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Kaithal News: वर्ष 2023 की बाढ़ में टूटी टो वॉल दो साल बाद भी नहीं बनी
Tue, 08 Jul 2025 12:30 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Tue, 08 Jul 2025 12:30 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला-चीका। साल 2023 में आई बाढ़ के दौरान टूटी बाढ़ रोधी टो वॉल का निर्माण दो साल बीत जाने के बाद भी नहीं करवाया गया। टो वॉल के साथ ही हांसी-बुटाना नहर की दूसरी तरफ की पटरी भी बाढ़ के पानी में बह गई थी। लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों ने पक्के निर्माण की बजाय सिर्फ मिट्टी डालकर लीपापोती कर दी।
नहर की दूसरी तरफ की दीवार को भी अब तक मजबूत नहीं किया गया। प्रशासन की इस लापरवाही से ग्रामीणों में भारी रोष है। टो वॉल और नहर की दीवार के निर्माण की मांग को लेकर ग्रामीणों ने बीकेयू हरियाणा के बैनर तले अधीक्षण अभियंता, पंचकूला को शिकायत पत्र भेजा है।
बीकेयू हरियाणा के उपप्रधान चमकौर सिंह ने शिकायत में बताया कि बाढ़ से टटियाना गांव के पास टो वॉल और नहर की दीवार टूटने से आसपास के कई गांवों में भारी नुकसान हुआ था। बावजूद इसके अधिकारियों ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग ने मजबूत निर्माण की बजाय सिर्फ औपचारिक मरम्मत कर अपनी जिम्मेदारी पूरी कर ली।
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चमकौर सिंह ने चेतावनी दी कि अगर इस बार भी घग्गर में तेज बहाव आया तो नहर की पटरी दोबारा टूट सकती है और बड़े पैमाने पर तबाही मच सकती है। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि सरोला गांव के पास घग्गर नदी और हांसी-बुटाना पुल के साइफन की सही ढंग से सफाई नहीं करवाई गई। पुल में जमी गाद पानी की निकासी में रुकावट डालकर बाढ़ का कारण बन सकती है।
ग्रामीणों ने मांग की कि अधीक्षण अभियंता स्वयं मौके पर आकर स्थिति का जायजा लें और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। ज्ञापन पर गुलजार सिंह, केसर सिंह, जरनैल सिंह, सुरेंद्र सिंह, प्रेम राज, केवल सिंह, लखविंदर सिंह, कंवर सिंह, जसपाल सिंह और जगदीश आदि ग्रामीणों के हस्ताक्षर हैं।
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गुहला-चीका। साल 2023 में आई बाढ़ के दौरान टूटी बाढ़ रोधी टो वॉल का निर्माण दो साल बीत जाने के बाद भी नहीं करवाया गया। टो वॉल के साथ ही हांसी-बुटाना नहर की दूसरी तरफ की पटरी भी बाढ़ के पानी में बह गई थी। लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों ने पक्के निर्माण की बजाय सिर्फ मिट्टी डालकर लीपापोती कर दी।
नहर की दूसरी तरफ की दीवार को भी अब तक मजबूत नहीं किया गया। प्रशासन की इस लापरवाही से ग्रामीणों में भारी रोष है। टो वॉल और नहर की दीवार के निर्माण की मांग को लेकर ग्रामीणों ने बीकेयू हरियाणा के बैनर तले अधीक्षण अभियंता, पंचकूला को शिकायत पत्र भेजा है।
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बीकेयू हरियाणा के उपप्रधान चमकौर सिंह ने शिकायत में बताया कि बाढ़ से टटियाना गांव के पास टो वॉल और नहर की दीवार टूटने से आसपास के कई गांवों में भारी नुकसान हुआ था। बावजूद इसके अधिकारियों ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग ने मजबूत निर्माण की बजाय सिर्फ औपचारिक मरम्मत कर अपनी जिम्मेदारी पूरी कर ली।
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चमकौर सिंह ने चेतावनी दी कि अगर इस बार भी घग्गर में तेज बहाव आया तो नहर की पटरी दोबारा टूट सकती है और बड़े पैमाने पर तबाही मच सकती है। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि सरोला गांव के पास घग्गर नदी और हांसी-बुटाना पुल के साइफन की सही ढंग से सफाई नहीं करवाई गई। पुल में जमी गाद पानी की निकासी में रुकावट डालकर बाढ़ का कारण बन सकती है।
ग्रामीणों ने मांग की कि अधीक्षण अभियंता स्वयं मौके पर आकर स्थिति का जायजा लें और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। ज्ञापन पर गुलजार सिंह, केसर सिंह, जरनैल सिंह, सुरेंद्र सिंह, प्रेम राज, केवल सिंह, लखविंदर सिंह, कंवर सिंह, जसपाल सिंह और जगदीश आदि ग्रामीणों के हस्ताक्षर हैं।