा नीम साहिब और मंजी साहिब में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया। इसी कड़ी में महान गुरमत समागम भी आयोजित किए गए।
गुरुद्वारा साहिब में गुरु का अटूट लंगर भी बरताया गया। गुरु पर्व की पूर्व संध्या पर गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की ओर से शहर भर में नगर कीर्तन भी निकाला जिसमें सैकड़ों की संख्या में महिलाओं व पुरुषों ने भाग लिया। वहीं, गांव जगदीश पुरा में भव्य नगर कीर्तन निकाला गया। नगर कीर्तन की अगुवाई परंपरागत वेशभूषा में सजे पंज प्यारों ने की। पूरे गांव की गलियों में नगर कीर्तन निकाला गया।
हेड ग्रंथी कश्मीर सिंह ने शबद-कीर्तन किया और कहा कि गुरु नानक देव जी ने समाज में फैली कुरीतियों को पुरजोर विरोध किया। गुरुजी ने नाम जपो वंड छको का संदेश दिया। गुरुजी ने समाज में विशेष तौर से महिलाओं को बराबरी का दर्जा दिलाया। उन्होंने संगत को वाहेगुरु का नाम जपने और मिलकर रहने का संदेश दिया।
विज्ञापन
इस दौरान गतका पार्टी तलवारबाजी के करतब भी दिखाए। इस मौके पर प्रधान सुरेंद्र सिंह, कश्मीर सिंह, सुखविंद्र सिंह, रवेल सिंह, सुजान सिंह समेत गांव की संगत मौजूद रही।
विज्ञापन
कैथल। जिलेभर में शुक्रवार को कार्तिक माह की पूर्णिमा पर प्रथम पातशाही श्री गुरु नानक देव जी का 555वां प्रकाशोत्सव श्रद्धा और हर्षोल्लास से मनाया गया। सुबह जिलेभर के गुरुद्वाराें में संगत ने शीश नवाया और अरदास की। इस मौके पर गुरुद्वारा नीम साहिब और मंजी साहिब में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया। इसी कड़ी में महान गुरमत समागम भी आयोजित किए गए।
गुरुद्वारा साहिब में गुरु का अटूट लंगर भी बरताया गया। गुरु पर्व की पूर्व संध्या पर गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की ओर से शहर भर में नगर कीर्तन भी निकाला जिसमें सैकड़ों की संख्या में महिलाओं व पुरुषों ने भाग लिया। वहीं, गांव जगदीश पुरा में भव्य नगर कीर्तन निकाला गया। नगर कीर्तन की अगुवाई परंपरागत वेशभूषा में सजे पंज प्यारों ने की। पूरे गांव की गलियों में नगर कीर्तन निकाला गया।
विज्ञापन
हेड ग्रंथी कश्मीर सिंह ने शबद-कीर्तन किया और कहा कि गुरु नानक देव जी ने समाज में फैली कुरीतियों को पुरजोर विरोध किया। गुरुजी ने नाम जपो वंड छको का संदेश दिया। गुरुजी ने समाज में विशेष तौर से महिलाओं को बराबरी का दर्जा दिलाया। उन्होंने संगत को वाहेगुरु का नाम जपने और मिलकर रहने का संदेश दिया।
विज्ञापन
इस दौरान गतका पार्टी तलवारबाजी के करतब भी दिखाए। इस मौके पर प्रधान सुरेंद्र सिंह, कश्मीर सिंह, सुखविंद्र सिंह, रवेल सिंह, सुजान सिंह समेत गांव की संगत मौजूद रही।