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Kaithal News: कुरुक्षेत्र-नरवाना रेल मार्ग पर कैथल में प्रस्तावित एलिवेटेड ट्रैक के निर्माण की जगी आस
Mon, 20 Mar 2023 02:16 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Mon, 20 Mar 2023 02:16 AM IST
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कैथल। कुरुक्षेत्र-नरवाना रेल मार्ग पर कैथल में प्रस्तावित एलिवेटेड ट्रैक के निर्माण को लेकर अब आस जगी है। इसके निर्माण की दिशा में राज्य सरकार ने कार्य शुरू कर दिया है। रेलवे की एजेंसी हरियाणा रेल इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलेपमेंट कॉरपोरेशन (एचआरआईडीसी) ने एलिवेटेड ट्रैक के निर्माण की प्रक्रिया के तहत सर्वे शुरू कर दिया है। इस सर्वे के तहत इस एजेंसी के इंजीनियरों व लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने तीन दिन पहले कैथल रेलवे स्टेशन से लेकर जींद रोड तक रेलवे ओवर ब्रिज तक रेलवे लाइन का दौरा किया है।
एचआरआईडीसी की टीम ने ट्रैक के निर्माण को लेकर संभावनाएं जताई है। अब सर्वे की रिपोर्ट राज्य सरकार को भेजी जाएगी। राज्य सरकार आगे केंद्र को यह रिपोर्ट भेजेगी। यदि सर्वे की यह रिपोर्ट सकारात्मक मिलती तो ऐलिवेटेड ट्रैक के निर्माण की प्रक्रिया विधिवत रूप से शुरू हो जाएगी। अभी तक राज्य सरकार ने इस ट्रैक के निर्माण के लिए कुल 194 करोड़ रुपये का बजट प्रस्तावित किया है। परंतु अब इस ट्रैक के निर्माण में पूरा बजट ही राज्य सरकार लगा सकती है।
2020 में भी किया था सर्वे, अब दोबारा किया जा रहा
गौरतलब है कि इससे पहले भी वर्ष 2020 में इसी एजेंसी ने एलिवेटेड ट्रैक के निर्माण को लेकर सर्वे किया था। परंतु उस समय फिजिबिलिटी को लेकर रिपोर्ट सही नहीं मिल पाई थी। फिर रेलवे बोर्ड ने इसके निर्माण पर संभावनाएं नहीं जताई थी। इसी मुद्दे को लेकर स्थानीय विधायक लीला राम ने विधानसभा सत्र में इसके निर्माण का मुद्दा उठाया था। इसके बाद सरकार ने बजट सत्र में बजट जारी करने के बाद ऐलिवेटेड ट्रैक का निर्माण अपने हाथ में लेने का निर्णय लिया था। बजट जारी होने के एक महीने बाद ही रेलवे की राज्य सरकार की एजेंसी ने इसके निर्माण की संभावनाएं तलाशने के लिए सर्वे शुरू कर दिया है।
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2018 में हुई थी घोषणा-
करनाल रोड पर लघु सचिवालय के समीप स्थित फाटक पर रेलवे ने रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण करना था। परंतु स्थानीय लोगों ने के आरओबी के विरोध करने पर रोष जताया था। इस पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने गत 2018 में इसकी घोषणा की थी।
पहले बनना था चार किलोमीटर का ट्रैक, अब कितना लंबा होगा इस पर संशय
यह रेलवे एलिवेटेड ट्रैक चार किलोमीटर लंबा होने का प्रस्ताव रखा गया था। इस ट्रैक जींद रोड आरओबी से 200 मीटर से आगे शुरू होना था। यह गांव ग्योंग तक बनाया जाना है। अब रेलवे की एजेंसी से मिली जानकारी के अनुसार इसकी रुपरेखा बदली जा सकती है। अब नया प्लान क्या होगा। यह जानकारी तो सर्वे के रिपोर्ट पूरी होने के बाद ही मिल पाएगी। अब यह ट्रैक कितनी किलोमीटर की लंबाई का होगा। इस पर संशय बना है।
कोट
कैथल में रेलवे ऐलिवेटेड ट्रैक के निर्माण को लेकर हरियाणा रेल इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलेपमेंट कॉरपोरेशन की टीम ने दौरा किया है। इसमें उनके आला अधिकारी शामिल थे। उन्होंने ट्रैक के निर्माण को लेकर सर्वे शुरू किया है। सर्वे पूरा होने के बाद रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपी जाएगी। इसके बाद इसके निर्माण की दिशा में कार्य शुरू होगा। - केएस पठानियां कार्यकारी अभियंता लोक निर्माण विभाग
जब भी इस ऐलिवेटेड ट्रैक के निर्माण शुरू होगा। इसकी जानकारी हमें मिलेगी। अब एजेंसी ने सर्वे किया है तो इसके निर्माण की उम्मीद जगी है। - जेके अरोड़ा सीनियर सेक्शन इंजीनियर रेलवे
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एचआरआईडीसी की टीम ने ट्रैक के निर्माण को लेकर संभावनाएं जताई है। अब सर्वे की रिपोर्ट राज्य सरकार को भेजी जाएगी। राज्य सरकार आगे केंद्र को यह रिपोर्ट भेजेगी। यदि सर्वे की यह रिपोर्ट सकारात्मक मिलती तो ऐलिवेटेड ट्रैक के निर्माण की प्रक्रिया विधिवत रूप से शुरू हो जाएगी। अभी तक राज्य सरकार ने इस ट्रैक के निर्माण के लिए कुल 194 करोड़ रुपये का बजट प्रस्तावित किया है। परंतु अब इस ट्रैक के निर्माण में पूरा बजट ही राज्य सरकार लगा सकती है।
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2020 में भी किया था सर्वे, अब दोबारा किया जा रहा
गौरतलब है कि इससे पहले भी वर्ष 2020 में इसी एजेंसी ने एलिवेटेड ट्रैक के निर्माण को लेकर सर्वे किया था। परंतु उस समय फिजिबिलिटी को लेकर रिपोर्ट सही नहीं मिल पाई थी। फिर रेलवे बोर्ड ने इसके निर्माण पर संभावनाएं नहीं जताई थी। इसी मुद्दे को लेकर स्थानीय विधायक लीला राम ने विधानसभा सत्र में इसके निर्माण का मुद्दा उठाया था। इसके बाद सरकार ने बजट सत्र में बजट जारी करने के बाद ऐलिवेटेड ट्रैक का निर्माण अपने हाथ में लेने का निर्णय लिया था। बजट जारी होने के एक महीने बाद ही रेलवे की राज्य सरकार की एजेंसी ने इसके निर्माण की संभावनाएं तलाशने के लिए सर्वे शुरू कर दिया है।
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2018 में हुई थी घोषणा-
करनाल रोड पर लघु सचिवालय के समीप स्थित फाटक पर रेलवे ने रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण करना था। परंतु स्थानीय लोगों ने के आरओबी के विरोध करने पर रोष जताया था। इस पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने गत 2018 में इसकी घोषणा की थी।
पहले बनना था चार किलोमीटर का ट्रैक, अब कितना लंबा होगा इस पर संशय
यह रेलवे एलिवेटेड ट्रैक चार किलोमीटर लंबा होने का प्रस्ताव रखा गया था। इस ट्रैक जींद रोड आरओबी से 200 मीटर से आगे शुरू होना था। यह गांव ग्योंग तक बनाया जाना है। अब रेलवे की एजेंसी से मिली जानकारी के अनुसार इसकी रुपरेखा बदली जा सकती है। अब नया प्लान क्या होगा। यह जानकारी तो सर्वे के रिपोर्ट पूरी होने के बाद ही मिल पाएगी। अब यह ट्रैक कितनी किलोमीटर की लंबाई का होगा। इस पर संशय बना है।
कोट
कैथल में रेलवे ऐलिवेटेड ट्रैक के निर्माण को लेकर हरियाणा रेल इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलेपमेंट कॉरपोरेशन की टीम ने दौरा किया है। इसमें उनके आला अधिकारी शामिल थे। उन्होंने ट्रैक के निर्माण को लेकर सर्वे शुरू किया है। सर्वे पूरा होने के बाद रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपी जाएगी। इसके बाद इसके निर्माण की दिशा में कार्य शुरू होगा। - केएस पठानियां कार्यकारी अभियंता लोक निर्माण विभाग
जब भी इस ऐलिवेटेड ट्रैक के निर्माण शुरू होगा। इसकी जानकारी हमें मिलेगी। अब एजेंसी ने सर्वे किया है तो इसके निर्माण की उम्मीद जगी है। - जेके अरोड़ा सीनियर सेक्शन इंजीनियर रेलवे